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बिहार BJP में नित्यानंद राय के उत्तराधिकारी को लेकर मंथन, अध्यक्ष पद की दौड़ में ये कद्दावर नेता शामिल

बिहार बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष नित्यानंद राय (Nityanand Rai) को केंद्रीय मंत्रिमंडल में भी स्थान मिल गया है. अब पार्टी राज्य में नए अध्यक्ष की नियुक्ति के लिए माथापच्ची कर रही है.

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बिहार BJP में नित्यानंद राय के उत्तराधिकारी को लेकर मंथन, अध्यक्ष पद की दौड़ में ये कद्दावर नेता शामिल

बिहार बीजेपी अध्यक्ष की रेस में राधामोहन सिंह, राजीव प्रताप रूड़ी और राम कृपाल यादव शामिल हैं.

खास बातें

  1. बिहार बीजेपी में अध्यक्ष को लेकर मंथन जारी
  2. मौजूदा अध्यक्ष नित्यानंद राय बने चुके हैं मंत्री
  3. कई कद्दावर नेता दौड़ में शामिल हैं
नई दिल्ली :

लोकसभा चुनाव में बीजेपी ने बिहार में शानदार प्रदर्शन किया. बिहार बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष नित्यानंद राय (Nityanand Rai) को केंद्रीय मंत्रिमंडल में भी स्थान मिल गया है. अब पार्टी राज्य में नए अध्यक्ष की नियुक्ति के लिए माथापच्ची कर रही है. कई नामों को लेकर मंथन जारी है. कहा जा रहा है कि अगले साल बिहार में होने वाले विधानसभा चुनाव को देखते हुए नेतृत्वकर्ता के रूप में दमदार चेहरे की खोज की जा रही है. भाजपा नए नेतृत्व के जरिये बिहार में सामाजिक समीकरणों को भी साधने की भी कोशिश करेगी. आपको बता दें कि पिछले लोकसभा चुनाव की तुलना में इस चुनाव में भाजपा को न केवल करीब ढाई प्रतिशत ज्यादा मत मिले, बल्कि पार्टी का स्ट्राइक रेट भी 100 प्रतिशत रहा. राजग में भाजपा ने अपने हिस्से की सभी 17 सीटों पर जीत हासिल की.  

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भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष नित्यानंद राय (Nityanand Rai) दूसरी बार उजियारपुर संसदीय क्षेत्र से जीत हासिल की. इस चुनाव में राय ने राष्ट्रीय लोक समता पार्टी (रालोसपा) के अध्यक्ष उपेंद्र कुशवाहा को पराजित किया, जिसका पुरस्कार भी उन्हें केंद्र में पहली बार मंत्री बनाकर पार्टी ने दिया. नित्यानंद राय के मंत्री बनने के बाद यह तय है कि वे अब अध्यक्ष पद छोड़ेंगे. राय ने हालांकि अब तक औपचारिक रूप से अपने प्रदेश अध्यक्ष पद से इस्तीफा नहीं दिया है. लोकसभा चुनाव परिणाम के आंकड़ों पर गौर करें तो इस चुनाव में भाजपा को दलितों, पिछड़ों व अल्पसंख्यकों का भी साथ मिला है. सूत्रों का दावा है कि इस बार चुनाव जीतने और केंद्र में मंत्री नहीं बनने वाले पूर्व मंत्री राजीव प्रताप रूड़ी, जनार्दन सिंह सिग्रीवाल, संजय जायसवाल जैसे दिग्गज सांसदों में से किसी एक को भी यहां के शीर्ष पद की जिम्मेवारी सौंपी जा सकती है.  

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सूत्रों का कहना है कि झारखंड में पार्टी के संगठन मंत्री का दायित्व संभल चुके और बिहार के प्रदेश मंत्री राजेंद्र सिंह को भी पार्टी प्रदेश अध्यक्ष का दायित्व सौंप सकता है. भाजपा के एक नेता ने नाम नहीं प्रकाशित करने की शर्त पर कहते हैं कि पिछली बार जिन दो केंद्रीय मंत्रियों रामकृपाल यादव और राधामोहन सिंह को इस मंत्रिमंडल में स्थान नहीं दिया गया है, उन्हें भी यह जिम्मेवारी सौंपी जा सकती है. उनका कहना है कि नित्यानंद राय की जगह पर जातीय समीकरण दुरुस्त करने के लिए उसी जाति के रामकृपाल यादव को यह जिम्मेवारी सौंपी जा सकती है. (इनपुट- IANS) 

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