NDTV Khabar

मुंबई की सबसे बड़ी झील पवई लेक में मछलियां बनी जंग की वजह, हफ्ते भर में दो वारदात, एक की मौत

 Share
ईमेल करें
टिप्पणियां
मुंबई की सबसे बड़ी झील पवई लेक में मछलियां बनी जंग की वजह, हफ्ते भर में दो वारदात, एक की मौत

पवई लेक से चोर बड़े-बड़े जाल से रोजाना एक से डेढ़ लाख रुपये तक की मछली चोरी कर ले जाते हैं.

मुंबई:

मुंबई की सबसे बड़ी झील पवई लेक इन दिनों जंग की जगह बन गई है. सप्ताह भर में मछली चोर और चौकीदारों के बीच हुए दो संघर्ष में एक गार्ड की मौत हो चुकी है, जबकि एक जख्मी हो चुका है. आलम ये है कि झील की देखरेख करने वाली महाराष्ट्र स्टेट एंगलिंग एसोसिएशन के लोग भी दहशत में हैं. झील में एसोसिएशन की बोट चलती हैं, जिसपर बैठकर लोग शौकिया मछली पकड़ते हैं.

एसोसिएशन के अध्यक्ष सैय्यद जीशान अहमद के मुताबिक, झील में सिर्फ एसोसिएशन के सदस्यों को ही मछली पकड़ने की अनुमति है वो भी कंटिया लगाकर, लेकिन चोर बड़े-बड़े जाल से रोजाना एक से डेढ़ लाख रुपये तक की मछली चोरी कर ले जाते हैं.

जीशान के मुताबिक, पुलिस सब जानती है. हमने नाम भी बताए हैं, लेकिन ठोस कुछ नहीं हुआ. नतीजा हाल ही में एक गार्ड की हत्या की जा चुकी है. इसके पहले भी 3 से 4 लोग डूबकर मर चुके हैं वो बोट लेकर भाग रहे थे.

टिप्पणियां

मुंबई पुलिस के डीसीपी अशोक दुधे के मुताबिक, एक मामले में हत्या का मामला दर्ज कर मुख्य आरोपी तबरेज़ खान को गिरफ्तार किया जा चुका है और हत्या की कोशिश के मामले में भी एक गिरफ्तारी हो चुकी है. साथ ही पुलिस गश्‍त भी बढ़ा दी गई है.


पवई झील में मगरमछ भी हैं और आसपास हरियाली भी है...
तकरीबन 8 करोड़ खर्च कर झील के आसपास के इलाके को सुंदर बनाया गया है, लेकिन 550 हेक्टयर में फैली पवई झील अब मछली चोरों की वजह से वार जोन में तब्दील हो गई है. नतीजा इलाके के लोग फिक्रमंद हैं. सामाजिक कार्यकर्ता सुनीष सुब्रमणियम के मुताबिक, पहले सुरक्षा गार्डों और मछली चोरों के बीच पत्थरों से लड़ाई होती थी.. अब खूनी संघर्ष में तब्दील हो गई है. वहीं, मनोनीत नगरसेवक श्रीनिवास त्रिपाठी का कहना है कि किनारे पर ही पुलिस की बीट चौकी बनाने की जरूरत है ताकि लोग खुद को महफूज समझ सकें. इससे झील किनारे पर्यटन भी बढ़ेगा. मुंबई की इकलौती पवई झील को ऐतिहासिक धरोहर दर्ज भी मिला हुआ है, लेकिन बीएमसी और पुलिस की उदासीनता के चलते झील जंग के मैदान में तब्दील होती जा रही है.



Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक पर लाइक और ट्विटर पर फॉलो करें.


Advertisement