Research: दोस्तों की लिस्ट लंबी है तो आप इस चीज़ में हमेशा सबसे आगे रहेंगे

रिसर्च के मुताबिक यादों, भावनाओं और प्रेरणाओं को महसूस करने वाला दिमाग का हिस्सा स्पष्ट रूप से उम्र के साथ प्रभावित होता है. लोगों के दिमाग के इस हिस्से में सामाजिक संबंध संरक्षित रहते हैं.

Research: दोस्तों की लिस्ट लंबी है तो आप इस चीज़ में हमेशा सबसे आगे रहेंगे

दोस्त ज्यादा तो दिमाग रहे दुरुस्त

नई दिल्ली:

दोस्त ना सिर्फ आपके बुरे वक्त में काम आते हैं बल्कि आपको दिमाग से भी तेज़ बनाते हैं. जी हां, जिनके पास दोस्त हैं वो लोग बाकी लोगों के मुकाबले दिमागी तौर पर ज्यादा जवान और तेज़ होते हैं. यह बात एक रिसर्च में साबित हुई है. इसके मुताबिक यादों, भावनाओं और प्रेरणाओं को महसूस करने वाला दिमाग का हिस्सा स्पष्ट रूप से उम्र के साथ प्रभावित होता है. लोगों के दिमाग के इस हिस्से में सामाजिक संबंध संरक्षित रहते हैं.

अमेरिका के कोलंबस में 'ओहियो स्टेट विश्वविद्यालय' में 'न्यूरोलॉजिकल इंस्टीट्यूट' की मुख्य शोधकर्ता एलिजाबेथ किर्बी ने कहा, "हमारे शोध में खुलासा हुआ कि सामाजिक रूप से सक्रिय व्यक्ति के दिमाग पर उम्र का प्रभाव पड़ता है."

कर्नाटक के हाई क्लास लड़के-लड़कियां चाहते हैं ऐसे लाइफ पार्टनर, दिल्ली-मुम्बई भी आगे

जर्नल 'फ्रंटियर इन एजिंग न्यूरोसाइंस' प्रकाशित शोध के तहत शोधकर्ताओं के दल ने 15-18 महीने के चूहों के दो समूह बनाकर तीन महीनों तक अध्ययन किया जब उनकी प्राकृतिक स्मरण शक्ति में गिरावट आने लगती है. चूहों को एक खिलौना पहचानने का शोध कर उनकी स्मरण शक्ति परखी गई. शोध के परिणामों के अनुसार समूह में रहने वाले चूहों की स्मरण क्षमता बेहतर थी.  

दिल्ली के कुंवारों को पसंद नहीं अपने शहर का पार्टनर, इन्हें बनाते हैं अपना जीवनसाथी

किर्बी ने कहा, "जहां अकेले साथी के साथ रहने वाले चूहे यह पहचानने में असफल रहे कि किसी वस्तु को हटाया गया है, वहीं समूह में रहने वाले चूहों ने बेहतरीन परिणाम दिए. वे दूसरी जगह रखे गए पुराने खिलौने के पास गए और अपने स्थान पर रखे गए दूसरे खिलौने को उन्होंने नजरंदाज कर दिया."

Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com

उन्होंने कहा कि भविष्य में शोध कर सामाजिक स्वभाव का स्मरण शक्ति और मानसिक स्वास्थ्य से संबंधों का भी खुलासा किया जा सकेगा. (इनपुट - आईएएनएस)

देखें वीडियो - दोस्त हो तो महेंद्र सिंह धोनी जैसा