नीतीश कुमार ने लालू यादव पर लगाया जादू-टोना कराने का आरोप तो RJD प्रमुख ने Tweet कर दिया यह जवाब...

राबड़ी देवी (Rabri Devi) ने कहा कि वह तथाकथित भूत नीतीश कुमार (Nitish Kumar) ही हैं. राबड़ी देवी ने ट्वीट किया, 'गरीबों के खेवनहार जब 2005 में सीएम आवास से निकले थे तब उसमें एक भूत घुसा था.'

नीतीश कुमार ने लालू यादव पर लगाया जादू-टोना कराने का आरोप तो RJD प्रमुख ने Tweet कर दिया यह जवाब...

बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और राजद प्रमुख लालू यादव. (फाइल फोटो)

खास बातें

  • नीतीश कुमार के बयान पर लालू यादव और राबड़ी देवी का पलटवार
  • 'लालू जब 2005 में CM आवास से निकले थे तब उसमें भूत घुसा था'
  • 'इस बार जनता कसके वोट की झाड़-फूंक से सारे भूत-प्रेत छुड़ा देगी'
नई दिल्ली:

बिहार में नए साल पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार (Nitish Kumar) के अनौपचारिक बातचीत ने विवाद खड़ा कर दिया है. साल के पहले दिन नीतीश कुमार ने मुख्यमंत्री आवास (1, अणे मार्ग) का ज़िक्र करते हुए कहा कि जब लालू-राबड़ी यहां से दूसरे घर में शिफ्ट हुए थे तब जादू-टोना करने के बहाने जगह-जगह पुरिया छोड़ दिया था. नीतीश के अनुसार इसके बाद लालू यादव ने मजाक-मजाक में खुद भी यह माना था कि उन्होंने ये सब किया था. अब इसे लेकर राजद प्रमुख लालू यादव और उनकी पत्नी राबड़ी देवी ने नीतीश कुमार पर पलटवार किया है. राबड़ी देवी ने कहा कि वह तथाकथित भूत नीतीश कुमार ही हैं. राबड़ी देवी ने ट्वीट किया, 'गरीबों के खेवनहार जब 2005 में सीएम आवास से निकले थे तब उसमें एक भूत घुसा था.' उन्होंने आगे लिखा, '15 वर्ष बाद भी नीतीश जी आवास में सुबह-2 आइना देखते हैं तो उन्हें भूत ही नजर आता है.' 
 


इस बयान पर राबड़ी देवी की तीखी टिप्पणी के बाद लालू प्रसाद की प्रतिक्रिया भी देखने को मिली. लालू प्रसाद ने राबड़ी  देवी के ट्वीट को रिट्वीट करते हुए कहा, 'इस बार जनता कसके वोट की झाड़-फूंक से इनके सारे भूत-प्रेत छुड़ा देगी.'
लालू प्रसाद ने कहा कि नीतीश कुमार असली मुद्दों से भटकाने के लिए ऐसे बयान दे रहे हैं. उन्होंने लिखा, 'विकराल बेरोजगारी, महंगाई, ध्वस्त विधि व्यवस्था, बदहाल शिक्षा व्यवस्था और घूसखोरी' जैसे मुद्दों पर बात नहीं करके जनता को भ्रमित करने के लिए भुतही बातें की जार ही हैं.

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बता दें कि एक दिन पहले नीतीश कुमार के बयान पर जवाब देने का ज़िम्मा राजद के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष शिवानंद तिवारी ने उठाया था. उन्होंने कहा कि लालूजी ने एक मर्तबा मुझे बताया था कि पटना के दरभंगा हाउस के काली मंदिर में नीतीश कुमार ने मारक पूजा करवाया था. यह पूजा लालू यादव को लक्ष्य करके कराया गया था. वहां के पुजारी ने सुन लिया कि यह पूजा लालू जी को नुक़सान पहुंचाने के लिए कराया जा रहा है. उस पुजारी ने इसकी जानकारी लालू जी को पहुंचा दी. शायद लालूजी की ओर से भी उसके लिए इंतज़ाम किया गया था. चुकी मुझे इन चीजों पर विश्वास नहीं है, इसलिए यह बात मेरे स्मृति से उतर गई थी. नीतीश जी की भूत वाली बात से यह कहानी अचानक स्मरण में आ गई.

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शिवानंद के बयान के बाद अब इस पूरे विवाद में बिहार के उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी भी कूद गए. उन्होंने कहा कि नया साल बिहार के लिए विधानसभा चुनाव का वर्ष है, इसलिए सभी नागरिकों को हर तरह के दुष्प्रचार, अफवाह, तथ्यहीन बयानबाजी और अंधविश्वास में भरोसा करने वालों से लगातार सावधान रहने की जरूरत है. सुशील मोदी ने कहा कि बिहार में 15 साल राज करने वाले लालू प्रसाद को जब जनता ने सत्ता से बाहर किया था, तब काफी दिनों तक उन्होंने मुख्यमंत्री आवास नहीं छोड़ा और नीतीश कुमार को सर्किट हाउस से सरकार चलानी पड़ी थी. जाते समय लालू प्रसाद मिट्टी तक ले गए थे. भूत-प्रेत और तंत्र-मंत्र को मानने वाले लालू प्रसाद ने बाद में एक तांत्रिक को पार्टी का उपाध्यक्ष तक बना दिया था. जिन्हें जनता पर भरोसा नहीं, वे राज्य का भला क्या करेंगे?