Atharva Ankolekar: कंडक्‍टर का बेटा बना U-19 एशिया कप का स्‍टार, मुसीबतों को अपनाकर लिखी जीत की ईबादत

अथर्व अंकोलेकर (Atharva Ankolekar) की कामयाबी के पीछे उनकी मां वैदेही का हाथ है. पिता के निधन के बाद उनकी मां ने कंडक्टर की नौकरी कर उनके हर सपने को पूरा किया.

Atharva Ankolekar: कंडक्‍टर का बेटा बना  U-19 एशिया कप का स्‍टार, मुसीबतों को अपनाकर लिखी जीत की ईबादत

Atharva Ankolekar: 18 वर्षीय बाएं हाथ के स्पिनर अथर्व अंकोलेकर मुंबई के मध्यमवर्गीय परिवार से आते हैं.

खास बातें

  • अथर्व अंकोलेकर ने भारत को U-19 एशिया कप जिताया है.
  • अथर्व मुंबई के मध्यमवर्गीय परिवार से आते हैं.
  • अथर्व बी.कॉम सेकंड ईयर के छात्र हैं.
नई दिल्ली:

भारत को U-19 एशिया कप दिलाने वाले 18 वर्षीय अथर्व अंकोलेकर (Atharva Ankolekar) सोशल मीडिया पर हीरो बन चुके हैं. देश भर के लोग उनके खेल की तारीफ कर रहे हैं. शनिवार को भारत ने बांग्लादेश को रोमांचक मुकाबले में हराया. अथर्व (Atharva) ने 8 ओवर में 5 विकेट लिए और भारत को शानदार जीत दिलाई. अथर्व (Atharva) को उनके प्रदर्शन के लिए मैन ऑफ द मैच चुना गया था. 18 वर्षीय बाएं हाथ के स्पिनर अथर्व अंकोलेकर मुंबई के मध्यमवर्गीय परिवार से आते हैं. अथर्व बी.कॉम सेकंड ईयर के छात्र हैं. उनकी मां वैदेही बृहनमुंबई इलेक्ट्रिसिटी सप्लाई ऐंड ट्रांसपोर्ट (बेस्ट) में कंडक्टर हैं. अथर्व की कामयाबी के पीछे उनकी मां वैदेही का ही हाथ है. 

इंडियन एक्सप्रेस के मुताबिक अथर्व की मां ने मैच देखने के लिए छुट्टी ली थी, लेकिन बाद में उन्हें ध्यान आया है कि उनके  टीवी में केबल कनेक्शन नहीं है. ऐसे में वह अपने ससुराल पहुंची और वहां मैच देखा. अथर्व के अब तक के सबसे महत्वपूर्ण मैच खेले जाने के बाद उनकी मां घर वापस आकर अपने आंसू नहीं रोक पाती है. अथर्व की मां कहती हैं, ''मुझे उम्मीद है कि अथर्व के पिता ने यह देखा होगा. आज अथर्व ने पिता के साथ ही सभी लोगों को गौरवान्वित किया है.

बता दें कि अथर्व के पिता मुंबई की सार्वजनिक परिवहन सेवा के कर्मचारी थे. उन्होंने अपने बेटे के सपने को साकार करने के लिए 8 साल तक नाइट शिफ्ट में काम किया था. उनके निधन के बाद अथर्व की मां को उनकी कंडक्टर की नौकरी मिल गई.  मां ने नौकरी के साथ-साथ अपने बेटे के सपनों को पूरा करने में कोई कसर नहीं छोड़ी.

अथर्व का सपना कड़ी मेहनत करके टीम इंडिया के लिए खेलना रहा है. साल 2010 में अथर्व ने मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंदुलकर के साथ एक प्रैक्टिस मैच खेला था. सचिन उनके प्रदर्शन से काफी प्रभावित हुए थे और उन्होंने उन्हें ऑटोग्राफ वाला ग्लव्स गिफ्ट किया था.

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