नेताओं को कोसने पर झुग्गी में रहने वाली सुनीता की बदली किस्मत, बीजेपी का टिकट मिला!

खास बातें

  • मनोज तिवारी ने सुनीता से पूछा था- सत्ता का हिस्सा बनकर राजनीति बदलोगी?
  • नगर निगम चुनाव में बीजेपी ने टोडापुर वार्ड से मैदान में उतारा
  • बीजेपी की नजरें झुग्गी वासियों के वोटों पर
नई दिल्ली:

किस्मत किसको कब कहां पहुंचा दे किसी को नहीं पता. टोडापुर झुग्गी में रहने वाली सुनीता को बीजेपी ने दिल्ली के निगम चुनाव में टोडापुर वार्ड से मैदान में उतारा है. दरअसल दिसंबर में मनोज तिवारी अपने झुग्गी प्रवास के दौरान टोडापुर झुग्गी में गए जहां पर सुनीता ने शिकायत की कि नेता किसी की नहीं सुनते. इसके बाद मनोज तिवारी ने सुनीता से पूछा कि सत्ता का हिस्सा बनकर राजनीति बदलोगी? इसके बाद सुनीता ने मनोज तिवारी से कहा कि आप लोग वादों के अलावा कुछ नहीं करते... अब जब बीजेपी ने दो अप्रैल को अपने उम्मीदवारों की लिस्ट जारी की तो उसमें टोडापुर वार्ड से सुनाता कौशिक का नाम था.

दिल्ली की टोडापुर झुग्गी में रहने वाले मजदूर शशि कौशिक की बीवी सुनीता ने एक हफ्ते पहले तक सपने में भी नहीं सोचा था कि उन्हें नगर निगम चुनाव में बीजेपी उनके ही वार्ड से मैदान में उतारेगी. पर ऐसा हुआ, उनकी ही एक बात से जो उन्होंने बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष मनोज तिवारी से दिसंबर में कही थी.

सुनीता कौशिक कहती हैं कि "मैंने मनोज तिवारी से कहा कि राजनेता कुछ नहीं करते. फिर उन्होंने कहा कि खुद आओ. तो मैंने उनसे कहा कि आप मुझे क्यों टिकट दोगे? लेकिन उन्होंने मुझे टिकट दिला दिया."

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बीजेपी को भी झुग्गी में रहने वाले लोगों के वोटों का अंदाजा है इसलिए पार्टी ने सुनीता को टिकट देकर झुग्गी के वोटरों को एक बड़ा संदेश देने की कोशिश की है. दिल्ली बीजेपी के प्रमुख मनोज तिवारी कहते हैं कि "हम झुग्गी में रहने वालों को भी प्रोत्साहन देना चाहते हैं. हमने सुनीता को टिकट दिया है ताकि वह भी सत्ता में भागीदार बनें."

किसी भी बहाने सही  झुग्गी में रहने वालों को नालियों की गंदगी और पानी के लिए लगने वाली लंबी कतारों से छुटकारा मिलना चाहिए. आम आदमी पार्टी को दिल्ली की विधानसभा की गद्दी दिलाने में इन झुग्गी वालों का बहुत बड़ा योगदान था. इनकी अहमियत समझते हुए ही कई महीनों से बीजेपी इनके वोटों को अपने तरफ लाने की रणनीति तैयार कर रही थी. खुद मनोज तिवारी ठंड में अपनी रातें इन झुग्गियों में गुजार चुके हैं.