मोदी सरकार के इस मंत्री की मांग: गरीब सवर्णों को मिले 25 प्रतिशत आरक्षण, दायरा 50 से बढ़ाकर 75 फीसदी किया जाए

रामदास अठावले ने लखनऊ में प्रेस कांफ्रेंस में एक सवाल पर कहा कि उनका मानना है कि गरीब सवर्णों को 25 प्रतिशत आरक्षण का बिल पारित हो जाए तो सभी का भला हो जाएगा.

मोदी सरकार के इस मंत्री की मांग: गरीब सवर्णों को मिले 25 प्रतिशत आरक्षण, दायरा 50 से बढ़ाकर 75 फीसदी किया जाए

एससी-एसटी एक्ट के खिलाफ में भारत बंद के दौरान सवर्ण समुदाय के लोग

लखनऊ:

मोदी सरकार में केन्द्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता राज्यमंत्री रामदास अठावले ने आर्थिक रूप से कमजोर सवर्णों को 25 प्रतिशत आरक्षण देने की राय जाहिर करते हुए शुक्रवार को कहा कि इसके लिये आरक्षण के दायरे को 50 से बढ़ाकर 75 प्रतिशत करना होगा और इसके लिये सभी दलों को सरकार का साथ देना चाहिये. 

आखिर क्या है SC/ST Act, जिसके खिलाफ में देश के सवर्ण 'भारत बंद' के नाम पर हुए हैं लामबंद

रामदास अठावले ने लखनऊ में प्रेस कांफ्रेंस में एक सवाल पर कहा कि उनका मानना है कि गरीब सवर्णों को 25 प्रतिशत आरक्षण का बिल पारित हो जाए तो सभी का भला हो जाएगा. सवर्ण सोचते हैं कि दलितों को आरक्षण मिलता है, मगर उन्हें नहीं दिया जाता. सरकार अगर आरक्षण के दायरे को 75 प्रतिशत तक बढ़ाये तो मुझे लगता है कि सभी को आरक्षण का लाभ मिल जाएगा. सभी दलों को इसके लिये सरकार का साथ देना चाहिये.  उन्होंने यह भी कहा कि सरकार संसद के शीतकालीन सत्र के दौरान पदोन्नति में आरक्षण देने पर भी विचार कर सकती है.

एससी/एसटी एक्ट का विरोध करने वालों से बीएसपी सहमत नहीं, आरएसएस-बीजेपी कर रही है घिनौनी राजनीति : मायावती

केन्द्रीय मंत्री ने एससी/एसटी कानून में उच्चतम न्यायालय के आदेश को पलटने के सरकार के फैसले का जिक्र करते हुए दोहराया कि अब कानून में कोई बदलाव नहीं किया जाएगा. वह सभी पक्षों को बुलाकर बात करेंगे और उन्हें विश्वास दिलाएंगे कि इस कानून का दुरुपयोग नहीं किया जाएगा. उन्होंने कहा कि सवर्णों को कानून में परिवर्तन की मांग करने के बजाय दलितों के प्रति अपनी सोच बदलनी चाहिये.

SC/ST Act पर सुमित्रा महाजन: बच्चों को दी जा चुकी चॉकलेट समझा-बुझाकर ही वापस ली जा सकती है

रामदास अठावले ने कहा कि सरकार के कदम के खिलाफ कल भाजपा शासित राज्यों में हुआ ‘भारत बंद‘, दरअसल विपक्षी दलों की हरकत थी और सरकार को बदनाम करने के लिये उन्होंने ऐसा किया. रिपब्लिकन पार्टी आफ इण्डिया (आरपीआई) के अध्यक्ष अठावले ने वर्ष 2019 के लोकसभा चुनाव में उत्तर प्रदेश की तीन-चार सीटों पर चुनाव लड़ने की इच्छा जताते हुए कहा कि वह इस सिलसिले में भाजपा अध्यक्ष अमित शाह से बात करेंगे. 

भारत बंद क्यों है? SC/ST Act के खिलाफ सड़कों पर क्यों उतरे हैं सवर्ण

उन्होंने दावा किया कि बसपा के कई मजबूत नेता उनके सम्पर्क में हैं और आरपीआई के साथ आने से भाजपा को चुनाव में और भी लाभ मिलेगा. अठावले ने यह भी दावा किया कि भाजपा आगामी लोकसभा चुनाव में 300 सीटें जीत सकती है.

Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com

VIDEO: बसपा मुखिया मायावती बोलीं-एससी-एसटी ऐक्ट पर बीजेपी कर रही है घिनौनी राजनीति

(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)