योगी जी अपने मंत्रियों से कहिए लोक पत्र देखा करें

उनके पत्रों में न तो इस हिंसा पर कुछ होता है और न ही सांप्रदायिकता के खिलाफ. जैसा कि मैंने कई बार कहा है कि मुझे सांप्रदायिक नौजवानों के बीच न तो लोकप्रिय होना है और न ही उनकी पसंद नापसंद की परवाह करनी है.

योगी जी अपने मंत्रियों से कहिए लोक पत्र देखा करें

योगी आदित्नाथ और उनकी सरकार के मंत्रियों को आम लोगों के पत्र देखने चाहिए

नई दिल्ली:

2014 के बाद मीडिया ने समस्याओं का व्यक्तिगत रूप समाप्त कर दिया. सामूहिक रूप भी. सिर्फ थीम और थ्योरी से मेल खाने वाले बहस के मुद्दे ही हावी रहे. इस कारण आम आदमी की समस्या और मीडिया के बीच एक मोटी दीवार खड़ी हो गई. दूसरा पक्ष यह है कि यह हमारे नौजवानों के एक बड़े वर्ग का भी चेहरा पेश करता है. देश की यूनिवर्सिटी में इतना कुछ हो रहा है लेकिन वे सिर्फ अपनी नौकरी को लेकर परेशान हैं. उनके पत्रों में न तो इस हिंसा पर कुछ होता है और न ही सांप्रदायिकता के खिलाफ. जैसा कि मैंने कई बार कहा है कि मुझे सांप्रदायिक नौजवानों के बीच न तो लोकप्रिय होना है और न ही उनकी पसंद नापसंद की परवाह करनी है. यह बात मुझे बहुत दुख देती है कि ये किस टाइप के नौजवान हैं. आखिर सांप्रदायिकता घोंट कर पी जाने से भी इन्हें क्या मिला. इतना लिखने के बाद भी कोई नहीं कहता कि हम सांप्रदायिक थे, मगर इसके झांसे से निकल रहे हैं. निकला नहीं जा रहा है, आप मदद कीजिए. या किसी को बुरा भी नहीं लगता कि हम सांप्रदायिक नहीं हैं, आपने ऐसा क्यों लिखा. तब मैं पूछता कि फिर यूनिवर्सिटी हिंसा को लेकर इस पत्र में एक पंक्ति क्यों नहीं है. अगर आप हिंसा के समर्थन में हैं तो वही लिखिए. कम से कम आपकी ईमानदारी तो झलकेगी.

जो भी है मैं चाहूंगा कि यूपी की सरकार इनकी समस्या पर ध्यान दे और मुझे इनके अनगिनत पत्रों से मुक्त करे.

रवीश सर,
सादर नमस्कार

सर्व प्रथम आपको रेमन मैग्सेसे पुरस्कार से सम्मानित किए जाने के लिए बधाई हम सभी अभ्यर्थियों की ओर से नववर्ष की हार्दिक शुभकामनाएं.

विषय- उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग द्वारा आयोजित ग्राम पंचायत अधिकारी/ग्राम विकास अधिकारी भर्ती 2018 के अभिलेख परीक्षण से संबंधित.

श्रीमान जी आपको अवगत कराना चाहता हूं कि ग्राम पंचायत अधिकारी/ग्राम विकास अधिकारी की भर्ती परीक्षा 2018 में संपन्न हुई. 8 माह बाद अगस्त में अंतिम परिणाम भी आ गया. परिणाम को आए 5 माह हो गया. हम लोग 3 बार धरना भी दे चुके कोई कार्यवाही नहीं हुई. आश्वासन देकर भेज दिया जाता था. लेकिन आज तक अभिलेख परीक्षण नहीं हुआ.

आपसे निवेदन है कि हम सब गरीब छात्रों का दर्द अपने न्यूज़ चैनल के प्राइम टाइम के माध्यम से सरकार व उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग तक पहुंचाने का कष्ट करें.

हम सभी अभ्यर्थी आपके हमेशा आभारी रहेंगे.

धन्यवाद.

Newsbeep

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