बिहार में MLC बनेंगे पूर्व केंद्रीय मंत्री शाहनवाज़ हुसैन, BJP को हो सकता है एक सीट का नुकसान

Bihar MLC Chunav: बिहार विधान परिषद के लिए दो सीटों पर उप चुनाव होने हैं. ये दोनों सीटें भाजपा नेता सुशील कुमार मोदी और भाजपा विधान पार्षद विनोद नारायण झा के इस्तीफे के बाद खाली हुई हैं. 18 जनवरी तक नामांकन का आखिरी तारीख है.

बिहार में MLC बनेंगे पूर्व केंद्रीय मंत्री शाहनवाज़ हुसैन, BJP को हो सकता है एक सीट का नुकसान

Bihar MLC Chunav: पूर्व केंद्रीय मंत्री शाहनवाज हुसैन को बीजेपी ने बिहार विधान परिषद उप चुनाव में उम्मीदवार बनाया है.

खास बातें

  • बिहार विधान परिषद में जाएंगे पूर्व केंद्रीय मंत्री शाहनवाज हुसैन
  • उप चुनाव के लिए बीजेपी ने शाहनवाज को बनाया उम्मीदवार
  • दो सीटों पर होने हैं उप चुनाव, पहले दोनों सीटों पर थी बीजेपी का कब्जा
नई दिल्ली:

पूर्व केंद्रीय मंत्री शाहनवाज हुसैन (Shahnawaz Hussain) को भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने बिहार विधान परिषद (Bihar Legislative Council) में भेजने का फैसला किया है. पार्टी ने उन्हें परिषद के उपचुनाव में उम्मीदवार बनाया है. बीजेपी मुख्यालय से आज जारी उम्मीदवारों की लिस्ट में शाहनवाज हुसैन का नाम बिहार की लिस्ट में है. हुसैन अटल बिहारी वाजपेयी सरकार में मंत्री रह चुके हैं. वह भागलपुर से दो बार (2006 और 2009) सांसद रह चुके हैं. एक बार (1999) किशनगंज से भी लोकसभा सांसद चुने जा चुके हैं.

बिहार विधान परिषद के लिए दो सीटों पर उप चुनाव होने हैं. ये दोनों सीटें भाजपा नेता सुशील कुमार मोदी और भाजपा विधान पार्षद विनोद नारायण झा के इस्तीफे के बाद खाली हुई हैं. सुशील कुमार मोदी रामविलास पासवान के निधन से खाली हुई सीट पर उप चुनाव में राज्यसभा सांसद बन गए हैं, जबकि विनोद नारायण झा विधान सभा का चुनाव जीत चुके हैं. 18 जनवरी तक नामांकन की आखिरी तारीख है. 19 जनवरी को नामांकन पत्रों की जांच होगी. जरूरी हुआ तो 28 जनवरी को चुनाव कराए जाएंगे. 

तेजस्वी यादव का सरकार पर हमला, कहा- कृपया आप सावधानीपूर्वक घर से बाहर निकलिए...

माना जा रहा है कि एक सीट पर राजद अपने उम्मीदवार खड़े करेगी. हालांकि, ये दोनों सीटें बीजेपी के कब्जे में थीं लेकिन अब उप चुनाव में बीजेपी को एक सीट का नुकसान उठाना पड़ सकता है. राजद की तरफ से फिलहाल उम्मीदवार के नाम का एलान नहीं हो सका है. संख्या बल के लिहाज से राजद सहयोगी दलों के सहयोग से एक सीट पर उम्मीदवार की जीत तय कर सकती है. ऐसे में बीजेपी के खाते से एक सीट झटक सकती है.


मर्डर केस पर सवाल पूछे जाने पर भड़के बिहार CM नीतीश कुमार - 'आप किसका समर्थन करते हैं?'

Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com


चर्चा यह भी है कि बीजेपी दूसरे सीट पर भी उम्मीदवार उतारेगी. उस एक सीट पर सहयोगी दल वीआईपी के प्रमुख और राज्य सरकार में मंत्री मुकेश सहनी को खड़ा कर सकती है. अगर ऐसा नहीं हुआ और वो चुनाव नहीं जीत सके तो सहनी को फिर राज्यपाल कोटे से मनोनीत होना पड़ेगा क्योंकि फिलहाल वह किसी भी सदन के सदस्य नहीं हैं. बीजेपी केंद्रीय मुख्यालय से जारी उम्मीदवारों की लिस्ट में यूपी में होने वाले द्विवार्षिक विधान परिषद चुनावों के लिए भी छह उम्मीदवारों के नामों का एलान किया गया है.