NDTV Khabar

Nidahas Trophy Final: वाशिंगटन सुंदर और विजय शंकर की अभी 'आधी प्रतिभा' ही आई सामने..

निधास ट्रॉफी त्रिकोणीय टी20 सीरीज में युवा खिलाड़ि‍यों वाली भारतीय टीम ने अब तक शानदार प्रदर्शन किया है.

49 Shares
ईमेल करें
टिप्पणियां
Nidahas Trophy Final: वाशिंगटन सुंदर और विजय शंकर की अभी 'आधी प्रतिभा' ही आई सामने..

वाशिंगटन सुंदर और विजय शंकर ने अब तक गेंदबाजी में बेहतरीन प्रदर्शन किया है (फाइल फोटो)

खास बातें

  1. सुंदर और विजय शंकर ने अब तक की अच्‍छी बॉलिंग
  2. हरफनमौला की हैसियत से ये टीम में हुए हैं शामिल
  3. अभी तक इन्‍हें बैटिंग का मौका ही नहीं मिल पाया
नई दिल्‍ली: निधास ट्रॉफी त्रिकोणीय टी20 सीरीज में युवा खिलाड़ि‍यों वाली भारतीय टीम ने अब तक शानदार प्रदर्शन किया है. वाशिंगटन सुंदर और विजय शंकर का जोरदार प्रदर्शन इस दौरान क्रिकेटप्रेमियों के आकर्षण का केंद्र रहा है. इन दोनों खिलाड़ि‍यों को ऑलराउंडर की हैसियत से टूर्नामेंट की भारतीय टीम में स्‍थान दिया गया था, लेकिन अभी तक इन दोनों की 'आधी प्रतिभा' ही प्रतियोगिता के दौरान लोगों के सामने आ पाई है. वाशिंगटन सुंदर ने पावर प्‍ले ने अब तक जिस तरह का प्रदर्शन किया है, वह तारीफ के काबिल है. वे टूर्नामेंट में इस समय सर्वाधिक विकेट लेने वाले गेंदबाज हैं. मध्‍यम गति के गेंदबाज विजय शंकर भी इस मामले में पीछे नहीं रहे हैं. विजय शंकर ने भी अपनी गेंदबाजी से हर किसी को प्रभावित किया है. हालांकि टूर्नामेंट में अभी तक उन्‍हें तीन विकेट ही मिले हैं, लेकिन डेथ ओवर्स में भी वे कंजूस साबित हुए हैं.   दूसरे शब्‍दों में कहें तो रन गति पर ब्रेक लगाने की अपनी जिम्‍मेदारी को विजय शंकर ने अच्‍छी तरह से निभाया है. हालांकि इन दोनों प्‍लेयर्स की बल्‍लेबाजी देखने की क्रिकेटप्रेमियों की हसरत इस टूर्नामेंट में पूरी नहीं हो सकी है. हर कोई जानता है कि बैटिंग में भी ये दोनों बल्‍लेबाज टीम के लिए अच्‍छा योगदान देने में सक्षम हैं लेकिन इन्‍हें भारतीय टीम के किसी भी मैच में बैटिंग का मौका नहीं मिल पाया है. भारतीय फैंस को उम्‍मीद है कि आज के फाइनल में भी ये दोनों खिलाड़ी गेंदबाजी  (अगर मौका मिला तो बल्‍लेबाजी में भी) में शानदार प्रदर्शन करते हुए रोहित शर्मा ब्रिगेड को चैंपियन बनाने में अहम योगदान देंगे. टूर्नामेंट के अपने शुरुआती मैच में भारतीय टीम को मेजबान श्रीलंका के हाथों हार का सामना करना पड़ा. लेकिन जल्‍द ही टीम अपनी लय में आ गई और दो मैचों में बांग्‍लादेश और एक मैच में श्रीलंका को पछाड़ते हुए शान के साथ फाइनल में जगह बनाई. सुंदर और विजय शंकर के अलावा भारतीय टीम के गेंदबाजी डिपोर्टमेंट में युजवेंद्र चहल, शारदुल ठाकुर और जयदेव उनादकट ने भी अपने काम को ठीक तरह से अंजाम दिया है. शारदुल और उनादकट हालांकि प्रतियोगिता में महंगे साबित हुए लेकिन टीम के लिए अहम मौके पर इन दोनों ने सफलताएं दिलाई हैं. शारदुल अब तक चार मैचों में छह विकेट हासिल करके गेंदबाजी के मामले में बांग्‍लादेश के मुस्‍तफिजुर रहमान के साथ संयुक्‍त रूप से दूसरे स्‍थान पर हैं. जयदेव उनादकट ने तीन मैचों में और युजवेंद्र चहल ने भी चार मैचों में पांच विकेट लिए हैं. विकेट लेने के मामले में बांग्‍लादेश के रुबेल हुसैन (5 विकेट) के साथ वे संयुक्‍त रूप से तीसरे स्‍थान पर हैं.

टिप्पणियां
वीडियो: गावस्‍कर ने इस अंदाज में की चहल की तारीफ

जाहिर है, सुंदर और विजय शंकर ने अपने प्रदर्शन से फाइनल मैच में भी लोगों को उम्‍मीदें जगाई हैं. उम्‍मीद है कि वे भारतीय क्रिकेटप्रेमियों की इन उम्‍मीदों पर खरे उतरेंगे.
 


Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक और गूगल प्लस पर ज्वॉइन करें, ट्विटर पर फॉलो करे...

Advertisement