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  • पत्रकार और फोटोग्राफर उद्धव ठाकरे अब महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री
    मुंबई में 27 जुलाई 1960 को जन्मे उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray) की स्कूली शिक्षा मुंबई के दादर में स्थित बाल मोहन विद्या मंदिर स्कूल में हुई. मुंबई विश्वविद्यालय सर जमशेदजी जीजीभाय स्कूल ऑफ आर्ट से उन्होंने उच्च शिक्षा प्राप्त की. प्रखर हिंदू राष्ट्रवादी पार्टी शिवसेना के प्रमुख और पार्टी के संस्थापक बाल ठाकरे के बेटे उद्धव सन 2002 से राजनीति में सक्रिय हैं. राजनीति की पारी शुरू करने से पहले वे मराठी दैनिक हिंदू में पत्रकार थे. राजनीति की पारी शुरू करने के बाद उद्धव की सक्रियता से शिवसेना ने सन 2002 में बीएमसी चुनावों में शानदार जीत हासिल की. इसके बाद जनवरी 2003 में उन्‍हें शिवसेना का कार्यकारी अध्‍यक्ष बनाया गया.
  • पश्चिम बंगाल उपचुनाव : तीन विधानसभा सीटों के परिणाम आज घोषित किए जाएंगे
    पश्चिम बंगाल में तीन विधानसभा सीटों के लिए हुए उपचुनाव के परिणाम आज आएंगे. इस चुनाव में सात लाख से अधिक मतदाताओं में से 75.34 फीसदी ने वोट डाले थे. पश्चिम बंगाल की करीमपुर, खड़गपुर सदर और कालीगंज विधानसभा सीटों पर 25 नवंबर को मतदान हुआ था.इस चुनाव में त्रिकोणीय संघर्ष हुआ है. कांग्रेस-माकपा, तृणमूल और बीजेपी के बीच कड़ा चुनावी संघर्ष देखने दो मिला है.
  • कांग्रेस और NCP के साथ आने से शिवसेना के कार्यकर्ता ने दिया इस्तीफा, कहा- जो राम का नहीं...
    रमेश सोलंकी नामक व्यक्ति ने पार्टी से इस्तीफे की घोषणा ट्विटर पर की. उन्होंने एक ट्वीट में लिखा कि वह शिवसेना के बीवीएस/युवा सेना के पद से इस्तीफा दे रहे हैं. उन्होंने कहा कि उनकी अंतरात्मा और विचारधारा कांग्रेस के साथ काम करने की अनुमति नहीं देती है.
  • महाराष्ट्र पर फैसला आने तक विधायकों को 'संभालने' की कोशिश, इन नेताओं को मिली है जिम्मेदारी
    शिवसेना ने अपने विधयकों को होटल ललित में, कांग्रेस ने जेडबल्यू मैरिअट में और एनसीपी ने रिनेसां में ठहराया है. शिवसेना नेता सुभाष देसाई शिवसैनिक विधायकों से संपर्क बनाए हुए हैं. होटल की घेराबंदी की गई है और वहां से किसी विधायक को बाहर जाने की अनुमति नहीं है.
  • अजित पवार के दावे पर महाराष्ट्र के पूर्व सीएम ने बीजेपी पर साधा निशाना, कहा- अगर आप भरोसा नहीं...
    चव्हाण की यह प्रतिक्रिया रविवार को अजित पवार की ओर से किए गए ट्वीट के बाद आई है जिसमें उन्होंने कहा कि वह अब भी राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) में हैं और शरद पवार उनके नेता हैं. कांग्रेस नेता ने ट्वीट किया, ‘‘अंग्रेजी में कहावत है अगर आप भरोसा नहीं दिला सकते तो उन्हें भ्रमित कर दीजिए.
  • महाराष्ट्र : शालिनी पाटिल ने शरद पवार को याद दिलाया 'विश्वासघात', कहा- अब मिला सबक
    महाराष्ट्र (Maharashtra) में रविवार को शरद पवार (Sharad Pawar) का जिक्र करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री वसंतदादा पाटिल की पत्नी शालिनी पाटिल ने 41 साल पहले की घटना को याद किया. अजित पवार (Ajit Pawar) के बीजेपी (BJP) से हाथ मिलाने के कदम को उन्होंने शरद पवार के लिए सबक कहा. उन्होंने सन 1978 में शरद पवार द्वारा उठाए गए कदम को विश्वासघात और पीठ में छुरा घोंपने जैसा कहा. उन्होंने कहा कि समय का पहिया घूमा है और 41 साल पहले शरद पवार ने जो किया था अजित पवार का कदम उसका सबक है.
  • झारखंड चुनाव : कांग्रेस ने जारी किया घोषणा पत्र, नौकरियां, कर्ज माफी और रांची में मेट्रो का वादा
    झारखंड कांग्रेस ने रविवार को विधानसभा चुनाव के लिए अपना घोषणा पत्र जारी किया, जिसमें हर परिवार को नौकरियां, किसानों के लिए कर्जमाफी व रांची में मेट्रो रेल सहित कई लुभावने वादे किए गए हैं. झारखंड कांग्रेस के प्रभारी आरपीएन सिंह ने राज्य इकाई के अध्यक्ष रामेश्वर उरांव के साथ रांची के प्रेस क्लब में घोषणा पत्र जारी किया.
  • महाराष्ट्र में देवेंद्र फडणवीस की राह में रोड़ा बन सकता है विधानसभा अध्यक्ष का चुनाव
    महाराष्ट्र (Maharashtra) की राजनीतिक उठापटक के बीच राजनीतिक व कानूनी विशेषज्ञों का मानना है कि भारतीय जनता पार्टी (BJP), शिवसेना (Shiv Sena), राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) व कांग्रेस (Congress) के समक्ष सबसे बड़ी चुनौती महत्वपूर्ण महाराष्ट्र विधानसभा सत्र के दौरान होगी. एनसीपी ने शनिवार को अपने विधायक दल के नेता अजीत पवार को बर्खास्त कर दिया है और उनकी जगह राज्य के अध्यक्ष जयंत पाटिल को दे दी. अजीत पवार अब उप मुख्यमंत्री हैं.
  • बीजेपी अपने वादे पूरे करती है, अयोध्या में भव्य राम मंदिर बनेगा : राजनाथ सिंह
    रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने रविवार को कहा कि अयोध्या में भव्य राम मंदिर का निर्माण किया जाएगा. झारखंड में विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान वरिष्ठ भाजपा नेता ने पलामू में एक रैली में कहा, "भाजपा अपने वादे को पूरा करती है. लोग कहते थे कि भाजपा केवल वादे करती है लेकिन हमने सभी वादे पूरे किए हैं. अब (अनुच्छेद 370 को हटाने के बाद) एक कानून है. अब देश में एक कानून है. हमने तीन तलाक को समाप्त करने के लिए कानून बनाया. अयोध्या में एक भव्य राम मंदिर का निर्माण किया जाएगा."
  • महाराष्ट्र : बीजेपी नेतृत्व वाली सरकार बनवाने के लिए जुटे नारायण राणे
    महाराष्ट्र (Maharashtra) के पूर्व मुख्यमंत्री नारायण राणे (Narayan Rane) उन प्रमुख लोगों में शुमार हैं जिन्हें भाजपा (BJP) ने किसी भी कीमत पर देवेंद्र फडणवीस सरकार के लिए बहुमत का बंदोबस्त करने के मोर्चे पर लगाया है. भाजपा कोटे से राज्यसभा सांसद राणे को इस मोर्चे पर लगाने की वजह यह है कि वह शिवसेना (Shiv Sena) और कांग्रेस (Congress) में लंबे समय तक रह चुके हैं. दोनों दलों में आज भी वरिष्ठ नेताओं से लेकर विधायकों तक से राणे के निजी रिश्ते हैं. कांग्रेस के नेताओं से भी उनके अच्छे संबंध माने जाते हैं.
  • सब साथी एमएलए छोड़कर वापस NCP में जा रहे, फिर भी अजित पवार क्यों अड़े? यह है उनकी ताकत का राज
    Maharashtra News : महाराष्ट्र में सरकार के गठन को लेकर जारी कशमकश के दौर में यह सवाल उठ रहा है कि वास्तव में क्या है बीजेपी (BJP) का गेम प्लान? बीजेपी का दावा है कि अब भी अजित पवार (Ajit Pawar) ही एनसीपी (NCP) विधानमंडल दल के नेता हैं. बीजेपी ने जयंत पाटिल की नियुक्ति को अवैध बताया है. बीजेपी के साथ गए अजित पवार के समर्थक विधायक एक-एक करके लौट रहे हैं लेकिन अजित पवार अब भी अपने फैसले पर अड़े हैं. उन्हें मनाने गए नेताओं को भी खाली हाथ लौटना पड़ा है. सवाल है कि अकेले अजित पवार के सहारे कैसे बीजेपी की नैया पार होगी?
  • महाराष्ट्र के राज्यपाल ने सोचा नहीं कि 'रात है ऐसी मतवाली तो सुबह का आलम क्या होगा', NDTV से बोले वरिष्ठ वकील
    सुप्रीम कोर्ट के महाराष्ट्र (Maharashtra) को लेकर फैसले के बाद वरिष्ठ वकील और संविधान के जानकार संजय हेगड़े ने कहा कि अभी मैच जारी है, यह कह सकते हैं कि कल पता लगेगा. सारे पत्र को देखकर कार्यवाही होगी. उन्होंने कहा कि राज्यपाल भगतसिंह कोश्यारी के फैसले को अनुचित कह सकते हैं, गैरकानूनी नहीं है. फैसला बाद में बदला जा सकता है. संजय हेगड़े ने NDTV से कहा कि इमरजेंसी तो थी नहीं, पर पुराना गाना है... 'रात है ऐसी मतवाली तो सुबह का आलम क्या होगा.' शायद राज्यपाल ने सुबह का आलम नहीं देखा है.
  • अजित पवार ने क्यों छोड़ा चाचा शरद का साथ? पढ़ें- इनसाइड स्टोरी
    विधानसभा चुनावों में पार्टी के प्रमुख शरद पवार के एक अन्य भाई के पोते रोहित पवार ने जीत दर्ज की. जानकारों की मानें तो रोहित के उदय से अजित पवार (Ajit Pawar) के अंदर असुरक्षा की भावना और बढ़ी.
  • अजित पवार के शपथ समारोह में मौजूद रहे NCP के नौ विधायक शरद पवार के पास लौटे
    महाराष्ट्र में शनिवार की सुबह अजित पवार के उपमुख्यमंत्री पद के शपथग्रहण समारोह में हिस्सा लेने वाले कम से कम नौ एनसीपी विधायकों ने शाम में पार्टी में वापसी करते हुए पार्टी प्रमुख शरद पवार के प्रति एकजुटता प्रकट की. बीजेपी नेता देवेंद्र फडणवीस के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने और एनसीपी के अजित पवार के उप मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने के समारोह के दौरान ये विधायक राजभवन में मौजूद थे.
  • महाराष्ट्र में दोहराया जा रहा 41 साल पुराना इतिहास, अब चाचा की जगह भतीजा हुआ बागी
    महाराष्ट्र (Maharashtra) में राजनीतिक भूचाल लाने वाला आज का घटनाक्रम 41 साल पुरानी घटना की याद दिला रहा है. बस फर्क सिर्फ इतना है कि 41 वर्ष पहले जिस स्थान पर चाचा थे आज उस स्थान पर भतीजा है. चाचा ने तब मुख्यमंत्री पद हासिल किया था, भतीजे को उप मुख्यमंत्री पद मिला है. महाराष्ट्र में जैसे इतिहास दोहराया जा रहा है. चार दशक पहले जिस रास्ते पर राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) के प्रमुख शरद पवार (Sharad Pawar) ने चले थे आज वही रस्ता उनके भतीजे अजित पवार (Ajit Pawar) ने अपनाया.
  • महाराष्ट्र सरकार का गठन : शिवसेना, कांग्रेस और एनसीपी ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया
    महाराष्ट्र में सरकार के गठन का मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है. शिवसेना, एनसीपी और कांग्रेस सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल करने पहुंची हैं. शिवसेना ने अपनी याचिका में मांग की है कि राज्यपाल के उस आदेश को रद्द कर दिया जाए जिसमें उन्होंने देवेंद्र फडणवीस को सरकार बनाने के लिए आमंत्रित किया था. याचिका में कहा गया है कि राज्यपाल का फैसला असंवैधानिक, मनमाना, गैरकानूनी और समानता के अधिकार का उल्लंघन है.
  • महाराष्ट्र में सरकार के गठन के बाद दिग्विजय सिंह ने शिवसेना, कांग्रेस और एनसीपी को दे डाली यह सलाह
    Digvijaya Singh: महाराष्ट्र में नाटकीय घटनाक्रम के बीच भाजपा के देवेंद्र फड़णवीस के मुख्यमंत्री और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) के नेता अजित पवार के उपमुख्यमंत्री पद की शपथ लेने के बाद कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने इस गठबंधन को असंवैधानिक बताते हुए शनिवार को कहा कि शिवसेना, कांग्रेस और राकांपा (एनसीपी) को अपनी ताक़त ज़मीन पर दिखाकर मुंबई की सड़कों पर उतरना चाहिए. उन्होंने दावा किया कि अजित पवार अकेले इस भाजपा नीत नई सरकार में शामिल हुए हैं और राकांपा का कोई अन्य विधायक इस सरकार में शामिल नहीं होगा.
  • महाराष्ट्र में कैसे पलट गई बाजी, कैसे फिर से सीएम की कुर्सी पर पहुंचे फडणवीस? यह है पर्दे के पीछे का खेल
    महाराष्ट्र (Maharashtra) में जारी उठापटक के बीच बड़ा उलटफेर हुआ और बीजेपी नेता देवेंद्र फडणवीस (Devendra Fadnavis) ने दोबारा सीएम पद की शपथ ले ली. उनके साथ आए एनसीपी नेता अजित पवार ने डिप्टी सीएम पद की शपथ ले ली. सुबह करीब आठ बजे राजभवन में राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी ने दोनों नेताओं को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई. सत्ता के लिए बीजेपी (BJP) और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) के नेता अजित पवार के बीच हुई डील बहुत गोपनीय तरीके से हुई. वास्तव में महाराष्ट्र में शुक्रवार को एक तरफ शिवसेना नेता उद्धव ठाकरे सीएम की कुर्सी पर बैठने का ख्वाब पूरा करने की तैयारी में जुटे थे तो दूसरी तरफ ठीक उसी वक्त देवेंद्र फडणवीस को फिर से सत्तासीन करने की कहानी लिखी जा रही थी.
  • सत्ता के लालची शिवाजी की बात न करें : रविशंकर प्रसाद
    महाराष्ट्र में सियासी उठा-पटक के बाद अब आरोपों का दौर शुरु हो गया है. शिवसेना और कांग्रेस की प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद बीजेपी की ओर से केंद्रीय रविशंकर प्रसाद ने पत्रकारों से बातचीत में शिवसेना और कांग्रेस पर जमकर निशाना साधा. उन्होंने कहा, ''शरद पवार और कांग्रेस ने परिणाम के बाद बयान दिया था कि हमें विपक्ष में बैठने का जनमत मिला है. फिर ये विपक्ष में बैठने का जनमत कुर्सी के लिए मैच फिक्सिंग कैसे हो गया?''
  • महाराष्ट्र में सरकार बन जाने के बाद भी पेंच बरकरार
    खबरों के अनुसार, एनसीपी के विधायकों ने ब्लैंक समर्थन पत्र अजीत पवार को दिया था, जिसमें मुख्यमंत्री का नाम नहीं लिखा था. इस समर्थन पत्र के आधार पर अजित पवार द्वारा नई सरकार के गठन को संबंधित विधायकों द्वारा चुनौती दी जा सकती है कि उनके समर्थन पत्र को धोखे से लिया गया. 
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