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दिल्ली पुलिस के हत्थे चढ़े दाऊद के 3 गुर्गे, UP शिया वक्फ बोर्ड के चेयरमैन को मारने की कर रहे थे प्लानिंग

दिल्ली पुलिस ने अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम गैंग के तीन लोगों को गिरफ्तार किया है.

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दिल्ली पुलिस के हत्थे चढ़े दाऊद के 3 गुर्गे, UP शिया वक्फ बोर्ड के चेयरमैन को मारने की कर रहे थे प्लानिंग

दाऊद इब्राहिम (फाइल फोटो)

नई दिल्ली: उत्तर प्रदेश के शिया वक़्फ़ बोर्ड के चेयरमैन सैयद वसीम रिज़वी ने जब राम मंदिर पर सुलह समझौता होने को लेकर अयोध्या में राम मंदिर बनने का सुझाव दिया तो हिंदुस्तान से सैकड़ों मील दूर पाकिस्तान की सरपरस्ती में छुपा बैठा अंडर वर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहीम बौखला गया और उसके बाद D कम्पनी ने एक ख़ौफ़नाक साजिश रच डाली. दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने 3 लोगों को गिरफ्तार करने के बाद ये दावा किया.

दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने हाल में ही कुछ फोन इंटरसेप्ट करना शुरू किए तो उन्हें कुछ ऐसी रिकॉर्डिंग सुनने को मिली जिसमे शिया बफ़्फ़ बोर्ड के चेयरमैन वसीम रिज़वी को मारने की बात की जा रही थी. जिसके बाद इन फोन कॉल्स पर बारीकी से स्पेशल सेल ने काम करना शुरू की. और उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर से D कंपनी के चार गुर्गों को धर दबोचा गया.

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स्पेशल सेल ने खुलासा किया है कि पकड़े गए तीनों गुर्गे अबरार, आरिफ और सलीम दाऊद के सबसे करीबी छोटा शकील और D कम्पनी के कुछ और खास लोगों के सम्पर्क में थे. पकड़े गए गुर्गों में से एक सलीम बाकायदा रिज़वी के मर्डर प्लान के लिए पैसा लेने दुबई पहुंचा और वहां से दाऊद के एक आदमी ने आरोपी सलीम को 4000 दि‍रहम भी दिया था. तीनों ने पूछताछ में खुलासा किया है कि ये शिया वक्‍फ बोर्ड के चेयरमैन को मारने के पहले बकायदा लखनऊ रिज़वी के घर की रेकी करने भी गए थे. इनका एक साथी अभी फरार है जो छोटा शकील का करीबी बताया जा रहा है. इनके पास से कुछ हथियार और कुछ मोबाइल फोन्स भी बरामद किए गए हैं. सलीम पहले भी मुंबई की उस आर्थर रोड जेल में भी बन्द रहा है जहां D कम्पनी के कई गुर्गे बन्द हैं. कयास लगाया जा रहा है कि वहीं से ये D कंपनी के टच में आया. सलीम मास्टरमाइंड बताया जा रहा है. सीधी बात यह है कि बौखलाए दाऊद का ये ऑपरेशन फेल चुका है.

गौरतलब है कि 12 मार्च, 1993 को मुंबई में एक के बाद एक 12 बम धमाके हुए थे. बम धमाके में 257 लोगों की मौत हो गई थी, जबकि 700 से ज्यादा लोग घायल हुए थे. इन धमाकों में बड़ी मात्रा में आरडीएक्स का इस्तेमाल किया गया था. पहले दौर में दिए गए फैसले में अदालत ने 100 लोगों को दोषी पाया था, जिन्हें फांसी और उम्रकैद की सजा हुई थी. इन धमाकों में 27 करोड़ रुपये की संपत्ति का नुकसान हुआ था.  इस मामले में 129 लोगों के खिलाफ चार्जशीट दायर की गई थी. अभी इस मामले में अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम, टाइगर मेमन समेत 27 आरोपी फरार हैं.


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