NDTV Khabar

बुराड़ी कांड: भाटिया परिवार के 10 शवों की पोस्‍टमार्टम रिपोर्ट आई, यहां उलझी पुलिस की जांच

बुराड़ी में भाटिया परिवार की आत्‍महत्‍या करने वाले मामले में 10 शवों की पोस्टमार्टम रिपोर्ट आ गई है. पुलिस का कहना है सभी 10 मौतें फांसी लगाने के चलते हुई हैं और किसी के भी शरीर पर चोट के कोई निशान नहीं हैं.

 Share
ईमेल करें
टिप्पणियां
बुराड़ी कांड: भाटिया परिवार के 10 शवों की पोस्‍टमार्टम रिपोर्ट आई, यहां उलझी पुलिस की जांच

फाइल फोटो

खास बातें

  1. बुराड़ी कांड: 10 शवों की पोस्टमार्टम रिपोर्ट आई
  2. सभी 10 मौतें फांसी लगाने के चलते हुई हैं
  3. किसी के भी शरीर पर चोट के कोई निशान नहीं हैं
नई दिल्ली: बुराड़ी में भाटिया परिवार की आत्‍महत्‍या करने वाले मामले में 10 शवों की पोस्टमार्टम रिपोर्ट आ गई है. पुलिस का कहना है सभी 10 मौतें फांसी लगाने के चलते हुई हैं और किसी के भी शरीर पर चोट के कोई निशान नहीं हैं. इससे यह साफ हो गया है कि सभी लोगों ने फांसी लगाकर खुदकुशी की है. अभी इस मामले में घर की सबसे बुजुर्ग महिला नारायणी देवी की पोस्टमार्टम रिपोर्ट नहीं आई है. इस मामले में नारायणी देवी की पोस्‍टमार्टम रिपोर्ट अभी आनी है और उनकी रिपोर्ट पर डॉक्‍टर्स की राय एक नहीं है जिससे इस मामले की पुलिस की जांच उलझ गई है.  

NDTV Special: बुराड़ी केस की अभी तक की कहानी, कब और क्या-क्या हुआ?

दरअसल, नारायणी देवी की बॉडी कमरे में जमीन पर पड़ी मिली थी. इनकी पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सभी डॉक्टर्स की राय मेल नहीं खा रही है. इसीलिए मंगलवार को डॉक्टर्स की टीम ने घर का मुआयना भी किया था. डॉक्टर्स की टीम एक बार फिर आपस में बातचीत करके  फाइनल रिपोर्ट देगी, जिससे नारायणी देवी की मौत की असल वजह पता चल पाएगी. 

बुराड़ी कांड: पुलिस जानना चाहती क्‍या है 11 पाइपों का 'राज'

भाटिया परिवार के पास से बरामद रजिस्टर में ‘भटकती आत्मा’ का जिक्र है. उसमें साथ ही आशंका जाहिर की गई है कि परिवार अगली दीवाली नहीं देख सकेगा. पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि मृतकों में से एक ललित सिंह चुंडावत के शरीर में कथित तौर पर उसके पिता की आत्मा आती थी और इसके बाद वह अपने पिता की तरह हरकतें करता था और नोट लिखवाया करता था. 

बुराड़ी कांड: ललित अपने पिता समेत 5 आत्माओं को दिलाना चाहता था 'मुक्ति'

रजिस्टर में 11 नवंबर , 2017 की तारीख में ललित ने परिवार के ‘कुछ हासिल’ करने में विफल रहने के लिए ‘किसी की गलती’ का जिक्र किया है. उसमें कहा गया है, “धनतेरस आकर चली गयी. किसी की पुरानी गलती की वजह से कुछ प्राप्ति से दूर हो. अगली दीवाली न मना सको. चेतावनी को नजरंदाज करने की बजाय गौर किया करो.”

बुराड़ी कांड: पुलिस जानना चाहती क्‍या है 11 पाइपों का 'राज'

टिप्पणियां
आपको बता दें कि मृतकों की पहचान नारायण देवी (77), उनकी बेटी प्रतिभा (57) और दो बेटे भावनेश (50) और ललित भाटिया (45) के रूप में हुई है. भावनेश की पत्नी सविता (48) और उनके तीन बच्चे मीनू (23), निधि (25) और ध्रुव (15), ललित भाटिया की पत्नी टीना (42) और उनका 15 वर्ष का बेटा शिवम , प्रतिभा की बेटी प्रियंका (33) भी मृत मिले. प्रियंका की पिछले महीने ही सगाई हुई थी और इस साल के अंत तक उसकी शादी होनी थी.

VIDEO: बुराड़ी केस की अभी तक की कहानी, कब और क्या-क्या हुआ?

 


Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक और गूगल प्लस पर ज्वॉइन करें, ट्विटर पर फॉलो करे...

Advertisement