जहानाबाद उपचुनाव: JDU का यू टर्न, अब अभिराम शर्मा को बनाया उम्मीदवार

बिहार में अररिया लोकसभा और जहानाबाद और भभुआ विधानसभा सीट के लिए आगामी 11 मार्च को होने वाले उपचुनाव में पूर्व में अपना उम्मीदवार नहीं उतारने का मन बना चुके जदयू ने अपना इरादा बदलते हुए जहानाबाद से अभिराम शर्मा को उम्मीदवार घोषित किया है.

जहानाबाद उपचुनाव: JDU का यू टर्न, अब अभिराम शर्मा को बनाया उम्मीदवार

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार (फाइल फोटो)

खास बातें

  • JDU ने अभिराम शर्मा को बनाया उम्मीदवार
  • जहानाबाद उपचुनाव के लिए बनाया उम्मीदवार
  • 11 मार्च को होने वाला है उपचुनाव
पटना:

बिहार में अररिया लोकसभा और जहानाबाद और भभुआ विधानसभा सीट के लिए आगामी 11 मार्च को होने वाले उपचुनाव में पूर्व में अपना उम्मीदवार नहीं उतारने का मन बना चुके जदयू ने अपना इरादा बदलते हुए जहानाबाद से अभिराम शर्मा को उम्मीदवार घोषित किया है. बिहार के अररिया लोकसभा सीट से राजद सांसद रहे मोहम्मद तस्लीमुद्दीन, जहानाबाद विधानसभा क्षेत्र से राजद विधायक मुंद्रिका सिंह यादव और भभुआ विधानसभा क्षेत्र से भाजपा विधायक आनंद भूषण पांडेय के निधन के बाद इन सीटों के रिक्त होने पर कल चुनाव आयोग द्वारा इन सीटों पर आगामी 11 मार्च को उपचुनाव की घोषणा की गयी है. 

यह भी पढ़ें: जीतनराम मांझी का CM नीतीश पर हमला, बोले- मुझे सिर्फ नाम के लिए मुख्यमंत्री बनाया था

जदयू के प्रदेश अध्यक्ष वशिष्ठ नारायण सिंह ने जहानाबाद से अपनी पार्टी द्वारा अभिराम शर्मा को उम्मीदवार बनाए जाने की घोषणा करते हुए कहा कि पूर्व में हमने कहा कि इस उपचुनाव में जदयू का प्रत्याशी नहीं खड़ा करेंगे. उन्होंने कहा कि इसके लिए उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी तथा उनकी पार्टी भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष नित्यानंद राय ने पार्टी अध्यक्ष नीतीश कुमार से आग्रह किया था कि जहानाबाद सीट से जदयू का प्रत्याशी खड़ा होना चाहिए. गठबंधन की दृष्टिकोण से और सरकार में हम साथ काम कर रहे हैं, इसलिए उनके आग्रह पर विचार किया और जहानाबाद से प्रत्याशी को चुनाव मैदान में उतारा. इस उपचुनाव में अपना उम्मीदवार नहीं उतारे जाने की घोषणा में यकायक बदलाव के बारे में पूछे जाने पर वशिष्ठ ने कहा कि राजनीति में व्यवहारिक दृष्टिकोण और परिस्थितियों से भी बाध्य होकर फैसला लेना पड़ता है, इसलिए यह फैसला लिया. 

यह भी पढ़ें: पटना में लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन को कहना पड़ा, 'ये बिहार विधानसभा नहीं है'

इस दल के प्रमुख और केंद्रीय मानव संसाधन राज्य मंत्री उपेंद्र कुशवाहा को मना लिए जाने और उनके प्रचार में साथ होने के बारे में पूछे जाने पर वशिष्ठ ने कहा कि नामांकन के बाद साथ प्रचार करने को लेकर निर्णय लिए जाएंगे. इस बीच कुशवाहा से जहानाबाद सीट को लेकर पूछे जाने पर उन्होंने पत्रकारों को बताया कि कोई असहज और खींचतान नहीं. सबकुछ सहज है. आपस में बातचीत के बाद मीडिया को बताया जायेगा.  इस तीनों सीटों पर उपचुनाव की घोषणा के बाद गत 10 फरवरी को सत्ताधारी दल जदयू को छोडकर राजद में शामिल हुए तस्लीमुद्दीन के पुत्र सरफराज आलम को अररिया से राजद द्वारा उम्मीदवार बनाए जाने की प्रबल संभावना व्यक्त की जा रही है. 

Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com


VIDEO: बिहार में साल 2020 में ही होंगे चुनाव: सीएम नीतीश
वहीं, भभुआ से राजद के साथ महागठबंधन में शामिल कांग्रेस के तथा जहानाबाद से राजद द्वारा अपने उम्मीदवार खडा किए जाने की चर्चा है.