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अमृतसर रेल हादसा : केंद्रीय रेल राज्य मंत्री मनोज सिन्हा ने कहा, इसमें रेलवे की कोई गलती नहीं

अमृतसर रेल हादसे पर केंद्रीय रेल राज्य मंत्री मनोज सिन्हा का कहना है कि अमृतसर की घटना में रेलवे की कोई ग़लती नहीं है.

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अमृतसर रेल हादसा : केंद्रीय रेल राज्य मंत्री मनोज सिन्हा ने कहा, इसमें रेलवे की कोई गलती नहीं

रेल राज्य मंत्री मनोज सिन्हा (फाइल फोटो).

खास बातें

  1. अमृतसर रेल हादसे पर बोले केंद्रीय रेल राज्य मंत्री मनोज सिन्हा
  2. 'इसमें रेलवे की कोई गलती नहीं'
  3. आयोजन में प्रशासन की अनुमति ली जानी चाहिए थी
पटना:

अमृतसर रेल हादसे पर केंद्रीय रेल राज्य मंत्री मनोज सिन्हा का कहना है कि अमृतसर की घटना में रेलवे की कोई ग़लती नहीं है. इस तरह के आयोजन में प्रशासन की अनुमति ली जानी चाहिए, जो नहीं ली गयी. अगर किसी को रेलवे ट्रैक के आस-पास कोई कार्यक्रम करना होता है, तो पहले रेलवे प्रशासन को सूचना दी जानी चाहिए, लेकिन इस कार्यक्रम की सूचना नहीं दी गई. मनोज सिन्हा ने कहा कि वहां के आयुक्त का कहना है कि उक्त कार्यक्रम की कोई अनुमति नहीं दी गई थी. अमृतसर में दशहरे के दिन ‘रावण दहन' के दौरान ट्रेन की चपेट में आकर 62 लोगों की मौत हो गई थी और 70 लोग घायल हो गए थे.

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पटना जंक्शन पर नवनिर्मित दो एस्केलेटरों का सोमवार को उद्घाटन करने के बाद पत्रकारों से बातचीत में सिन्हा ने अमृतसर हादसे के बारे में कहा कि वहां के आयुक्त ने बयान दिया है कि उन्होंने कार्यक्रम की कोई अनुमति नहीं दी थी. इस अवसर पर मौजूद केंद्रीय सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गिरीराज सिंह ने उक्त हादसे पर पंजाब के मंत्री नवजीत सिंह सिद्धू के बयान पर कहा कि उनकी बातों पर कौन भरोसा करेगा जो कि पाकिस्तान जाकर आतंकियों को पालने वालों से गले मिलते हैं.


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उन्होंने कहा कि राज्य सरकार से अनुमति लिए बिना आयोजित कार्यक्रम में जिनकी पत्नी भाग लेती हैं वे उक्त हादसे के लिए रेलवे को दोष देते हैं. रेल राज्य मंत्री ने पटना जंक्शन पर दो एस्केलेटरों के उद्घाटन के साथ ही बड़हिया स्टेशन पर प्लेटफार्म के विस्तारीकरण का शिलान्‍यास एवं शौचालय का उद्घाटन, बाढ़, हाथीदह, बंशीपुर एवं मनकठा स्टेशनों पर पैदल उपरिगामी पुल (एफओबी) के निर्माण का शिलान्‍यास, पटना-झाझा रेलखंड के हॉल्‍ट स्‍टेशनों के प्‍लेटफॉर्म सरफेस तथा शेड के निर्माण का शिलान्‍यास तथा किउल-गया विद्युतीकृत रेलखण्ड का उद्घाटन तथा इस विद्युतीकृत रेलखण्ड पर मेमू ट्रेन के परिचालन का शुभारम्भ, बड़हिया, बाढ, हाथीदह, बंशीपुर, मनकठा, किउल एवं नवादा में कई यात्री सुविधाओं का शिलान्‍यास एवं उद्घाटन किया.

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उन्होंने रेलवे के अलावा संचार मंत्रालय से जुड़े कई कार्यों का भी उद्घाटन अथवा शिलान्‍यास किया. इनमें नवादा जिले में स्थित पुनर्निर्मित कौआकोल एवं रजौली उप-डाकघर भवन, नवादा डाकघर अतिथिगृह का उद्घाटन तथा राजहट उप-डाकघर का शिलान्‍यास शामिल हैं. सिन्हा ने इसके साथ ही पटना के आर. ब्‍लॉक स्थित पोस्‍टल रिक्रियेशन क्‍लब का ‘भारत रत्‍न मदन मोहन मालवीय डाक सांस्‍कृतिक केन्‍द्र' के रूप में नामकरण तथा ‘भारत रत्‍न मदन मोहन मालवीय डाक सांस्‍कृतिक केन्‍द्र'' का स्‍पेशल कवर भी जारी किया.
(इनपुट भाषा से)



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