पिता चलाते हैं दुकान, कश्मीर के दो जुड़वां भाइयों ने NEET की परीक्षा में किया कमाल, हासिल किए इतने नंबर

NEET Result 2020: कहते हैं कि ईमानदारी और लगन से मेहनत करने वाले को कामयाबी जरूर मिलती है. जम्मू और कश्मीर के दो जुड़वां भाइयों ने भी अपनी मेहनत के दम पर एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है.

पिता चलाते हैं दुकान, कश्मीर के दो जुड़वां भाइयों ने NEET की परीक्षा में किया कमाल, हासिल किए इतने नंबर

नीट की परीक्षा में दो जुड़वां भाइयों ने कमाल कर दिया है.

नई दिल्ली:

NEET Result 2020: कहते हैं कि ईमानदारी और लगन से मेहनत करने वाले को कामयाबी जरूर मिलती है. जम्मू और कश्मीर के दो जुड़वां भाइयों ने भी अपनी मेहनत के दम पर एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है. बता दें कि जम्मू और कश्मीर के बारामूला जिले में एक कश्मीरी दुकानदार के दो जुड़वां बेटों ने राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (NEET) 2020 में कामयाबी हासिल करके अपने माता-पिता को गर्व महसूस कराया है. कुंजर के बटपोरा गांव के रहने वाले दो भाई, गौहर बशीर ने नीट की परीक्षा 2020 में 720 में से 657 अंक और शाकिर बशीर ने 720 अंकों में से 651 अंक हासिल किए हैं. 

657 अंक हासिल करने वाले गौहर बशीर ने इस सफलता के लिए ईश्वर और अपने माता-पिता के साथ-साथ अपने भाई का भी शुक्रिया अदा किया. 

अपनी इस कामयाबी पर गौहर ने कहा, "मेरा सबसे बड़ा धन्यवाद मेरे माता-पिता को जाता है. उन्होंने हमें हमेशा मेहनत से पढ़ाई करने के लिए प्रेरित किया और लापरवाही करने पर हमें दी गई सजाओं ने हमें बहुत मूल्यवान सबक सिखाया है. उन्होंने हमें अपना 100% देना सिखाया और यह भी सिखाया है कि पढ़ाई और खेल में बैलेंस कैसे करें."

शाकिर ने अपनी कामयाबी पर कहा, "हमारे माता-पिता ने हमारी सफलता में बहुत महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है. बचपन से ही उन्होंने हमें कड़ी मेहनत करने का महत्व सिखाया है. हम एक मिडल क्लास परिवार से थे और कभी-कभी फाइनेंशियल प्रॉब्लम्स होती थीं. लेकिन उन्होंने हमें हमेशा अपनी पढ़ाई पर ध्यान देने को कहा और बाकी परेशानियों से हमें दूर रखा."

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समाचार एजेंसी ANI से बात करते हुए, उनके पिता बशीर अहमद ने कहा कि वह बेहद खुश हैं कि उनके दोनों बेटों को अच्छे अंक मिले हैं. उन्होंने आगे कहा, "हम एक मिडल क्लास फैमिली से ताल्लुक रखते हैं. हमारे पास ज्यादा कुछ नहीं है. लेकिन मैंने और मेरी पत्नी ने हमेशा यही कोशिश की कि हमारे बेटे पढ़ाई करें और अच्छा करें. मैं अपने स्टोर से मुश्किल से 4,000 से 5,000 प्रति माह कमाता हूं. मैं और मेरी पत्नी भी कभी-कभी अतिरिक्त पैसा कमाने के लिए सड़क किनारे नौकरी करते हैं, ताकि हम उनकी शिक्षा का समर्थन कर सकें."

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"मुझे खुशी है कि मेरे बेटों ने इतना अच्छा प्रदर्शन किया. उन्होंने न केवल अपने माता-पिता को गर्व कराया, बल्कि पूरी घाटी को गौरवान्वित किया है."