NDTV Khabar

राजौरी में पाकिस्तान ने किया सीजफायर का उल्लंघन, सेना ने दिया मुंहतोड़ जवाब

पाकिस्तानी सेना ने जम्मू कश्मीर के राजौरी जिले में नियंत्रण रेखा पर सोमवार को संघर्ष विराम उल्लंघन करते हुए छोटे हथियारों से गोलीबारी कर और मोर्टार दागकर सीमावर्ती चौकियों और गांवों को निशाना बनाया.

 Share
ईमेल करें
टिप्पणियां
राजौरी में पाकिस्तान ने किया सीजफायर का उल्लंघन, सेना ने दिया मुंहतोड़ जवाब

प्रतीकात्मक तस्वीर

खास बातें

  1. राजौरी में पाकिस्तान ने किया सीजफायर का उल्लंघन
  2. मोर्टार दागकर सीमावर्ती चौकियों और गांवों को निशाना बनाया
  3. भारतीय सेना मुंहतोड़ जवाब दे रही है
नई दिल्ली:

पाकिस्तानी सेना ने जम्मू कश्मीर के राजौरी जिले में नियंत्रण रेखा पर सोमवार को संघर्ष विराम उल्लंघन करते हुए छोटे हथियारों से गोलीबारी कर और मोर्टार दागकर सीमावर्ती चौकियों और गांवों को निशाना बनाया. संघर्ष विराम की यह नयी घटना तब हुई है जब एक दिन पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राजौरी शहर में बी जी ब्रिगेड मुख्यालय में एलओसी पर तैनात जवानों के साथ दिवाली मनायी. रक्षा प्रवक्ता ने कहा, ‘‘दोपहर करीब ढाई बजे पाकिस्तान ने नौशेरा सेक्टर में छोटे हथियारों से गोलीबारी कर और मोर्टार से गोलाबारी कर बिना उकसावे के संघर्ष विराम उल्लंघन किया. सेना मुंहतोड़ जवाब दे रही है.'' 

महबूबा मुफ्ती ने किया Tweet- 'EU सदस्य कश्मीर जा रहे हैं, उम्मीद करें कि उन्हें वहां के लोगों से...'


उन्होंने बताया कि पाकिस्तानी सेना ने असैन्य इलाकों को निशाना बनाया जिससे गांववासियों को बंकरों और सुरक्षित स्थानों में शरण लेनी पड़ी. प्रवक्ता ने बताया कि सीमा पार से अब भी गोलीबारी हो रही है लेकिन भारत की ओर से किसी के हताहत होने की कोई खबर नहीं है. आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, पाकिस्तानी सेना ने इस साल 2,100 बार नियंत्रण रेखा पर संघर्ष विराम उल्लंघन किया जिससे 29 भारतीय मारे गए और सैकड़ों अन्य घायल हो गए.

टिप्पणियां

EU सदस्यों के कश्मीर जाने की खबरों पर कांग्रेस ने उठाए सवाल, 'विदेशियों को लाल कालीन बिछाकर ले जाया जा रहा है, लेकिन...'

इनमें से पांच जवानों समेत आठ लोग अकेले इस महीने मारे गए. चार ने राजौरी और पुंछ जिलों में जान गंवा दी. प्रधानमंत्री ने रविवार को राजौरी जिले में सीमा पर तैनात सैनिकों के साथ दिवाली मनायी थी और बहादुरी के लिए उनकी तारीफ करते हुए कहा कि इससे सरकार ऐसे फैसले ले पायी जो अभी तक असंभव माने जाते थे. वह सेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत के साथ वहां गए थे. 



(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)


Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक पर लाइक और ट्विटर पर फॉलो करें.


Advertisement