जम्मू- कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला की हिरासत को चुनौती देने वाली याचिका पर सुप्रीम कोर्ट आज करेगा सुनवाई

उमर अब्दुल्ला के खिलाफ अन्य आरोपों में अनुच्छेद 370 को खत्म करने के केंद्र के फैसले का विरोध और "राष्ट्र की एकता और अखंडता के खिलाफ ट्विटर पर लोगों को उकसाना" शामिल है.

जम्मू- कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला की हिरासत को चुनौती देने वाली याचिका पर सुप्रीम कोर्ट आज करेगा सुनवाई

जम्मू- कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला की हिरासत को चुनौती देने वाली याचिका पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई होगी.

खास बातें

  • उमर अबदुल्ला को हिरासत में रखे जाने पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई
  • उमर अबदुल्ला की बहन ने दायर की है याचिका
  • उमर पर सरकार ने पीएसए लगाया है
नई दिल्ली:

जम्मू- कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला की हिरासत को चुनौती देने वाली याचिका पर जस्टिस अरुण मिश्रा और जस्टिस इंदिरा बनर्जी की पीठ आज सुनवाई करेगी. उमर अब्दुल्ला की बहन ने PSA के तहत हिरासत को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी है. उमर अब्दुल्ला पिछले साल अगस्त से सीआरपीसी की धारा 107 के तहत हिरासत में थे. इस कानून के तहत, उमर अब्दुल्ला की छह महीने की एहतियातन हिरासत अवधि 5 फरवरी को खत्म होने वाली थी लेकिन 5 जनवरी को सरकार ने जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला और महबूबा मुफ्ती के खिलाफ पब्लिक सेफ्टी एक्ट (पीएसए) लगा दिया है. इसके बाद उनकी हिरासत को 3 महीने से 1 साल तक बिना किसी ट्रायल के बढ़ाया जा सकता है.

उमर अब्दुल्ला पर लगे कुछ आरोप अजीबोग़रीब, 'बहिष्कार की अपील के बाद भी वोट हासिल किए'

उमर अब्दुल्ला के खिलाफ अन्य आरोपों में अनुच्छेद 370 को खत्म करने के केंद्र के फैसले का विरोध और "राष्ट्र की एकता और अखंडता के खिलाफ ट्विटर पर लोगों को उकसाना" शामिल है. हालांकि, इस आरोप का समर्थन करने के लिए किसी भी ट्विटर पोस्ट का हवाला नहीं दिया गया है. वहीं 5 अगस्त 2019 को गिरफ्तारी से पहले उमर अब्दुल्ला ने ट्वीट करते हुए लोगों से शांति बनाए रखने का आह्वान किया था. 

देखें Video: किस वजह से उमर अब्दुल्ला पर PSA लगाया गया?

Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com