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रायबरेली में NTPC में बॉयलर फटने से अब तक 30 लोगों की गई जान

घायलों को सफ़दरजंग लाने के लिए मेदांता अस्पताल की दो एम्बुलेंस को ग्रीन कॉरिडोर से निकाला गया. इसकी वजह से 21 किलोमीटर की दूरी महज़ 24 मिनट में तय कर घायलों को दिल्ली लाया जा सका. 

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रायबरेली में NTPC में बॉयलर फटने से अब तक 30 लोगों की गई जान

एनटीपीसी के घायलों को अस्पताल ले जाती एंबुलेंस.

खास बातें

  1. NTPC में बॉयलर फटा था
  2. बॉयलर फटने के बाद कई लोग चपेट में आए
  3. अब तक मरने वालों की संख्या 30 तक पहुंची
नई दिल्ली: रायबरेली में NTPC में बॉयलर फटने से 30 लोगों ने अपनी जान गंवा दी. करीब 65 लोग ज़ख़्मी हैं. कई घायलों को ग्रीन कॉरिडोर बनाकर इलाज के लिए गुड़गांव से दिल्ली के सफ़दरजंग अस्पताल लाया गया है. घायलों को सफ़दरजंग लाने के लिए मेदांता अस्पताल की दो एम्बुलेंस को ग्रीन कॉरिडोर से निकाला गया. इसकी वजह से 21 किलोमीटर की दूरी महज़ 24 मिनट में तय कर घायलों को दिल्ली लाया जा सका. 

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यह भी पढ़ें : NTPC हादसे में घायल चश्मदीद ने बताया, 'पहले बॉयलर हिलने लगा, और फिर विस्फोट हो गया'

स्वास्थ्य राज्यमंत्री अनुप्रिया पटेल घायलों को देखने सफ़दरजंग अस्पताल पहुंची और डॉक्टरों को मरीज़ों के बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं और इलाज के निर्देश दिए. इससे पहले कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी और केंद्रीय बिजली मंत्री आरके सिंह ने रायबरेली में पीड़ितों से मुलाकात की और घटनास्थल का जायज़ा लिया. केंद्र सरकार ने इसकी विभागीय जांच भी बिठा दी है.

उत्तर प्रदेश के रायबरेली में एनटीपीसी के बॉयलर में हुए धमाके में मरने वालों की तादाद तीस हो गई. करीब 65 लोग ज़ख़्मी हैं.
VIDEO: एनटीपीसी हादसे में मरने वालों की संख्या 30 हुई.
इनमें से आधे पचास से 98 फ़ीसद तक जल जाने की वजह से गंभीर हालत में हैं. कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी और केंद्रीय बिजली मंत्री आरके सिंह ने आज रायबरेली में पीड़ितों से मुलाकात की और घटनास्थल का जायज़ा लिया. केंद्र सरकार ने इसकी विभागीय जांच भी बिठा दी है.
 


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