NDTV Khabar

आंध्र प्रदेश : जगनमोहन रेड्डी की सभा में उमड़ता जनसैलाब चंद्रबाबू नायडू के लिए शुभ संकेत नहीं

कहते हैं कि विरोधी दल की रैली या कार्यक्रमों में अगर भीड़ जरूरत से ज्यादा बढ़ने लगे तो सत्ता व सरकार को सावधान हो जाना चाहिए, क्योंकि यह भीड़ सरकार के प्रति अपने आक्रोश का प्रतीक होती है.

 Share
ईमेल करें
टिप्पणियां
आंध्र प्रदेश : जगनमोहन रेड्डी की सभा में उमड़ता जनसैलाब चंद्रबाबू नायडू के लिए शुभ संकेत नहीं

विशाखापट्टनम में जगनमोहन रेड्डी की सभा में उमड़ा जनसैलाब.

खास बातें

  1. जगनमोहन रेड्डी की सभा में उमड़ रहा है जनसैलाब
  2. विशाखापट्टनम में उन्हें सुनने लाखों की तादाद में लोग आए
  3. जगनमोहन अपनी 258वें दिन की पदयात्रा के पश्चात विशाखापट्टनम पहुंचे थे
विशाखापट्टनम: कहते हैं कि विरोधी दल की रैली या कार्यक्रमों में अगर भीड़ जरूरत से ज्यादा बढ़ने लगे तो सत्ता व सरकार को सावधान हो जाना चाहिए, क्योंकि यह भीड़ सरकार के प्रति अपने आक्रोश का प्रतीक होती है. कुछ ऐसा ही रविवार को आंध्र प्रदेश के विशाखापट्टनम में तब देखने को मिला, जब शहर के हर सड़क से लोगों का रेला आंध्र प्रदेश में विपक्ष के नेता और YSRCP के अध्यक्ष जगन मोहन रेड्डी की जनसभा में जाने के लिए बेताब दिखा. विशाखापट्टनम का कंचरपालेम इलाका रविवार को एक ऐतिहासिक जनसभा का गवाह बना, जिसमें लगभग डेढ़ लाख लोगों ने शिरकत की.

'पदयात्रा' से गिरती बनती है आंध्र प्रदेश की सरकार, अब नायडू के खिलाफ जगनमोहन रेड्डी तैयार

विशाखापट्टनम के कंचरपालेम में YSRCP के अध्यक्ष जगन मोहन रेड्डी अपनी 258वें दिन की पदयात्रा के पश्चात जनसभा करने के लिए पहुंचे थे. इनदिनों जगन मोहन रेड्डी अपनी 2900 किमी की यात्रा पूरी कर चुके हैं और धीरे धीरे अपनी पदयात्रा के समापन की ओर बढ़ रहे हैं. जैसे-जैसे पद यात्रा अंतिम चरण की ओर बढ़ रही है वैसे वैसे लोगों का समर्थन YSRCP के अध्यक्ष जगन मोहन रेड्डी के प्रति बढ़ता जा रहा है. 
 
2j2icik

चारों रास्ते से आ रहा था हुजूम 
विशाखापट्टनम का कंचरपालेम की ओर आने के 4 रास्ते हैं और चारों रास्ते केवल उन लोगों की भीड़ से भरे थे जो जगन मोहन रेड्डी के समर्थन के लिए जा रही थी. तारीचेटलापालेम रोड हो या ज्ञानपुरम की ओर से आने वाली सड़क, NAD मर्रिपालेम रोड हो कंचरपालेम ब्रिज रोड हर तरह की सड़क पर 2 किमी तक केवल भीड़ ही भीड़ दिख रही थी. 

जगनमोहन रेड्डी के विवादित बोल, 'यदि चंद्रबाबू नायडू को गोली भी मार दी जाए तो गलत नहीं'

सुनामी की आई याद
इस भीड़ को देखकर लोगों ने अपने अपने तरीके से विश्लेषण कर रहे हैं. वाई एस जगनमोहन रेड्डी की पदयात्रा में शामिल होने के लिए एक रिटायर्ड कर्मचारी कृष्ण मोहन ने कहा कि... "हम लोगों ने कुछ साल पहले हुदहुद और सुनामी देखी थी, लेकिन आज तो विशाखापट्टनम में लोगों की सुनामी दिखाई दे रही है."
g9smj238

ये लोग भी आए सुनने
विशाखापट्टनम के कुछ पहाड़ी इलाकों से जुड़े लोग आमतौर पर शहरों में नहीं आते हैं और सरकारें भी उन्हें उपेक्षित किया करती हैं, लेकिन जगनमोहन रेड्डी को सुनने के लिए इन इलाकों के लोग भी अपनी रविवार की छुट्टी भूलकर आए. कप्पाराल्ला का पहाड़ी इलाका, संजीवैय्या कॉलोनी और वर्मा कैम्प के लोगों रविवार की छुट्टी मनाने की वजह जगनमोहन रेड्डी की जनसभा में चंद्रबाबू सरकार की नीतियों के प्रति अपना आक्रोश जातना नहीं भूले. शकुन्तला, पार्वती और सुभद्रा ने एक सुर से कहा कि.... "पिछली बार हमसे गलती हो गयी थी अब कभी भूलकर भी हम लोग चंद्रबाबू पर भरोसा नहीं करेंगे. वह हमारा भला करने के बजाय हमें लूटने पर लगे हैं." 

राजनीतिक रणनीतिकार प्रशांत किशोर का रुख दक्षिण भारत की ओर, अब वाईएसआर कांग्रेस के साथ जुड़े

विशाखापत्तनम के समुद्री तट सन्नाटा
रविवार को लोग अक्सर विशाखापत्तनम के समुद्री तट घूमने के लिए जाया करते हैं लेकिन रविवार को लोग समुद्री तट पर नहीं गए, बल्कि लोग जगनमोहन रेड्डी की जनसभा में उनके विचारों को सुनने के लिए गए. माणिक्य प्रसाद ने कहा कि.. "आज तक विशाखापट्टनम के इतिहास में कभी भी इतनी बड़ी जनसभा नहीं हुई. जनसभा देख कर लगता है कि अब चंद्रबाबू नायडू की सरकार का काम तमाम हो जाएगा."
95lui62

चंद्रबाबू नायडू के लिए शुभ संकेत नहीं 
वरिष्ठ पत्रकार और आंध्र-तेलंगाना राजनीति के जानकार के. रामचंद्र मूर्ति ने कहा कि "यह भीड़ ऐसे इलाके में हुई है जहां पर आमतौर पर वाईएसआरसीपी के समर्थक कम माने जाते हैं और इस इलाके को टीडीपी के गढ़ के रूप में देखा जाता है. इस भीड़ से साफ है कि जनता न तो विशाखापट्टनम के मौजूदा भारतीय जनता पार्टी के सांसद से खुश है और न ही तेलुगू देशम सरकार से. इसलिए लोगों की नाराजगी इस भीड़ के रूप में देखी जा रही है. यह चंद्रबाबू नायडू के लिए शुभ संकेत नहीं है."

काले धन के मुद्दे पर भिड़े चंद्रबाबू और जगन ने प्रधानमंत्री को लिखा अलग-अलग पत्र

बता दें कि 3000 KM के लक्ष्य को लेकर पदयात्रा आरंभ की गई थी. अब पदयात्रा के केवल 100 KM बाकी है. विशाखापट्टनम जिले में जारी वाईएस जगन पदयात्रा के 2900 KM पूरे हुए है. जिले में जारी पदयात्रा के दौरान सब्बावरम गांव के पास यह मील का पत्थर पूरा हुआ है.

2800 KM विशाखापट्टनम जिले के येलमंचिली के पास (24.08.2018)

2700 KM पूर्वी गोदावरी जिले के तुनी के पास (11 अगस्त, 2018)

2600 KM पूर्वी गोदावरी जिले के जग्गमपेट निर्वाचन (शहर) के पास (28 जुलाई, 2018)

2500 KM पूर्वी गोदावरी जिलेके रामचंद्रपुरम निर्वाचन क्षेत्र के पुलसापुड़ीपुल (पुलस्की स्काई वे) के पास (8 जुलाई,2018)

2400 KM पूर्वी गोदावरी जिले के राजोलु निर्वाचन क्षेत्र के लक्कवरम के पास (21 जून, 2018)

2300 KM पश्चिमी गोदावरी जिले के कोव्वूरु निर्वाचन क्षेत्र के नंदमूरु क्रास रोड के पास (11 जून, 2018)

2200 KM पश्चिमी गोदावरी जिले के नरसापुरम निर्वाचन क्षेत्र के रेलवे गेट के पास (30 मई, 2018)

2200 KM पश्चिमी गोदावरी जिले के नरसापुरम निर्वाचन क्षेत्र के रेलवे गेट के पास (30 मई, 2018)

2100 KM पश्चिमी गोदावरी जिले के ताडेपल्लीगुडेम निर्वाचन क्षेत्र के पिप्पारा के पास (22 मई, 2018)

2000 KM पश्चिमी गोदावरी जिले के एलुरु निर्वाचन क्षेत्र में वेंकटपुरम के पास (14 मई, 2018)

1900 KM कृष्णा जिल के पामर्रू निर्वाचन क्षेत्र के ताडंकी के पास (29 अप्रैल, 2018)

1800 KM कृष्णा जिले के मैलवरम निर्वाचन क्षेत्र के गणपवरम के पास (18 अप्रैल, 2018)

1700 KM गुंटूर जिले के तेनाली निर्वाचन क्षेत्र के सुल्तानबाद के पास (7 अप्रैल, 2018)

1600 KM गुंटूर जिले के सत्तेनप्पल्ली निर्वाचन क्षेत्र के पलुदेवर्लपाडू के पास (27 मार्च, 2018)

1500 KM गुंटूर जिले के पोन्नूर निर्वाचन क्षेत्र के मुलुकुदुरु के पास (14 मार्च, 2018)

1400 KM प्रकाशम जिले के अद्दंकी निर्वाचन क्षेत्र के नागुलपाडू के पास (5 मार्च, 2018)

1300 KM प्रकाशम जिले के कनिगीरी मंडलम के नंदनमारेल्लु के पास (25 फरवरी, 2018)

1200 KM प्रकाशम जिल के कंदुकुरु निर्वाचन क्षेत्र के रामकृष्णपुरम के पास (16 फरवरी, 2018)

1100 KM नेल्लोर जिले के आत्मकुरु निर्वाचन क्षेत्र के कलिगिरी के पास (7 फरवरी, 2018)

1000 KM नेल्लोर जिले के वेंकटगिरी निर्वाचन क्षेत्र के मैदापुरम के पास (29 जनवरी, 2018)

0900 KM चित्तूर जिले के श्रीकालहस्ती निर्वाचन क्षेत्र के चेर्लोपल्ली हरिजनवाड़ा के पास (21 जनवरी, 2018)

0800 KM चित्तूर जिले के गंगाधर नेल्लोर निर्वाचन क्षेत्र के नल्लावेंगणगप्पाली के पास (11 जनवरी, 2018)

0400 KM अनंतपुर जिले के शिंगनमला निर्वाचन क्षेत्र के गुमेपल्ली के पास (7 दिसंबर, 2012)

0700 KM चित्तूर जिले के पिलेरु निर्वाचन क्षेत्र के चिंतपर्थी उपनगरी के पास (2 जनवरी, 2018)

0600 KM अनंतपुर जिले के कदिरी निर्वाचन क्षेत्र के कटरुपल्ली क्रॉस रोड के पास (24 दिसंबर, 2017)

0500 KM अनंतपुर जिले के धर्मवरम निर्वाचन क्षेत्र के गोट्लुरु के पास (16 दिसंबर, 2017)

0400 KM अनंतपुर जिला के शिंगनमला निर्वाचन क्षेत्र के गुमेपल्ली के पास (7 दिसंबर, 2012)

0300 KM कर्नूल जिले के एम्मिगुनुरू निर्वाचन क्षेत्र के कारुमंची के पास (29 नवंबर, 2017)

0200 KM कुर्नूल जिले के डोन निर्वाचन क्षेत्र के मुद्दवरम के पास (22 नवंबर, 2017)

0100 KM कुर्नूल जिले के आल्लगड्‍डा निर्वाचन क्षेत्र के चागलमर्रि के पास (14 नवंबर, 2017)

टिप्पणियां
0000 KM वाईएसआर कड़पा जिले के पुलिवेन्दुला निर्वाचन क्षेत्र के इडुपुलपाया के पास (6 नवंबर, 2017)


VIDEO: कालेधन पर भिड़े चंद्रबाबू-जगन, एक-दूसरे पर उठाई उंगली



Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक और गूगल प्लस पर ज्वॉइन करें, ट्विटर पर फॉलो करे...

Advertisement