NDTV Khabar

NEET 2018: केन्द्र ने सुप्रीम कोर्ट से कहा, नये सत्र से उर्दू भाषा शामिल करने के लिये तैयार

पीठ ने अपील का निस्तारण करते हुये कहा, ‘‘इस शैक्षणिक सत्र की परीक्षायें हो चुकी हैं. हम पीछे नहीं लौट सकते हैं. याचिका का निबटारा किया जाता है.

5 Shares
ईमेल करें
टिप्पणियां
NEET 2018: केन्द्र ने सुप्रीम कोर्ट से कहा, नये सत्र से उर्दू भाषा शामिल करने के लिये तैयार

NEET 2018: नये सत्र से उर्दू भाषा भी होगी शामिल

उच्चतम न्यायालय ने केन्द्र सरकार के इस कथन पर विचार किया कि वह मेडिकल पाठ्यक्रमों के 2018-19 के शैक्षणिक सत्र से नीट प्रवेश परीक्षा में उर्दू भाषा को भी शामिल करने के लिये तैयार है. न्यायमूर्ति दीपक मिश्रा और न्यायमूर्ति ए एम खानविलकर की खंडपीठ ने इस संबंध में केन्द्र की ओर से सालिसीटर जनरल रंजीत कुमार के इस कथन को दर्ज किया कि वह उर्दू माध्यम में भी 2018 से नीट की परीक्षा कराने के खिलाफ नहीं है.

ऑफिस में तमाम टेंशन के बीच भी बढ़ते रहें आगे, ये रहे टिप्स

पीठ ने अपील का निस्तारण करते हुये कहा, ‘‘इस शैक्षणिक सत्र की परीक्षायें हो चुकी हैं. हम पीछे नहीं लौट सकते हैं. याचिका का निबटारा किया जाता है.’’ सालिसीटर जनरल ने 31 मार्च को शीर्ष अदालत से कहा था कि छात्रों के संगठन ‘स्टूडेन्ट्स इस्लामिक आर्गेनाइजेशन आफ इंडिया’ ने नीट की परीक्षा उर्दू भाषा में भी कराने की मांग करते हुये केन्द्र पर ‘सांप्रदायिक’ होने का आरोप लगाया था.

इंटरव्‍यू में सबसे पहले देखी जाती हैं ये क्‍वालिटीज, जानिए कैसे करें इसकी तैयारी

केन्द्र ने न्यायालय से कहा था कि वर्तमान शैक्षणिक सत्र के लिये नीट की परीक्षा में उर्दू को एक माध्यम बनाना व्यावहारिक नहीं है.

इस समय नीट की परीक्षा दस भाषाओं में आयोजित की जाती है. इनमें हिन्दी, अंग्रेजी, गुजराती, मराठी, ओडिया, बांग्ला, असमी, तेलुगू, तमिल और कन्नड़ शामिल है.
 

(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)


Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक और गूगल प्लस पर ज्वॉइन करें, ट्विटर पर फॉलो करे...

Advertisement