• Sign Up
  • |
  • Sign-In Sign Out
  • |
  • Make us your home
  • |
  • RSS
1 42 Video %>
1 52 News %>
1 57 Photo %>
1 64 Interactives %>
1 69 Leisure %>
1 74 Filmhai %>
1 80 Auto Guide %>
1 141 Dharm and Sahitya %>
1 81 Astro %>
1 179 Jobs %>
SME
 IST 22,  2009  14:30 नवंबर Last Updated :
दुनिया से
रूस के साथ असैन्य परमाणु करार तोड़ेगा अमेरिका
एपी
वाशिंगटन, शुक्रवार, सितंबर 5, 2008
टिप्पणियां:
पढ़ें (0)
जार्जिया पर आक्रमण करने का खामियाजा रूस को भुगतना पड़ सकता है क्योंकि अमेरिकी राष्ट्रपति जार्ज बुश ने इसके लिए एक समय काफी धूमधाम से की गई अमेरिका-रूस असैन्य परमाणु संधि को रद्द करने का संकेत दिया है।

पिछले माह रूस द्वारा अपने पड़ोसी देश जार्जिया पर किए गए हमले के कारण अमेरिका और रूस के बीच रिश्तों में शीत युद्ध जैसी स्थिति पैदा हो गई थी।

बुश प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों ने बताया कि व्हाइट हाउस में रूस के खिलाफ बहुत बड़े सांकेतिक कदम उठाने की बात चल रही है जिस पर अंतिम निर्णय लिया जाना बाकी है। कुछ ही दिनों में इस पर कार्रवाई हो सकती है और अधिकारियों को इस कदम को उठाने के लिए उप राष्ट्रपति डिक चेनी अगले बुधवार तक विदेश के दौरे से लौटने तक इंतजार करने का कोई कारण नजर नहीं आता है।

कैपिटल हिल में किए गए इस समझौते से अमेरिका के हटने का कोई बड़ा प्रभाव नजर नहीं आता क्योंकि इसके राष्ट्रपति बुश के कार्यकाल में मंजूरी मिलने की संभावना नहीं थी।

अमेरिका के इस खुले और पीछे हटने के कदम से रूस और विश्व समुदाय को एक संदेश देने का प्रयास माना जा रहा है कि जार्जिया के खिलाफ पिछले माह उठाए गए कदम को स्वीकार नहीं किया जाएगा और इसका जवाब भी दिया जाएगा।

इस करार के संबंध में बुश को कांग्रेस में एक बयान जारी करना होगा कि रूस के साथ असैन्य परमाणु करार अब देश की राष्ट्रीय सुरक्षा के हित में नहीं रह गया है। भविष्य के राष्ट्रपति इसे उलट भी सकते हैं और इस करार को कांग्रेस के पास दुबारा भेज सकते हैं।

मई में दोनों देशों ने यह संधि की थी और बुश प्रशासन ने इसे उल्लेखनीय कदम बताया था।

इससे अमेरिका द्वारा रूस के साथ परमाणु मुददों पर किए गए सहयोग की एक महत्वपूर्ण नीति से पलटने का संकेत मिलता है।
टिप्पणियां:
पढ़ें (0)
खोजें
 
फोकस
मेघालय के राजभवन में लगभग 50 वर्ष पुराना लोहे का संदूक रहस्य का केंद्र बना हुआ है। कइयों ने इसे खोलने की कोशिश की लेकिन कोई भी सफल नहीं हो सका।