कराची में तालिबानी फतवे का मुंहतोड़ जवाब दिया मॉडलों ने
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस
कराची,
बृहस्पतिवार,
नवंबर 5,
2009
बुर्का के प्रति तालिबान के फतवे को धता बताते हुए बुधवार को शुरू पाकिस्तान फैशन सप्ताह में रैम्प पर उतरी मॉडलों ने बुर्का हटाकर कई आधुनिक परिधान पेश किए। वेबसाइट 'टेलीग्राफ डॉट को डॉट यूके' के मुताबिक आतंकवादियों की हिंसा और सुरक्षा संबंधी चिंताओं के बीच यहां भव्य समारोह के साथ फैशन सप्ताह की शुरुआत हुई।
एक ऐसे देश में जहां महिलाओं का बुर्के में पूरी तरह ढके रहना जरूरी है वहां कराची के श्रेष्ठ डिजाइनरों ने मॉडलों को कंधे और नाभि दिखने वाले वस्त्रों में पेश किया। शो की पहली डिजाइनर सोन्या बाटला ने दृढ़ महिलाओं की भावनाओं को दर्शाने वाला वस्त्र संग्रह प्रस्तुत किया।
बाटला इस तथ्य को मानने से इनकार करती हैं कि उनके बनाए डिजाइनर परिधानों की वजह से देश के रुढ़िवादी इलाकों में महिलाओं को शहर से बाहर निकाल दिया जाएगा या उनकी पत्थर मारकर हत्या कर दी जाएगी। 38 वर्षीय डिजाइनर का कहना है, "मैं बहुत दृढ़ महिला हूं। मैं डरने वाली नहीं हूं और किसी को मुझे जांचने का अधिकार नहीं है।" हाल के दिनों में कई बाजारों, विश्वविद्यालयों, रावलपिंडी के सैन्य मुख्यालयों और लाहौर के पुलिस स्टेशनों पर तालिबान द्वारा किए गए हमले में कम से कम 300 से अधिक लोग मारे गए हैं। इसके बावजूद फैशन शो की शुरुआत हुई है।
डिजाइनर समर मेहंदी कहते हैं, "जीवन चलता रहता है और यह शो जो लोग हमारे जीवन को रोकना चाहते हैं उनसे यह कहने का एक तरीका है कि नहीं, हम तुम्हें ऐसा नहीं करने देंगे।" यह शो पाकिस्तान की आर्थिक राजधानी कराची में भारी सुरक्षा व्यवस्था के बीच मैरियट होटल में चल रहा है।