अमेरिका : चुनाव में करारी हार से भन्नाए ट्रंप, रक्षा मंत्री मार्क एस्पर को पद से हटाया

ट्रंप ने राष्ट्रीय आतंकवाद निरोधी केंद्र के निदेशक क्रिस्टोफर मिलर को तत्काल प्रभाव से अंतरिम रक्षा मंत्री बनाया

अमेरिका : चुनाव में करारी हार से भन्नाए ट्रंप, रक्षा मंत्री मार्क एस्पर को पद से हटाया

अमेरिका में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रक्षा मंत्री मार्क एस्पर को पद से हटा दिया है (फाइल फोटो).

वाशिंगटन:

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) को चुनाव में मिली हार की गाज रक्षा मंत्री (Defense Secretary) मार्क एस्पर (Mark Esper) पर गिरी है. ट्रंप ने उन्हें पद से हटा दिया है. ट्रंप ने एक ट्वीट में कहा कि राष्ट्रीय आतंकवाद निरोधी केंद्र के निदेशक क्रिस्टोफर मिलर (Christopher Miller) को तत्काल प्रभाव से अंतरिम रक्षा मंत्री बनाया जाता है. गौरतलब है कि ट्रंप और एस्पर के संबंधों में काफी समय से खटास है.

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप चुनाव में  हार को पचा नहीं पा रहे हैं. वे हार मानने को तैयार नहीं हैं जबकि उनकी पत्नी और फर्स्ट लेडी मेलानिया ट्रंप (First Lady Melania Trump) ने भी उन्हें चुनाव में हार स्वीकार करने की सलाह दी है. उनके दामाद जेरेड कुशनर (Jared Kushner) और अन्य करीबी पहले ही ट्रंप से हार मान लेने की गुहार लगा चुके हैं. राष्ट्रपति चुनाव (President Election) में डेमोक्रेट उम्मीदवार जो बाइडेन ने 270 से ज्यादा निर्वाचक वोट के साथ बहुमत हासिल किया है. हालांकि ट्रंप ने अभी नरमी के कोई संकेत नहीं दिए हैं. ट्रंप ने आखिरी बयान में कहा था, जो बाइडेन (Joe Biden) गलत तरीके से खुद को विजेता के तौर पर पेश कर रहे हैं और दौड़ अभी खत्म नहीं हुई है.

Newsbeep

सीएनएन ने सूत्रों के आधार पर कहा कि मेलानिया ने खुले तौर पर चुनाव को लेकर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है. लेकिन उन्होंने निजी तौर पर अपनी राय ट्रंप (Donald Trump) के समक्ष रखी है. सूत्रों का कहना है कि फर्स्ट लेडी मेलानिया ने अपनी राय व्यक्त की है, जैसा कि वह करती रही हैं.  मेलानिया ने राष्ट्रपति चुनाव के दौरान अपने पति के लिए प्रचार भी किया था. ट्रंप के दामाद और उनके वरिष्ठ सलाहकार जेरेड कुशनर पहले ही उनसे चुनाव नतीजे को स्वीकार करने का अनुरोध कर चुके हैं.

Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com


ट्रंप का आरोप है कि एक नेटवर्क डेमोक्रेट की मदद कर रहा है. उन्होंने कोर्ट में नतीजों को चुनौती देने की बात भी कही है. बाइडेन और ट्रंप के बीच राष्ट्रपति चुनाव में कांटे की टक्कर थी, लेकिन पेनसिल्वेनिया में जीत के साथ बाइडेन ने 270 के बहुमत से कहीं ज्यादा वोट जुटा लिए. बाइडेन तीसरे प्रयास में राष्ट्रपति पद तक पहुंचे हैं. 78 साल के बाइडेन अमेरिका के सबसे उम्रदराज राष्ट्रपति चुने गए हैं.