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...और जब पहली बार कैमरे पर सचिन की आंखों से आंसू बह निकले!

बड़े-बड़े गेंदबाजों को अपने बल्ले से पानी पिलाने वाले सचिन तेंदुलकर को कभी भावुक होते नहीं देखा गया, लेकिन एक मौका ऐसा भी आया, जब मास्टर ब्लास्टर रोए, तो उनके साथ-साथ करोड़ों क्रिकेटप्रेमी की आंखों से भी आंसू बह निकले.

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...और जब पहली बार कैमरे पर सचिन की आंखों से आंसू बह निकले!

सचिन तेंदुलकर (फाइल फोटो)

खास बातें

  1. जब मैदान पर पहली बार रो पड़े सचिन
  2. जो कभी नहीं हुआ, वह 16 नवंबर को हुआ
  3. मास्टर ब्लास्टर क्या रोए, क्रिकेट कायनात रो पड़ी !
नई दिल्ली: क्रिकेट के भगवान कहे जाने वाले सचिन तेंदुलकर के करीब पच्चीस साल के करियर में यदा-कदा ही ऐसे मौके आए, जब मैदान पर उनकी आंखों में आंसू देखे गए हों.साल 1996 के विश्व कप के सेमीफाइनल में जब भारत श्रीलंका के हाथों हारा, तो उनके बालसखा विनोद कांबली को सुबकते हुए पूरी दुनिया ने कैमरे पर देखा लेकिन जब साल 1999 के विश्व कप के दौरान सचिन के पिता का निधन हुआ, तो पिता के दाहसंस्कार के तुरंत बाद लौटने पर केन्या के खिलाफ नाबाद 140 रन बनाने के बाद भी सचिन भावुक नहीं हुए. मास्टर ब्लास्टर की आंखों से तब भी एक आंसू नहीं निकला, जब साल 2011 में विश्व कप जीतने के बाद सभी भारतीय खिलाड़ी मैदान पर खुशी के मारे रो रहे थे. इन तमाम घटनाओं के बावजूद सचिन के करियर में एक ऐसा मौका जरूर आया, जब कैमरे पर सचिन की आंखों से आंसू छलक उठे.

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मास्टर की आंखें नम क्या हुईं, तो मैदान पर मौजदू टीम इंडिया से लेकर दर्शकदीर्घा में मौजूद सितारों और हजारों दर्शकों से लेकर दुनिया भर में टीवी देख रहे करोड़ों क्रिकेटप्रेमियों की आंखें नम हो गईं. अभिनेता राहुल बोस को सुबकते देखा गया, तो सुपर स्टार आमिर खान आंसू पौंछते दिखाई पड़े. मुंबई वानखेड़े स्टेडियम के भीतर एक ऐसी भावनात्मक ऊर्जा पैदा हो गई, जो शायद ही पहले कभी देखी गई हो. और पता नहीं भविष्य में आगे कब इस अति भावुक नजारे का दीदार होगा. या होगा भी कि नहीं?. हर कोई मास्टर ब्लास्टर के आंसुओं की बारिश में भीग गया. यह मौका था ठीक आज यानी 16 नवंबर, 2013 के दिन, जिस दिन सचिन तेंदुलकर ने अंतरराष्ट्रीय टेस्ट क्रिकेट को पूरी तरह अलविदा कह दिया. इस दिन भारत ने तीन दिन के भीतर ही विंडीज को पारी और 126 रनों से पटखनी दी, लेकिन मुंबई वानखेड़े में जमा हजारों दर्शक जीत के लिए नहीं बल्कि अपने चहेते मास्टर ब्लास्टर के लिए मैदान में जमा हुए थे.

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मैच खत्म होने के बाद  सचिन सीधे ड्रेसिंग रूम में गए. इसके बाद करीब पांच से दस मिनट के भीतर सचिन फिर से मैदान पर लौटे. उन्होंने पिच को चरण स्पर्श किया. और जैसे ही सचिन वापस पवेलियन की ओर लौटने लगे, तो कप्तान धोनी एंड कंपनी ने बड़े ही खास अंदाज में सचिन को गार्ड ऑफ ऑनर दिया. यह धोनी का सीक्रेट प्लान था, जिसके बारे में उन्होंने सचिन को भी नहीं बताया था. और जैसे ही गार्ड ऑफ ऑनर के दौरान टीम इंडिया के सभी खिलाड़ी अपनी पोजीशन रोटेट कर रहे थे, तो सचिन अपने आंसुओं पर काबू नहीं रख सके.

VIDEO : यहां लगाई सचिन ने खुद झाड़ू

बहुत ही कोमल आवाज और फौलादी इरादों वाले सचिन की आंखों से झर-झर आंसू बह उठे. वास्तव में यह एक बहुत ही गमगीन थी, जिसे याद कर चार साल बाद भी तेंदुलकर के प्रशंसकों की आंखों से आज भी आंसू बह उठते हैं.
 


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