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अब महिला सैनिक भी सीमा पर संभालेंगी मोर्चा, महिलाओं की मिलिट्री पुलिस में तैनाती की तैयारी

भारतीय सेना में अब महिला सैनिक भी बॉर्डर पर दुश्मनों के साथ दो-दो हाथ करती नज़र आएंगी. सेना प्रमुख ने इस बात की जानकारी देते हुए बताया कि महिलाओं को सबसे पहले मिलिट्री पुलिस में तैनात किया जाएगा.

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अब महिला सैनिक भी सीमा पर संभालेंगी मोर्चा, महिलाओं की मिलिट्री पुलिस में तैनाती की तैयारी

सेना प्रमुख ने बताया कि महिलाओं को लड़ाकू सैनिक के तौर पर तैनात करने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है (फाइल फोटो)

खास बातें

  1. वायु सेना में तीन महिलाओं को फाइटर पायलट के तौर पर तैनात किया था
  2. सेना में महिलाओं को सबसे पहले मिलिट्री पुलिस में तैनात किया जाएगा
  3. रक्षा क्षेत्र में निजी कंपनियों को शामिल करने को बताया बड़ा
नई दिल्ली: भारतीय सेना में अब महिला सैनिक भी बॉर्डर पर दुश्मनों के साथ दो-दो हाथ करती नज़र आएंगी. सेना प्रमुख ने इस बात की जानकारी देते हुए बताया कि महिलाओं को सबसे पहले मिलिट्री पुलिस में तैनात किया जाएगा.

सेना प्रमुख बिपिन रावत ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि भारत भी जल्दी ही उन देशों में शामिल होगा, जहां महिलाएं पुरुषों के साथ बॉर्डर पर दुश्मनों से मोर्चा लेती हैं. जनरल रावत ने कहा कि महिलाओं को लड़ाकू भूमिका में लाने की प्रक्रिया पर तेजी से काम चल रहा है.

उन्होंने बताया कि जर्मनी, कनाडा, ऑस्ट्रेलिया, अमेरिका, ब्रिटेन, डेनमार्क, इजरायल आदि देशों में महिला लडाकू सैनिक के तौर पर तैनात हैं. सेना प्रमुख ने बताया कि भारतीय सेना में महिलाएं चिकित्सा, शिक्षा, कानून तथा इंजीनियरिंग जैसे विभागों में तैनात होती हैं. बता दें कि पिछले साल ही भारतीय वायु सेना ने तीन महिलाओं को फाइटर पायलट के तौर पर तैनात करके इतिहास रचा था. 

रक्षा क्षेत्र में निजी कंपनियों को शामिल करने के सवाल पर आर्मी प्रमुख ने कहा कि रक्षा उत्पादन में अग्रणी निजी कंपनियों को शामिल करने के लिए सरकार के रणनीतिक साझेदारी मॉडल (एसपी मॉडल) एक अहम और बड़ा कदम है.

उन्होंने कहा कि उम्मीद है कि नए मॉडल से सेना के आधुनिकीकरण की योजना की रफ्तार तेज होगी क्योंकि इससे नई तकनीक आएंगी और सेना की मुख्य परियोजनाओं के क्रियान्वयन में मदद मिलेगी. जनरल रावत ने कहा कि एसपी मॉडल सेना के पुराने होते टैंकों और महत्वपूर्ण हथियारों के बेड़े को बदलने में कारगर साबित होगा.

सेना के आधुनिकीकरण कार्यक्रम के संदर्भ में जनरल रावत ने इसकी प्रगति पर प्रसन्नता जाहिर की और अमेरिका से दो बेहद हल्की होवित्जर तोपों को लाने और डीआरडीओ द्वारा विकसित 155 एमएम की तोप धनुष का उदाहरण दिया.

 (इनपुट भाषा से भी)


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