Unnao Rape Case: घटना के दिन एक आरोपी के अस्पताल में भर्ती होने की खबर झूठी

आरोपी का दावा था कि वह हाइड्रोसील के ऑपरेशन के लिए अस्पताल में भर्ती हुआ था जबकि प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के डॉक्टरों का कहना है कि यह इतना बड़ा अस्पताल ही नहीं है जहां कोई ऑपरेशन हो सकें.

Unnao Rape Case: घटना के दिन एक आरोपी के अस्पताल में भर्ती होने की खबर झूठी

डॉक्टर ने कहा, अस्पताल में घटना के दिन कोई शुभम नाम का मरीज भर्ती नहीं हुआ था. (प्रतीकात्मक तस्वीर)

खास बातें

  • आरोपी की घटना के दिन अस्पताल में भर्ती होने की बात झूठी
  • डॉक्टर ने कहा- घटना के दिन कोई शुभम नाम का मरीज नहीं हुआ भर्ती
  • उन्नाव रेप मामले में प्राथमिकी मार्च 2019 में लिखी गई थी
उन्नाव:

उन्नाव बलात्कार कांड (Unnao Rape Case) के दो आरोपियों में से एक के बलात्कार की घटना के दिन अस्पताल में भर्ती होने की बात को सुमेरपुर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (Sumerpur Primary Health Center) के डॉक्टरों ने बुधवार को पूरी तरह से खारिज कर दिया. मीडिया के कुछ धड़ों में खबर आ रही थी कि एक आरोपी शुभम त्रिवेदी सुमेरपुर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में 10 दिसंबर 2018 को भर्ती था. उसे पांच दिन बाद केंद्र से छुट्टी मिली थी. प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी डॉक्टर विनय तोमर से जब इस बारे में पूछा गया तो उन्होंने बताया, ''मैंने अगस्‍त 2019 में चार्ज लिया है, मामला 2018 दिसम्‍बर का बताया जा रहा है.

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जिस मामले की बात हो रही है वह मीडिया के माध्‍यम से ही सामने आया है. अदालत अथवा जांच एजेन्‍सी या पुलिस किसी भी स्‍तर से इस प्रकरण पर कुछ भी पूछा नहीं गया है, ना ही किसी तरह का कोई पत्र आया है. मामला 10 और 12 दिसम्‍बर 2018 से संबधित होने के चलते मैंने अस्पताल का रजिस्‍टर चेक कराया है. इन तिथियों में शुभम नाम का कोई व्‍यक्ति न तो भर्ती हुआ है और न ही डिस्‍चार्ज किया गया है.''

उन्होंने कहा कि अगर कोई जांच एजेंसी इस बारे में पूछताछ करेगी तो मैं पूरी जानकारी उपलब्ध करा दूंगा. युवती के साथ सामूहिक बलात्कार कर, उसे जिंदा जलाकर मारने के मामले के दो आरोपियों में से एक शुभम ने अदालत में प्रार्थना पत्र देकर दावा किया था कि सामूहिक बलात्कार की घटना के दिन यानी 12 दिसंबर 2018 को वह अस्पताल में भर्ती था. इस मामले में प्राथमिकी मार्च 2019 में लिखी गई. 

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आरोपी का दावा था कि वह हाइड्रोसील के ऑपरेशन के लिए अस्पताल में भर्ती हुआ था जबकि प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के डॉक्टरों का कहना है कि यह इतना बड़ा अस्पताल ही नहीं है जहां कोई ऑपरेशन हो सकें. यहां केवल सामान्य रोगियों को ही देखा जाता है और यहां ऑपरेशन होते ही नहीं है. पुलिस सूत्रों का कहना है कि करीब एक माह पहले शुभम के पिता ने अदालत में याचिका के साथ कुछ दस्तावेज दाखिल किए थे जिन्हें अदालत ने खारिज कर दिया था.

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(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)