कुछ ऐसे फाइनल में हार गईं मैरी कॉम और सीमा पूनिया

यह परिणाम बताता है कि अगर आगे बड़ी प्रतियोगिताओं में मेरी कॉम को बेहतर करना है, तो उन्हें अपने प्रदर्शन का स्तर ऊंचा उठाना होगा.

कुछ ऐसे फाइनल में हार गईं मैरी कॉम और सीमा पूनिया

मेरी कॉम का फाइल फोटो

खास बातें

  • मैरी कॉम को 48 किलोग्राम वर्ग में हुई हार
  • बुल्गारिया की सेवदा एसेनोवा ने दी मात
  • सीमा को रूस की एना इवानोवा ने हराया
नई दिल्ली:

भारत की स्टार महिला मुक्केबाज एमसी मैरी कॉम और समी पूनिया को 69वें स्ट्रैंड्जा मेमोरियल मुक्केबाजी टूर्नामेंट के फाइनल में हार का सामना करना पड़ा. इन दोनो को रजत पदक से संतोष करना पड़ा. लंदन ओलम्पिक में कांस्य पदक जीतने वाली और पांच बार की विश्व चैंपियन मैरी कॉम को 48 किलोग्राम वर्ग में बुल्गारिया की सेवदा एसेनोवा के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा जबकि सीमा को 89 किलोग्राम से अधिक भार वर्ग में रूस की एना इवानोवा ने मात दी.
 

यह टूर्नामेंट राजस्थान की 27 वर्षीय मुक्केबाज सीमा पूनिया के लिए बहुत खास रहा, जिन्होंने चार महीने पहले एशियाई चैंपियनशिप में कांस्य पदक हासिल किया था. कुल मिलाकर यह टूर्नामेंट भारतीय महिलाओं के लिए सफल रहा. उन्होंने इस टूर्नामेंट में दो रजत और चार कांस्य पदक जीते. सेमीफाइनल मुकाबले में हारने के बाद लैशराम सरिता देवी (60 किलोग्राम), मीनाकुमारी देवी मैसनाम (54 किलोग्राम), भाग्यबती कछारी (81 किलोग्राम) और स्वीटी बोरा (75 किलोग्राम) ने कांस्य पदक जीता।

यह भी पढ़ें : 'कुछ ऐसे' बदली इस साल भारतीय मुक्केबाजों ने खेल की तस्वीर

Newsbeep

टूर्नामेंट के पुरुष वर्ग मे भारतीय चुनौती अभी पूरी तरह से समाप्त नहीं हुई है. अमित फंगल (49 किलोग्राम), गौरव सोलंकी (52 किलोग्राम) और विकास कृष्ण यादव (75 किलोग्राम) फाइनल मुकाबले में स्वर्ण पदक की उम्मीद लेकर उतरेंगे.

Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com


VIDEO : जब मेरी कॉम ने ओलंपिक में भारत के लिए पदक पक्का किया.
यूरोप के सबसे पुराने मुक्केबाजी प्रतियोगिताओं में से एक इस टूर्नामेंट के फाइनल में दोनों भारतीय मुक्केबाज अंक के आधार पर हारीं