NDTV Khabar

उबाल मार रही है 'सियासी खीर'? अब कानून-व्यवस्था पर उपेंद्र कुशवाहा ने नीतीश कुमार को घेरा

इससे पहले उपेंद्र कुशवाहा ने कहा था कि नीतीश कुमार को 2020 में चौथे कार्यकाल के लिए स्वैच्छिक रूप से अपनी दावेदारी छोड़ देनी चाहिए.

 Share
ईमेल करें
टिप्पणियां
उबाल मार रही है 'सियासी खीर'? अब कानून-व्यवस्था पर उपेंद्र कुशवाहा ने नीतीश कुमार को घेरा

उपेंद्र कुशावाहा, नीतीश कुमार पर पहले ही निशाना साध चुके हैं.

पटना:

केंद्रीय मंत्री और राष्ट्रीय लोकसमता पार्टी (रालोसपा) के अध्यक्ष उपेंद्र कुशवाहा  ने एक बार फिर बिहार में कानून एवं व्यवस्था को लेकर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि बिहार में अराजकता फैली है और अपराधियों के मन से शासन, प्रशासन के प्रति भय निकल गया है. हाजीपुर में पूर्व वार्ड पार्षद प्रत्याशी संजीव श्रीवास्तव की हत्या के बाद मंगलवार को पीड़ित परिवार से यहां मिलने पहुंचे कुशवाहा ने इस घटना की निंदा करते हुए इस मामले की उच्चस्तरीय जांच की मांग की. राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के घटक दल में शामिल रालोसपा के अध्यक्ष ने कहा,"बिहार में लगातार हो रही ऐसी घटनाएं शासन, प्रशासन के लिए चुनौती जैसी हैं. राज्य में अपराधियों के मन से शासन के प्रति भय निकल गया है. ऐसे मामलों में मुख्यमंत्री को भी संज्ञान लेना चाहिए." उल्लेखनीय है कि वैशाली जिले के नगर थाना क्षेत्र में रविवार को अपराधियों ने नगर परिषद के पूर्व वार्ड प्रत्याशी संजीव कुमार श्रीवास्तव की गोली मारकर हत्या कर दी थी. गौरतलब है कि इसके पहले भी कुशवाहा बिहार की कानून एवं व्यवस्था और शिक्षा व्यवस्था को लेकर सरकार पर निशाना साधते रहे हैं.

लोकसभा चुनाव 2019: अगर ऐसा हुआ तो उपेंद्र कुशवाहा 'यदुवंशी के दूध और कुशवंशी के चावल' से सियासी खीर पका सकते हैं


इससे पहले उपेंद्र कुशवाहा ने कहा था कि नीतीश कुमार को 2020 में चौथे कार्यकाल के लिए स्वैच्छिक रूप से अपनी दावेदारी छोड़ देनी चाहिए. उन्होंने एक समाचार चैनल को दिए साक्षात्कार में कहा कि नीतीश करीब 15 सालों से मुख्यमंत्री पद पर हैं और समय आ गया है कि वह किसी और को मौका देने पर विचार करें. कुशवाहा ने कहा कि बिहार के शासन की बागडोर संभाले नीतीश को करीब 15 साल हो गए हैं. यह किसी नेता के लिए अपनी क्षमता साबित करने के लिए काफी लंबा समय होता है. मुझे लगता है कि उन्हें अब खुद ही एक और कार्यकाल की अपनी दावेदारी छोड़ देनी चाहिए. 

हाजीपुर में उपेंद्र कुशवाहा की पार्टी के नेता की हत्या, सहयोगी पार्टी JDU विधायक पर FIR दर्ज

गौरतलब है कि कुछ दिन पहले ही उपेंद्र कुशवाहा का 'खीर' वाला बयान काफी चर्चा में रहा है. उन्होंने कहा था, 'यदुवंशी का दूध, और कुशवंशी का चावल मिल जाये तो खीर बढ़िया होगी'. उनके इस बयान के बाद से बिहार से लेकर दिल्ली तक कई तरह के मायने निकाले जाने शुरू हो गये थे. कुशवाहा के इस बयान के बाद आरजेडी नेता तेजस्वी यादव ने भी प्रतिक्रिया देने में देर नहीं लगाई. तेजस्वी ने कहा, 'नि:संदेह उपेन्द्र जी, स्वादिष्ट और पौष्टिक खीर श्रमशील लोगों की ज़रूरत है. पंचमेवा के स्वास्थ्यवर्धक गुण ना केवल शरीर बल्कि स्वस्थ समतामूलक समाज के निर्माण में भी ऊर्जा देते हैं. प्रेमभाव से बनाई गई खीर में पौष्टिकता, स्वाद और ऊर्जा की भरपूर मात्रा होती है. यह एक अच्छा व्यंजन है.' 

टिप्पणियां

सीट बंटवारे पर बोले उपेंद्र कुशवाहा: एनडीए में ही कुछ लोग नहीं चाहते कि मोदी जी फिर से प्रधानमंत्री बनें

हालांकि बाद में उपेंद्र कुशवाहा ने अपने इस बयान पर सफाई दी है. उन्होंने कहा कि   सामाजिक एकता की बात की थी, इसे किसी समुदाय विशेष न जोड़ा जाए. कुशवाहा ने कहा, 'न तो आरजेडी का दूध मांगा है, न बीजेपी की चीनी.
रणनीति: बिहारी खीर, सियासी उबाल!​

इनपुट : आईएनएस से भी



NDTV.in पर विधानसभा चुनाव 2019 (Assembly Elections 2019) के तहत हरियाणा (Haryana) एवं महाराष्ट्र (Maharashtra) में होने जा रहे चुनाव से जुड़ी ताज़ातरीन ख़बरें (Election News in Hindi), LIVE TV कवरेज, वीडियो, फोटो गैलरी तथा अन्य हिन्दी अपडेट (Hindi News) हासिल करने के लिए हमें फेसबुक पर लाइक और ट्विटर पर फॉलो करें.


Advertisement