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श्रीनगर, शोपियां के कुछ इलाकों में प्रतिबंध

पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि श्रीनगर और शोपियां जिले के सात थाना क्षेत्रों में प्रतिबंध लगाए गए हैं.

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श्रीनगर, शोपियां के कुछ इलाकों में प्रतिबंध

आतंकवादियों के खिलाफ कार्रवाई के बाद का दृश्य. (फाइल फोटो)

श्रीनगर: जम्मू-कश्मीर प्रशासन ने श्रीनगर और शोपियां जिलों के कई इलाकों में कानून एवं व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रतिबंध लगा दिया. यह कदम कश्मीरी कैदियों को घाटी के बाहर स्थानांतरित करने और रविवार को गोलीबारी की घटना में हुई लोगों की मौत के खिलाफ रैली निकालने की अलगाववादियों की घोषणा के मद्देनजर उठाया गया है.

पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि श्रीनगर और शोपियां जिले के सात थाना क्षेत्रों में प्रतिबंध लगाए गए हैं.

उन्होंने बताया कि शोपियां और श्रीनगर के नोहट्टा, रैनावारी, खानयार, सफाकदल और एम आर गंज पुलिस थाना क्षेत्रों में सीआरपीसी की धारा144 के तहत कड़े प्रतिबंध लगाए गए हैं.

अधिकारी ने बताया कि शहर के मैसूमा और करालखुर्द इलाकों में भी आंशिक रूप से प्रतिबंध लगाया गया है. उन्होंने बताया कि अलगावादियों द्वारा आहूत हड़ताल के मद्देनजर कानून एवं व्यवस्था बनाए रखने के लिए एहतियाती तौर पर प्रतिबंध लगाए गए हैं.

शोपियां के पहनू क्षेत्र में रविवार को हुई गोलीबारी( जिसमें दो आतंकवादियों सहित छह लोग मारे गए थे) की घटना के खिलाफ अलगाववादी सैयद अली शाह गिलानी, मीरवाइज उमर फारूक और मोहम्मद यासीन मलिक ने एक साथ‘ जाइंटर जिस्टेंस लीडरशिप (जेआरएल) के बैनर तले दक्षिण कश्मीर के शोपियां में हड़ताल और रैली का आह्वान किया था.

जेआरएल ने कश्मीरी कैदियों को घाटी से बाहर स्थानांतरित करने के खिलाफ आज पूर्ण बंद का आह्वान किया था. शोपियां में हत्याओं के बाद अलगाववादियों ने शोपियां में भी रैली निकालने की घोषणा की.

बहरहाल, सेना का कहना है कि मारे गए युवक आतंकवादी और उनके लिए छुपकर काम करने वालेउनके सहयोगी थे. पुलिस का कहना है कि वह मामले की जांच कर रही है.

इस बीच, शहर में अधिकतर दुकानों, व्यावसायिक संस्थानों और पेट्रोल पंपों के बंद रहने से जनजीवन प्रभावित रहा. वहीं सार्वजनिक वाहन सड़कों से नदारद रहे.

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उन्होंने बताया कि शहर के कुछ इलाकों में, जहां कोई प्रतिबंध नहीं लगा था, वहां निजी कारें, कैब और ऑटो- रिक्शा सड़क पर चलते नजर आए. अधिकारी ने बताया कि घाटी के जिला मुख्यालय से भी यही रिपोर्ट मिली है.

पुलिस ने लोगों के लिए परामर्श जारी कर उनसे सहयोग देने और प्रतिबंध के मद्देनजर किसी भी तरह की अफवाहों पर विश्वास न करने को कहा है.


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