2021 तक दुनिया में मौजूदा 10 में से चार नौकरियां खत्म हो जाएंगी

2021 तक दुनिया में मौजूदा 10 में से चार नौकरियां खत्म हो जाएंगी

विशेषज्ञ मानते हैं कि आटोमेशन को बढ़ावा देने से रोजगार पर असर पड़ेगा

खास बातें

  • दुनियाभर में 2021 तक प्रत्येक 10 में 4 नौकरियां खत्म हो जाएंगी
  • आटोमेशन के बढ़ावे से रोजगार पर विपरीत असर पड़ेगा
  • भारत में ही आटोमेशन से 23 प्रतिशत रोजगार की कमी होगी
नई दिल्ली:

अभी हाल ही में संकेत मिले हैं कि देश का सबसे बड़ा बैंक भारतीय स्टेट बैंक अपने स्टॉफ में कमी करेगा. इस बैंक में सहयोगी 6 बैंकों के विलय के बाद यह कदम उठाया जा सकता है. बैंक ने संकेत दिए हैं कि अगले दो सालों में बैंक अपने स्टॉफ में 10 फीसदी तक की कमी करेगा. अब जरा पीपुल स्ट्रांग के आकलन पर नजर डाल लें. पीपुल स्ट्रांग कहता है कि दुनियाभर में नौकरियों में भारी कमी आएगी.

विभिन्न क्षेत्रों में आटोमेशन या स्वचालन को बढ़ावा दिया जा रहा है और इससे रोजगार पर असर पड़ेगा. विशेषज्ञों के अनुसार ऐसे आसार हैं कि इससे वैश्विक स्तर पर 2021 तक प्रत्येक 10 में 4 नौकरियां खत्म हो जाएंगी. इंजीनियरिंग, विनिर्माण, वाहन, आईटी और बैंक जैसे क्षेत्रों में आटोमेशन एक नया चलन है. जैसे-जैसे स्वचालन आटोमेशन अपनाने की गति तेज होगी, श्रम गहन क्षेत्र प्रभावित होंगे.

पीपुल स्ट्रांग के मुख्य कार्यपालक अधिकारी और संस्थापक पंकज बंसल के अनुसार अगले तीन-चार साल में बदलाव होगा. पहला बड़ा प्रभाव विनिर्माण, आईटी और आईटी संबंधित क्षेत्रों, सुरक्षा सेवाओं और कृषि पर दिखेगा.

बंसल ने कहा कि उनका अनुमान है कि 2021 तक वैश्विक स्तर पर आटोमेशन के कारण मौजूदा 10 में से 4 नौकरियां खत्म हो जाएंगा और इन चार में से एक भारत में होगा. कुल मिलाकर भारत में 23 प्रतिशत रोजगार की कमी होगी. भारत में विभिन्न क्षेत्रों में सालाना 55 लाख रोजगार सृजित होते हैं लेकिन जरुरी प्रतिभा की कमी से यह पूरा भर नहीं पाता. आटोमेशन से यह अंतर और बढ़ेगा.

प्रतिभा प्रबंधन समाधान प्रदाता कंपनी केसी ओसीजी इंडिया के क्षेत्रीय निदेशक फ्रांसिस पदामदान कहते हैं कि पांच साल पहले अगर एसेंबली लाइन में 1,500 लोगों के लिए काम होता था, वह घटकर 500 पर आ गया है. इसका कारण कौशल के मुकाबले स्वचालन पर जोर है.

Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com

पीपुल स्ट्रांग के बसंल ने कहा कि इस समस्या के समाधान के लिये सरकार को दो प्रमुख क्षेत्रों पर ध्यान देने की जरूरत है. पहला बीच के बाजार को मजबूत करने तथा कार्यबल के कौशल को निखारने पर ध्यान देने की आवश्यकता है ताकि स्वचालन के कारण सृजित होने वाले नये रोजगार वे हासिल कर सके.

(इनपुट भाषा से भी)