• Sign Up
  • |
  • Sign-In Sign Out
  • |
  • Make us your home
  • |
  • RSS
1 42 Video %>
1 52 News %>
1 57 Photo %>
1 64 Interactives %>
1 69 Leisure %>
1 74 Filmhai %>
1 80 Auto Guide %>
1 141 Dharm and Sahitya %>
1 81 Astro %>
 IST 4,  2009  01:06 जुलाई Last Updated :
कॉलम
आप कह सकते हैं कि शायद हम उस युग में हैं जिसमें किसी भी समय, कहीं भी, किसी के साथ सेक्स किया जा सकता है।
जहां नौनिहालों का भविष्य सुधारने की बात की जाती है वहीं बुजुर्गों को भी सर्वोपरि रखने की बात की जानी चाहिए...
युवाओं में वोट के लिए उत्साह है, लेकिन उनकी व्यस्तताएं भी हैं। वोट न डालने जाने के उनके तर्क भी कभी-कभी अकाट्य होते हैं।
घटिया खेल राजनीति को इस बार जबर्दस्त धक्का लगा। मैदान से बाहर खेलने वाले 'खिलाड़ियों' को ज्यादा मौका नहीं मिला।
नेताओं को याद रखना होगा कि जनता की आदत है सही फैसला करने की, जिसे वे 'अप्रत्याशित' बताते हैं...
71' के चुनाव में इंदिरा का 'गरीबी हटाओ', 77' के चुनाव में इंदिरा हटाओ, 80' के चुनाव में स्थिरता मुद्दे बने थे।
कुछ छिपे हुए खिलाड़ी भी मैदान में हैं जो अपने भाग्य से 'छींका' टूटने की उम्मीद कर रहे हैं।
अब उस घाव के दर्द को जानने और समझने की ज़रूरत है, जो 1984 से उस समुदाय के सीने में नासूर बनता जा रहा है...
कल तक वरुण गांधी अपना अस्तित्व ढूंढ़ रहे थे। आज वह कह रहे हैं कि 'डिमांड' बढ़ गई है...
क्या एक बाप की मर्यादा और बेटी के स्वाभाविक सहारे को छिन्न-भिन्न कर देने के लिए कोई सज़ा नहीं होनी चाहिए...?
पृष्ठ:
1
2
3
4
5
ब्लॉग्स
अगर भारत के युवाओं से ये पूछा जाए, कि आप क्या बनना चाहते हो तो अधिकतर का जवाब ये ही होगा कि मैं एक डॉक्टर, इंजीनियर या एक अच्छा बिजनेस मैन बनना चाहता ...
महारानी बाग से नोएडा के लिए बस का इंतज़ार कर रहा था। आज इतवार होने की वजह से समस्या आ रही थी। इतने में डीटीसी की बस में ही सवार हो गया। डीटीसी बस का नोएडा ...
मैसेज बोर्ड
खोजें
फोकस
लोकसभा में शुक्रवार को पेश रेल बजट 2009-10 की प्रमुख विशेषताएं...