नमो ऐप पर कार्यकर्ताओं से बोले PM मोदी, बीज से बाजार तक किसानों को सशक्त बनाना प्राथमिकता

पीएम नरेंद्र मोदी ने बुधवार को किसान मोर्चे के कार्यकर्ताओं से बातचीत की. उन्होंने कहा कि, आप पुल की तरह हैं. आपकी महत्वपूर्ण भूमिका है. क्षेत्र विशेष में काम करने से मास्टरी आ जाती है. 

नमो ऐप पर कार्यकर्ताओं से बोले PM मोदी, बीज से बाजार तक किसानों को सशक्त बनाना प्राथमिकता

पीएम नरेंद्र मोदी

खास बातें

  • पीएम मोदी ने किसान मोर्चे के कार्यकर्ताअों से की बात
  • कहा, आप पुल की तरह हैं
  • 2022 तक आय डबल करना प्राथमिकता
नई दिल्ली:

पीएम नरेंद्र मोदी ने बुधवार को किसान मोर्चे के कार्यकर्ताओं से बातचीत की. उन्होंने कहा कि, आप पुल की तरह हैं. आपकी महत्वपूर्ण भूमिका है. क्षेत्र विशेष में काम करने से मास्टरी आ जाती है. कर्नाटक में फसल बीमा योजना की शिकायतें मिलती रहती थीं. वहां की सरकार उदासीन रही. हमारे एक सांसद ने काम किया. हमें किसानों को विश्वास दिलाना है कि यह ऐसा समय है जब किसानों के लिए संवेदनशील सरकार चाहिए. पंडित दीनदयाल उपाध्याय ने सिखाया है हर हाथ को काम, हर खेत को पानी. लक्ष्य तय कर काम कर रहे हैं. खेती के साथ सब तय है. वहां मनमर्जी नहीं चलती है. हम सब पहलुओं को विस्तार से देख रहे है. किसानों को कृषि कार्य में किसी भी परेशानी का सामना न करना पड़े. हर पहलू पर बारीकी से ध्यान दिया जा रहा है. 

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पीएम ने कहा कि हमारी सरकार बीज से बाजार तक किसानों को सशक्त बनाने का प्रयास कर रही है. अकेले कर्नाटक में 1 करोड़ किसानों तक स्वाइल हेल्थ कार्ड पहुंचा है. मैं सौभाग्यशाली हूं कि मुझे नेगलू योगी से बात करने का अवसर मिला है. कल शाम को किसानों से बात करने का मिला. इतिहास में ऐसी सभा नहीं देखी. PM ने कहा कि, किसानी को ऊंचाई तक ले जाना है. हमने जो रास्ता चुना है, उससे उत्तम परिणाम मिलेंगे, जो परिणाम 70 साल में नहीं मिले वे 2022 तक मिलेंगे. कर्नाटक में कई परियोजनाअों पर काम चल रहा है. अधूरी परियोजनाअों में कर्नाटक में 4000 हजार करोड़ रुपये खर्च कर रहे हैं. 

पीएम ने कहा कि कांग्रेस को कहां तो किसानों को सहारा देना चाहिए था, योजनाएं बनानी चाहिए थीं, लेकिन झील सूखने पर बिल्डरों के हवाले कर दिया. अन्नदाता की सेवा करना सबसे बड़ा सौभाग्य है. कर्नाटक सरकार किसानों के नाम पर खेल कर रही है. केंद्र ने मछुवारों के लिए कई योजनाएं शुरू की गई हैं. येदियुरप्पा का समर्पण किसानों के प्रति सभी जानते हैं. राज्य और केंद्र सरकार बड़ा परिवर्तन ला सकती हैं. पुरानी चीजें याद दिलाएं. खेत से उपभोक्ता तक जो कीमत बढ़ती है उसका सीधा लाभ किसान उठा पाएगा. किसानों की आय बढ़ाने में ये महत्वपूर्ण कदम साबित होगा. वाटर रिवोल्यूशन, आर्गेनिक रिवोल्यूशन को बढ़ाने के लिए जी-जान से जुट जाएं. ये आय के मुख्य साधन हो सकते हैं. 

पीएम ने कहा कि, बांस से होने वाले फायदे को देखते हुए पुराने कानून बदल दिए गए हैं. मल्टी परपज ट्री प्लांटेशन पर जोर दे रहे हैं. आय में बढ़ोतरी होगी इससे. बेटी पैदा होते ही ऐसा एक पेड़ लगा दें. हर मेड़ पर पेड़. हम किसानों को समस्या से मुक्ति के रास्ते पर चल पड़े हैं. 

गौरतलब है कि, इससे पहले मंगलवार को मराजनगर जिले के सांथेमरहल्ली में रैली को संबोधित करते हुए पीएम ने कहा था कि, कर्नाटक में बीजेपी की हवा नहीं आंधी चल रही है. पीएम मोदी ने राहुल गांधी पर हमला बोलते हुए कहा था कि मनमोहन सिंह ने कहा था हर गांव में बिजली पहुंचाएंगें लेकिन आपकी माता जी सोनिया ने कहा एक कदम आगे जाकर 2009 तक हर घर में बिजली पहुंचाने का वादा किया था लेकिन अपना वादा पूरा क्‍यों नहीं कर सके. 

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दूसरी तरफ, राहुल के 15 मिनट बोलने का मौका देने वाले बयान पर पीएम मोदी ने कहा था कि वह नामदार है और हम कामदारों की क्‍या हैसियत. हम अच्‍छे कपड़े भी नहीं पहन सकते तो आपके साथ कहां बैठ सकते हैं. उन्‍होंने कहा कि अगली बार जब 15 मिनट बोले तो विश्वसरैया का नाम भी ले लेना.  पीएम मोदी ने कहा था कि जिन गांव ने बिजली नहीं देखी तो उन गांवों में बिजली पहुंचाने का काम हमारी सरकार ने किया है. उन्‍होंने बताया कि 18000 गांव में बिजली पहुंची है. मणिपुर के एक गांव आखिरी गांव बना जहां बिजली पहुंचाने का काम पूरा हुआ. उन्‍होंने कहा कि मजदूरों के मेहनत से बिजली पहुंची हैं. उन्‍होंने कहा कि आजादी के 70 साल बाद भी चार करोड़ घरों को बिजली नहीं मिली. हमने सौभाग्‍य योजना के तहत इन घरों को बिजली पहुंचाई है.