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यूपी के मंत्री देंगे 15 दिन में आय का ब्योरा, मंत्रियों को अनावश्यक टिप्पणी से बचने की सलाह

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यूपी के मंत्री देंगे 15 दिन में आय का ब्योरा, मंत्रियों को अनावश्यक टिप्पणी से बचने की सलाह

सत्ता संभालते ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने सभी मंत्रियों को उनकी आमदनी का ब्यौरा देने को कहा है

खास बातें

  1. 15 दिन में मंत्री अपनी आय और संपत्ति का ब्यौरा सरकार को देंगे
  2. मंत्रियों को अनावश्यक टिप्पणी से बचने की सलाह दी मुख्यमंत्री ने
  3. केंद्रीय मंत्री देंगे नए विधायकों को कामकाज करने की ट्रेनिंग
लखनऊ: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी ने पहले दिन से ही कामकाज संभाल लिया है और अपने कड़े तेवर भी दिखाने शुरू कर दिए हैं. सूबे के नए मुख्यमंत्री ने अपने कैबिनेट सहयोगियों को निर्देश दिया है कि वे 15 दिन के भीतर अपनी आय और चल-अचल संपत्ति का पूरा ब्योरा पार्टी एवं सरकार को उपलब्ध कराएं.

मुख्यमंत्री की शपथ ग्रहण करने के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपनी कैबिनेट की पहली बैठक की, जिसमें सदस्यों ने एकदूसरे को परिचय दिया. बैठक के बाद कैबिनेट मंत्री श्रीकांत शर्मा और सिद्धार्थनाथ सिंह ने संवाददाताओं को बताया कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के भ्रष्टाचार को समाप्त करने के संकल्प के तहत मुख्यमंत्री ने सभी मंत्रियों को अपनी आय और चल अचल संपत्ति का ब्यौरा उपलब्ध कराने को कहा है.

उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया कि सभी मंत्रियों को आय, चल-अचल संपत्ति का पूरा ब्यौरा 15 दिन में संगठन को और मुख्यमंत्री के सचिव को देना है. दोनों मंत्रियों ने बताया कि नए विधायकों की ट्रेनिंग के लिए कैबिनेट मंत्री सुरेश खन्ना के नेतृत्व में एक कमेटी बनेगी, जिसमें कोशिश होगी कि सभी विधायकों की सही तरीके से ट्रेनिंग हो. इस ट्रेनिंग में केन्द्र के भी कुछ बडे नेता कक्षाएं लेने के लिए आ सकते हैं.

उन्होंने बताया कि एक और कमेटी बनाने का फैसला किया गया है, जो देखेगी कि 325 विधायकों के साथ मंत्रिपरिषद के लोग किस प्रकार संपर्क में रहें और उनके क्षेत्र में जाकर किस तरह संपर्क रख सकें. संगठन और सरकार के तालमेल पर भी चर्चा की गई.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा चुनावी रैलियों में बीजेपी की सरकार बनने की स्थिति में पहली कैबिनेट बैठक में ही कुछ फैसले करने के उल्लेख पर दोनों मंत्रियों ने स्पष्ट किया कि यह बैठक औपचारिक कैबिनेट बैठक नहीं बल्कि परिचय बैठक थी, जो कहा गया है, पहली ही कैबिनेट में फैसला होगा.

श्रीकांत शर्मा ने बताया कि मुख्यमंत्री ने सभी कैबिनेट सदस्यों से आग्रह किया है कि जनादेश विकास के लिए मिला है. ये जनादेश बिजली, पानी, सडक, कानून व्यवस्था, शिक्षा, स्वास्थ्य और किसान की बदहाली दूर करने तथा विकास और सुरक्षा के लिए मिला है. साथ ही मुख्यमंत्री योगी ने मंत्रिपरिषद के सहयोगियों को नसीहत दी कि वे अनावश्यक टिप्पणी से बचें ताकि किसी की भावना आहत न हो.

(इनपुट भाषा से भी)


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