'आईपीआई परियोजना पर जल्द निर्णय ले भारत'
वार्ता
नई दिल्ली,
मंगलवार,
सितंबर 15,
2009
ईरान ने कहा है कि प्रस्तावित ईरान-पाकिस्तान-भारत (आईपीआई) गैस पाइपलाइन परियोजना में भारत अभी भी शामिल हो सकता है लेकिन इस मामले में भारत सरकार को जल्द अंतिम निर्णय लेना चाहिए।
भारत में ईरान के राजदूत सैयद मेहदी नाबजादे ने मंगलवार को कहा, 'हम भारत की सुरक्षा चिंताओं और पाकिस्तान के साथ उसके संबंधों से भलीभांति परिचित हैं, लेकिन इस तरह की परियोजनाएं लंबे समय तक नहीं रुक सकती हैं।' उन्होंने कहा कि चीन इस परियोजना में काफी रुचि दिखा रहा है लेकिन उसके साथ अभी तक इस संबंध में कोई औपचारिक बातचीत नहीं की गई है।
हाल ही में इस तरह की रिपोर्ट आई थी कि भारत को आईपीआई गैस परियोजना से अलग कर दिया गया है और चीन का उसमें शामिल किया जा रहा है। हालांकि बाद में पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री मुरली देवडा ने इन समाचारों का खंडन किया था।
ईरानी राजदूत ने कहा कि ईरान और पाकिस्तान के बीच पाइपलाइन के बारे में समझौता हो चुका है। अब भारत को चाहिए कि वह इस पर जल्द पैसला करे ताकि इस प्रतिष्ठित पाइपलाइन परियोजना पर त्रिपक्षीय समझौता हो सके। उन्होंने माना कि योजना में चीन काफी रुचि दिखा रहा है।
नेबजादे ने कहा कि ईरान के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार उजी अरद की हाल की भारत यात्रा के दौरान दोंनों देशों के गीच अफगानिस्तान की राजनीतिक और सुरक्षा की स्थिति पर विचार विमर्श हुआ। भारत के साथ द्विपक्षीय संबंधों पर उन्होंने कहा कि पिछले कुछ सालों में भारत-ईरान का व्यापार तेजी से बढ़कर 12 अरब डॉलर तक पहंच गया है। उन्होंने उम्मीद जताई कि अगले तीन चार साल में द्विपक्षीय व्यापार दुगुना हो सकता है।