NDTV Khabar

भाजपा, अन्नाद्रमुक ने तमिलनाडु में मेडिकल उम्मीदवारों के साथ विश्वासघात किया : स्टालिन

न्यायालय ने राज्य सरकार से राज्य में नीट की मेधा सूची के आधार पर एमबीबीएस और बीडीएस सीटों के लिए दाखिले की काउंसलिंग करने तथा चार सितंबर तक यह प्रक्रिया पूरी करने को कहा था.

 Share
ईमेल करें
टिप्पणियां
भाजपा, अन्नाद्रमुक ने तमिलनाडु में मेडिकल उम्मीदवारों के साथ विश्वासघात किया : स्टालिन

एमके स्टालिन (फाइल फोटो)

खास बातें

  1. हजारों ग्रामीण छात्रों के साथ विश्वासघात हुआ है
  2. द्रमुक ने इस मुद्दे पर एक आंदोलन का नेतृत्व किया
  3. नीट लागू करने की भाजपा नीत सरकार का कदम सामाजिक न्याय को प्रभावित करेगा.
चेन्नई: द्रमुक ने ‘नीट’ मुद्दे पर केंद्र की भाजपा नीत सरकार और तमिलनाडु की सत्तारूढ़ अन्नाद्रमुक को गुरुवार को आड़े हाथ लिया और उन पर राज्य के हजारों मेडिकल उम्मीदवारों, खासतौर पर ग्रामीण इलाकों के छात्रों से विश्वासघात करने का आरोप लगाया. द्रमुक ने इस मुद्दे पर यहां एक आंदोलन का नेतृत्व किया जिसमें कई पार्टियां शामिल हुई. दरअसल, दो दिन पहले ही केंद्र ने उच्चतम न्यायालय से कहा था कि यह हाल ही में तमिलनाडु द्वारा पारित उस अध्यादेश का समर्थन नहीं करती है जिसके तहत उसे इस साल की राष्ट्रीय पात्रता व प्रवेश परीक्षा (नीट) के दायरे से बाहर रखा गया है.

न्यायालय ने राज्य सरकार से राज्य में नीट की मेधा सूची के आधार पर एमबीबीएस और बीडीएस सीटों के लिए दाखिले की काउंसलिंग करने तथा चार सितंबर तक यह प्रक्रिया पूरी करने को कहा था.

यह भी पढे़ं : तमिलनाडु में नीट से ही होगा मेडिकल कोर्सेस में एडमिशन, सुप्रीम कोर्ट ने सुनाया फैसला

प्रदर्शन का नेतृत्व करते हुए यहां द्रमुक के कार्यकारी प्रमुख एवं विपक्ष के नेता एमके स्टालिन ने कहा कि नीट को पेश करने से हजारों ग्रामीण छात्रों के साथ विश्वासघात हुआ है जो मेडिकल पाठ्यक्रमों में शामिल होने की आकांक्षा रखते हैं. उन्होंने कहा कि तमिलनाडु द्वारा अपने अधिकारों को केंद्र के पास गिरवी रख देने के मद्देनजर यह प्रदर्शन किया जा रहा है.

स्टालिन ने कहा कि छात्रों के सपने किस तरह दफन कर दिए गए. केंद्र की भाजपा और तमिलनाडु की अन्नाद्रमुक ने ऐसा किया. प्रदर्शन में द्रमुक की सहयोगी कांग्रेस, माकपा, भाकपा, वीसीके और एमएमके शामिल हुई.

यह भी पढे़ं : बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह का तमिलनाडु दौरा हुआ स्थगित

टिप्पणियां
उन्होंने कहा कि नीट लागू करने की भाजपा नीत सरकार का कदम सामाजिक न्याय को प्रभावित करेगा. इससे तमिलनाडु की आरक्षण नीति भी प्रभावित होगी.

VIDEO : 6 महीने बाद AIADMK के दोनों धड़ों का हुआ विलय​

स्टालिन ने कल राज्य सरकार द्वारा जारी की गई नीट मेधा सूची को लेकर रोष जाहिर किया और कहा कि शीर्ष 20 छात्रों में सिर्फ पांच ही राज्य बोर्ड से हैं जबकि कई अन्य छात्र दूसरे राज्यों से हैं.(इनपुट भाषा से)


Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक और गूगल प्लस पर ज्वॉइन करें, ट्विटर पर फॉलो करे...

Advertisement