मध्य प्रदेश : 'फर्जी' मतदाताओं के नाम कटे तो बदल सकती है 50 सीटों की तस्वीर 

पिछली बार लगभग 50 विधानसभा क्षेत्र ऐसे थे, जहां जीत हार का अंतर 5,000 के आसपास था. इन विधानसभा क्षेत्रों से फर्जी मतदाताओं के नाम कट जाते हैं तो चुनावी तस्वीर बदल सकती है.

मध्य प्रदेश : 'फर्जी' मतदाताओं के नाम कटे तो बदल सकती है 50 सीटों की तस्वीर 

मध्यप्रदेश में कांग्रेस ने 60 लाख फर्जी मतदाता होने का दावा किया है.

खास बातें

  • कांग्रेस ने 60 लाख फर्जी मतदाता होने का किया है दावा
  • 50 सीटों पर जीत-हार का अंतर 5,000 के अासपास था
  • अगर वाकई यहां से फर्जी मतदाता हटे तो बदल सकती है तस्वीर
नई दिल्ली:

मध्य प्रदेश में विधानसभा चुनाव से ऐन पहले वोटर लिस्ट में बड़ी संख्या में फर्जी मतदाताओं का नाम मिलने का मामला गरमा गया है.कांग्रेस ने 60 लाख फर्जी मतदाता होने का दावा किया है और मुख्य चुनाव आयोग से इसकी शिकायत की है.फर्जी मतदाताओं की शिकायत के बाद चुनाव आयोग की 4 टीमें भोपाल आ गईं हैं. हर टीम में 2-2 अधिकारी हैं जो कथित तौर पर मतदाता सूची में फर्जीवाड़े की जांच कर रहे हैं.कांग्रेस के इस मसले को जोर-शोर से उठाने के पीछे कई वजहें भी हैं. पिछले चुनाव की बात करें तो 230 सीटों वाले विधानसभा में सत्ताधारी बीजेपी के खाते में 165 सीटें आई थीं.जबकि कांग्रेस के खाते में 57 सीटें गई थीं.भाजपा को जहां 22 सीटों का लाभ हुआ था, तो वहीं कांग्रेस को 13 सीटों का नुकसान उठाना पड़ा था.पिछले चुनाव परिणाम को देखें तो 230 विधानसभा क्षेत्रों में से लगभग 50 विधानसभा क्षेत्र ऐसे थे, जहां जीत हार का अंतर 5,000 के आसपास था.अधिकतर सीटों पर कांग्रेस को नुकसान उठाना पड़ा था.कांग्रेस का दावा है इन विधानसभा क्षेत्रों में पहले भी बड़े पैमाने पर फर्जी मतदाता थे.ऐसे में अगर इस बार इन विधानसभा क्षेत्रों से फर्जी मतदाताओं के नाम कट जाते हैं तो चुनावी तस्वीर बदल सकती है.कांग्रेस इसको अपने पक्ष में देख रही है और पार्टी का मानना है कि यहां उसे लीड मिल सकती है. 

यह भी पढ़ें : मध्‍य प्रदेश में 60 लाख फर्जी मतदाता! एक फोटो से 23 वोटर कार्ड

आपको बता दें कि पिछले दिनों मध्य प्रदेश में वोटर लिस्ट में बड़े पैमाने पर धांधली का मामला सामने आया था.मध्यप्रदेश कांग्रेस के कई बड़े नेता दिल्ली में चुनाव आयोग के मुख्यालय पहुंचे और आरोप लगाया कि राज्य में क़रीब साठ लाख फ़र्ज़ी वोटर हो सकते हैं. आयोग में शिकायत करने से पहले कांग्रेस के इन नेताओं ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर ये दावा किया कि एक तरफ़ राज्य की आबादी 24% बढ़ी है तो दूसरी तरफ़ मतदाता चालीस फीसदी बढ़ गए हैं.कांग्रेस का आरोप है कि साल के अंत में होने वाले विधानसभा चुनावों के मद्देनज़र सत्तारूढ़ बीजेपी मध्यप्रदेश में वोटर लिस्ट में बड़े पैमाने पर धांधली कर रही है. कांग्रेस ने इसके लिए कई उदाहरण भी दिए जिसमें एक ही फोटो और एक नंबर पर कई कई मतदाता पहचान पत्र बनाए गए हैं. गौरतलब है कि एक स्टार्टअप thepolitics.in ने दावा किया था कि कई पोलिंग बूथ में एक नाम से और एक तस्वीर पर कई- कई मतदाता हैं. thepolitics.in की गड़बड़ियों वाली मतदाता सूची एनडीटीवी के हाथ भी लगी थी. चुनाव आयोग ने इसे देखने के बाद लिस्ट से खामियां दूर करने की बात कही थी.अब आयोग ने जांच शुरू की है.(इनपुट - IANS) 

Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com

यह भी पढ़ें : मध्‍य प्रदेश में फर्जी वोटर मामला : जांच के लिए भोपाल पहुंचीं चुनाव आयोग की टीमें 

VIDEO: मध्य प्रदेश के वोटर लिस्ट में फर्जीवाड़ा, एक ही नाम से कई मतदाता पहचान पत्र