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ऑल इंग्‍लैंड बैडमिंटन : कोई भारतीय महिला अब तक नहीं बनी चैंपियन, क्‍या सिंधु अथवा साइना नेहवाल करेंगी यह कमाल...

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ऑल इंग्‍लैंड बैडमिंटन : कोई भारतीय महिला अब तक नहीं बनी चैंपियन, क्‍या सिंधु अथवा साइना नेहवाल करेंगी यह कमाल...

सिंधु को टूर्नामेंट में छठी और साइना को आठवीं वरीयता दी गई है (फाइल फोटो)

खास बातें

  1. पुरुषों में प्रकाश पादुकोण और गोपीचंद ने जीता है यह खिताब
  2. सिंधु को छठी और साइना को मिली है आठवीं वरीयता
  3. कैरोलीना मॉरिन बन सकती हैं खिताब की राह में चुनौती
बर्मिघम: भारत की दो शीर्ष महिला बैडमिंटन खिलाड़ी पीवी सिंधु और साइना नेहवाल आल इंग्लैंड ओपन में भारत की चुनौती पेश करने उतरेंगी. मंगलवार से प्रारंभ होने जा रही इस चैम्पियनशिप में इन दोनों ओलिंपिक की पदकधारी खिलाड़ि‍यों की नजर इतिहास रचने पर होगी. साना और सिंधु इस टूर्नामेंट को जीतने वाली पहली भारतीय महिला खिलाड़ी बनने के लक्ष्य से दुनिया की शीर्ष खिलाड़ियों की चुनौतियों का सामना करेंगी. अब तक सिर्फ दो भारतीय खिलाड़ी ही इस टूर्नामेंट को जीतने में सफल रहे हैं. प्रकाश पदुकोण ने 1980 में और मौजूदा भारतीय टीम के कोच पुलेला गोपीचंद ने 2001 में यह खिताब जीता थी, लेकिन कोई महिला खिलाड़ी अब तक इस खिताब को जीतने में सफल नहीं हुई है.

टूर्नामेंट में सिंधु को छठी वरीयता मिली है. वह अपने पहले मुकाबले में डेनमार्क की मैटी पाउलसन के सामने होंगी. लंदन ओलिंपिक में ब्रॉन्‍ज मेडलिस्‍ट साइना को टूर्नामेंट में आठवीं वरीयता मिली है. वह अपने पहले मुकाबले में जापान की नोजोमी ओकुहारा से भिड़ेंगी. साइना 2015 में इस टूर्नामेंट के फाइनल में पहुंची थीं लेकिन दूसरी वरीयता प्राप्त स्पेन की कैरोलिना मॉरिन ने उनको शिकस्त देकर साइना से इतिहास रचने का मौका छीन लिया था. हालांकि इस बार भी उनसे उम्मीदें कम नहीं हैं, लेकिन उम्मीदों के इस बोझ को वह रियो ओलिंपिक में सिल्‍वर मेडल जीतने वाली सिंधु के साथ साझा करेंगी.

बीते साल शानदार प्रदर्शन कर सिंधु विश्व पटल पर मजबूत प्रतिद्वंद्वी के रूप में खुद को स्थापित करने में सफल रही हैं और इसी कारण उनसे इस टूर्नामेंट में जीत की उम्मीदें पहले से ज्यादा बढ़ गई हैं. दोनों खिलाड़ियों ने इस साल एक-एक खिताब अपने नाम किया है. साइना ने मलेशियन मास्टर्स में जीत हासिल की थी, तो सिंधु ने सैयद मोदी टूर्नामेंट जीतकर इस साल खाता खोला था. दूसरी विश्व वरीयता प्राप्त स्पेनिश स्टार कैरोलीना मॉ‍रिन एक बार फिर सिंधु और साइना की राह का सबसे बड़ा कांटा होंगी. मॉरिन के अलावा, चीनी ताइपे की ताई जु यिंग, कोरिया की सुंग जी ह्यून, चीन की सुन यु भी भारतीय खिलाड़ियों को चुनौती देती नजर आएंगी.

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वहीं, पुरुष वर्ग में एच.एस प्रनॉय, किदाम्बी श्रीकांत, अजय जयराम भारतीय चुनौती पेश करेंगे. प्रनॉय चीन के कियाओ बिन, अजय जयराम चीन के ही हुयांग युझियांग और भारत के पदक से सबसे बड़े दावेदार श्रीकांत क्वालीफाइंग दौर से मुख्य दौर में जगह बनाने वाले खिलाड़ी के खिलाफ अपने-अपने अभियानों का आगाज करेंगे. बीते एक वर्ष से शानदार फॉर्म में चल रहे समीर वर्मा और उनके भाई सौरभ वर्मा भी इस टूर्नामेंट में अपनी किस्मत आजमा रहे हैं। हालांकि इन दोनों भाइयों को मुख्य दौर में जाने के लिए क्वालीफाइंग दौर से गुजरना होगा.टूर्नामेंट के क्वालीफायर राउंड मंगलवार को खेले जाएंगे. पुरुष युगल में मनु अत्री और बी. सुमीत रेड्डी, महिला युगल वर्ग में जाक्मपुडी मेघना और पूर्वीशा एस. राम, मिश्रित युगल वर्ग में प्रणव जेरी चोपड़ा और एन. सिक्की रेड्डी देश की बागडोर संभालेंगी. अश्विनी पोनप्पा और एन. सिक्की रेड्डी को महिला युगल के मुख्य दौर में जाने के लिए क्वालीफाइंग दौर खेलना होगा.

(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)


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