NDTV Khabar

सामूहिक दुष्कर्म मामला: एनएचआरसी का बिहार सरकार को नोटिस,एनसीडब्ल्यू ने जांच के लिए समित गठित की

Muzaffarpur Gangrape Case: राष्ट्रीय महिला आयोग (एनसीडब्ल्यू) ने मामले की जांच के लिए एक समिति गठित की है. मुजफ्फरपुर बालिका गृह में रह चुकी इस लड़की से पिछले सप्ताह पश्चिम चम्पारण के बेतिया शहर में एक चलती कार में चार आरोपियों ने सामूहिक दुष्कर्म किया था.

 Share
ईमेल करें
टिप्पणियां
सामूहिक दुष्कर्म मामला: एनएचआरसी का बिहार सरकार को नोटिस,एनसीडब्ल्यू ने जांच के लिए समित गठित की

नीतीश कुमार सरकार को मिला नोटिस

नई दिल्ली:

राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने मुजफ्फरपुर बालिका गृह में रह चुकी एक लड़की से चलती कार में हुए कथित सामूहिक बलात्कार के मामले में सोमवार को बिहार सरकार और राज्य के पुलिस महानिदेशक को नोटिस जारी किया. साथ ही, राष्ट्रीय महिला आयोग (एनसीडब्ल्यू) ने मामले की जांच के लिए एक समिति गठित की है. मुजफ्फरपुर बालिका गृह में रह चुकी इस लड़की से पिछले सप्ताह पश्चिम चम्पारण के बेतिया शहर में एक चलती कार में चार आरोपियों ने सामूहिक दुष्कर्म किया था. बता दें कि इस बालिका गृह में रहने वाली कई लड़कियों का लंबे यौन उत्पीड़न किया गया था. एनएचआरसी ने कहा कि यदि इस घटना के बारे में आई खबरें सही हैं तो यह पीड़िता के मानवाधिकारों का हनन है, जो दो बार आपराधिक प्रवृत्ति का शिकार बनी और पुलिस द्वारा आरोपियों को गिरफ्तार किया जाना अब भी बाकी है.

होटल में ले जाकर नाबालिग के साथ किया गैंगरेप, दो आरोपी गिरफ्तार एक अब भी फरार


आयोग ने राज्य के मुख्य सचिव और डीजीपी को नोटिस जारी कर चार हफ्तों में विस्तृत रिपोर्ट मांगी. साथ ही, पुलिस द्वारा दर्ज प्राथमिकी पर स्थिति रिपोर्ट भी मांगी. एनएचआरसी के एक बयान के मुताबिक आयोग ने राज्य प्रशासन को पीड़िता को उपयुक्त काउंसलिंग एवं मेडिकल सहायता देने का भी निर्देश दिया, ताकि वह इस सदमे से उबर सके. इसने कहा कि बलात्कार पीड़िता राज्य सरकार की बेपरवाही की पीड़ित बन गई है. आयोग ने कहा कि लड़की को दो बार (रेप का) शिकार बनाया जाना बिहार में अराजकता का संकेत देता है. अपराधी कानून से बेखौफ खुल कर अपनी इच्छानुसार जघन्य अपराधों को अंजाम दे रहे हैं.

हरियाणा के जींद में युवती को बंधक बनाकर गैंगरेप, मामला दर्ज कर आरोपियों की तलाश जारी 

वहीं, राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष रेखा शर्मा के नेतृत्व वाली समिति 19-20 सितम्बर को बिहार का दौरा करेगी और पीड़िता, पुलिस महानिदेशक और संभवत: बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मुलाकात करेगी. शर्मा ने ट्वीट किया कि 21 बिहार से हमारे सदस्य नियमित दौरे करते हैं और उन्होंने महिलाओं के खिलाफ बढ़ते अपराध के मामलों को उठाया है लेकिन चीजों में सुधार होता प्रतीत नहीं हो रहा है. मैं सभी मामलों पर निजी तौर पर बिहार के डीजीपी से और संभव हुआ तो बिहार के मुख्यमंत्री के साथ भी चर्चा करूंगी. उन्होंने कहा कि वह पहले से पीड़िता है, उसकी मदद करने के बजाय उसे इस सब से गुजरना पड़ा.

टिप्पणियां

मुंबई गैंगरेप: आरोपियों की अभी तक गिरफ्तारी नहीं होने से नाराज NCP ने निकाला मोर्चा

आयोग ने बिहार के पुलिस प्रमुख को नोटिस जारी कर मामले को प्राथमिकता देने और जांच को तेजी से पूरा करने को कहा है. मुजफ्फरपुर आश्रयगृह 2018 में मीडिया की सुर्खियों में आया था, जब एक सोशल ऑडिट में यह बात सामने आयी थी कि एक एनजीओ द्वारा संचालित सरकारी सहायता प्राप्त बालिका गृह में 30 से अधिक लड़कियों से कथित तौर पर बलात्कार किया गया. पुलिस ने कहा कि लड़की ने बिहार के बेतिया नगर पुलिस थाने में दर्ज कराई गई अपनी शिकायत में कहा है कि चार लागों ने उसे जबर्दस्ती उस समय अपने वाहन में खींच लिया, जब वह क्षेत्र से गुजर रही थी और उससे वाहन में बलात्कार किया. हालांकि, पश्चिमी चंपारण(बिहार) जिले के पुलिस अधीक्षक जयंतकांत ने बताया कि मामले में आयी मेडिकल जांच रिपोर्ट में पीड़िता को किसी बाहरी और अंदरूनी जख्म की पुष्टि नहीं हुई है.



Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक पर लाइक और ट्विटर पर फॉलो करें.


Advertisement