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भय्यूजी महाराज सुसाइड केस में खुलासा: पुलिस ने कहा- शादी के लिए महिला ने किया था ब्लैकमेल, दिया गया दवाओं का ओवरडोज

पुलिस ने नजदीकी लोगों के बयानों के हवाले से बताया कि आत्महत्या का कदम उठाने से ऐन पहले आध्यात्मिक गुरु ने स्वयंभू उपदेशक दाती महाराज पर लगे बलात्कार के आरोपों से जुड़ी खबरें टीवी न्यूज चैनलों पर कई घंटों तक देखी थीं.

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भय्यूजी महाराज सुसाइड केस में खुलासा: पुलिस ने कहा- शादी के लिए महिला ने किया था ब्लैकमेल, दिया गया दवाओं का ओवरडोज

भय्यू महाराज का वास्तविक नाम उदय सिंह देशमुख था.

खास बातें

  1. सुसाइड केस में पुलिस ने किया खुलासा
  2. 25 साल की महिला ने शादी के लिए किया था ब्लैकमेल
  3. पहले से शादीशुदा थे भय्यूजी महाराज
इंदौर:

मध्य प्रदेश पुलिस (Madhya Pradesh Police) ने हाईप्रोफाइल आध्यात्मिक गुरुभय्यूजी महाराज (Bhaiyyu Maharaj)के खुदकुशी मामले में नया खुलासा किया है. पुलिस के मुताबिक 25 वर्षीय युवती से कथित संबंधों के आधार पर उन्हें ब्लैकमेल किया गया था और साथ ही जाने के साथ ही उन्हें नशीली दवाओं का ओवरडोज दिया जा रहा था. भय्यूजी महाराज को आत्महत्या (Bhaiyyu Maharaj Suicide)के लिए उकसाने के आरोप में इस युवती और आध्यात्मिक गुरु के दो विश्वस्त सहयोगियों को गिरफ्तार किया गया है. 

पुलिस उप महानिरीक्षक (डीआईजी) हरिनारायणाचारी मिश्रा ने मीडिया को बताया कि भय्यू महाराज की निजी सचिव के रूप में काम कर चुकी पलक पुराणिक और आध्यात्मिक गुरु के दो सहयोगियों-विनायक दुधाड़े और शरद देशमुख को मामले में गिरफ्तार किया गया है. उन्होंने बताया, 'हमारे पास भय्यू महाराज और युवती के बीच सोशल मीडिया पर की गयी बेहद आपत्तिजनक चैट की कॉपी और अन्य डिजिटल सबूत हैं. इन्हीं सबूतों के आधार पर तीनों आरोपियों की गिरफ्तारी की गई है.' मिश्रा ने बताया कि भय्यू महाराज के नजदीक रही युवती आपत्तिजनक चैट और अन्य निजी वस्तुओं के आधार पर उन पर शादी के लिए कथित रूप से दबाव बना रही थी, जबकि अधेड़ उम्र के आध्यात्मिक गुरु पहले से शादीशुदा थे.


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डीआईजी के मुताबिक आध्यात्मिक गुरु के दो विश्वस्त सहयोगियों-दुधाड़े और देशमुख पर आरोप है कि वे भय्यू महाराज को ब्लैकमेल करने की साजिश में शुरूआत से शामिल थे और इस काम में युवती की लगातार मदद कर रहे थे. उन्होंने बताया, 'युवती भय्यू महाराज को लंबे समय से धमका रही थी कि अगर उन्होंने 16 जून 2018 तक उसके साथ सात फेरे नहीं लिए, तो वह उनके खिलाफ पुलिस में शिकायत कर उनकी छवि खराब कर देगी. इस धमकी के कारण भय्यू महाराज मानसिक तनाव और दबाव महसूस कर रहे थे. हमें ऐसे सुराग भी मिले हैं कि युवती के जरिये भय्यू महाराज से कुछ रकम भी ऐंठी गयी थी.'

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भय्यू महाराज (50) ने इंदौर अपने बाइपास रोड स्थित बंगले में 12 जून 2018 को अपनी लाइसेंसी रिवॉल्वर से गोली मारकर आत्महत्या कर ली थी. डीआईजी ने यह भी बताया कि तीनों आरोपी भय्यू महाराज के बेहद करीबी थे और वे उन्हें कथित तौर पर धोखे से नशीली दवाओं का ओवरडोज भी दे रहे थे, जिससे आध्यत्मिक गुरु के मानसिक स्वास्थ्य पर बुरा असर पड़ रहा था. मिश्रा ने भय्यू महाराज के नजदीकी लोगों के बयानों के हवाले से बताया कि आत्महत्या का कदम उठाने से ऐन पहले आध्यात्मिक गुरु ने स्वयंभू उपदेशक दाती महाराज पर लगे बलात्कार के आरोपों से जुड़ी खबरें टीवी न्यूज चैनलों पर कई घंटों तक देखी थीं. इस दौरान भय्यू महाराज बेहद परेशान नजर आ रहे थे. 

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भय्यू महाराज का वास्तविक नाम उदय सिंह देशमुख था. वह मध्यप्रदेश के शुजालपुर कस्बे के जमींदार परिवार से ताल्लुक रखते थे. उनकी पहली पत्नी माधवी की नवंबर 2015 में दिल का दौरा पड़ने के कारण मौत हो गई थी. इसके बाद उन्होंने वर्ष 2017 में 49 साल की उम्र में मध्यप्रदेश के शिवपुरी की आयुषी शर्मा के साथ दूसरी शादी की थी.

(इनपुट- भाषा)

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