NDTV Khabar

डांस बार लाइसेंस मामला : इंडियन होटल एंड रेस्टोरेंट एसोसिएशन को सुप्रीम कोर्ट मिली राहत

 Share
ईमेल करें
टिप्पणियां
डांस बार लाइसेंस मामला : इंडियन होटल एंड रेस्टोरेंट एसोसिएशन को सुप्रीम कोर्ट मिली राहत
नई दिल्ली:

इंडियन होटल एंड रेस्टोरेंट एसोसिएशन को सुप्रीम कोर्ट राहत मिली है. इस राहत से जिन तीन डांस बार को लाइसेंस मिले है वो पुराने नियमों के तहत काम करेंगे. नए एक्ट महाराष्ट्र प्रोहिबिशन ऑफ़ ऑब्सेंस डांस इन होटल एंड बार रूम्स एंड प्रोटेक्शन ऑफ़ डिग्निटी ऑफ़ वीमेन एक्ट 2016 एक्ट  इन होटलों पर लागू नहीं होगा.

सुप्रीम कोर्ट ने सवाल उठाया, डांस बार में शराब क्यों नहीं परोसी जा सकती जबकि उन्हें लाइसेंस दिया गया है. सरकार कानून बनाकर शराब को प्रतिबंधित कर सकती है लेकिन जिनके पास लाइसेंस मिले हैं उन्हें शराब परोसने से कैसे रोक सकते हैं. राज्य सरकार की जिम्मेदारी है कि वो डांस बार में काम करने वाली महिलाओं के सम्मान की रक्षा करें और उन्हें सरक्षंण दे. इस मामले में अगली सुनवाई 24 नवंबर को होगी.

मुंबई डांस बार मामले में सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई हुई. इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने साफ किया था कि डांस बारों में डांस के वक्त पैसे उड़ाने की इजाजत नहीं दी जा सकती.  ये महिलाओं के गौरव, सभ्यता और शिष्टाचार के खिलाफ है. इससे कोई फर्क नहीं पड़ता कि रुपये उड़ाने से महिलाओं को बुरा लगेगा या अच्छा. कोर्ट ने महाराष्ट्र सरकार को नए एक्ट पर नोटिस देकर चार हफ्ते में जवाब मांगा था.


सुप्रीम कोर्ट में महाराष्ट्र सरकार की वो दलील भी ठुकरा दी थी जिसमें कहा गया था कि मामले को बॉम्बे हाईकोर्ट भेजा जाना चाहिए. सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि नया एक्ट सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर ही वैधानिक तरीके से लाया गया जब सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि डांस बारों पर प्रतिबंध मौलिक अधिकारों का उल्लंघन है. इसलिए इस नए एक्ट को चुनौती देने वाली याचिका को सुप्रीम कोर्ट ही सुनेगा.

टिप्पणियां

सुनवाई के दौरान डांस बार वालों की तरफ से कहा गया है कि राज्य सरकार ने जो नया एक्ट बनाया है उसमें कई खामियां हैं. अश्लील डांस करने पर तीन साल की सजा का प्रावधान रखा गया है जबकि IPC में अश्लीलता के तहत तीन माह की सजा का प्रावधान है. एक्ट में कहा गया है कि अगर डांस बार का लाइसेंस है तो आर्केस्ट्रा का लाइसेंस नहीं मिलेगा.

दरअसल सुप्रीम कोर्ट इंडियन होटल एंड रेस्टोरेंट एसोसिएशन की याचिका पर सुनवाई कर रहा है. एसोसिएशन ने राज्य सरकार के नए एक्ट को सुप्रीम कोर्ट में चुनोती दी है. इंडियन होटल एंड रेस्टोरेंट एसोसिएशन ने महाराष्ट्र सरकार के नए एक्ट महाराष्ट्र प्रोहिबिशन ऑफ़ ऑब्सेंस डांस इन होटल एंड बार रूम्स एंड प्रोटेक्शन ऑफ़ डिग्निटी ऑफ़ वीमेन एक्ट 2016 एक्ट चुनोती दी है. याचिका में कहा गया है कि ये एक्ट असंवैधानिक है. इससे पहले कोर्ट ने महाराष्ट्र सरकार को फटकार लगाते हुए नियमों का पालन करने वाले डांस बारों को लाइसेंस देने के आदेश दिए थे.
एक्ट के मुताबिक 11.30 बजे के बार होटल एंड रेस्टोरेंट में शराब नहीं परोसी जायेगी. इसके अलावा पैसे भी नहीं लुटाना है. होटल एंड रेस्टोरेंट में सीसीटीवी लगेंगे.



Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक पर लाइक और ट्विटर पर फॉलो करें.


Advertisement