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अफगानिस्तान : काबुल के सदारत चौक पर हुए आत्मघाती हमले में अब तक 102 की मौत, एबुंलेस में भरा था विस्फोटक

स्वास्थ्य एवं आंतरिक मंत्रालय के सूत्रों ने स्थानीय मीडिया को बताया कि कम से कम 102 लोगों की मौत हो गई है और 196 अन्य घायल हुए हैं. अपराह्न् लगभग 12.50 बजे एक पुरानी इमारत के निकट यह हमला हुआ. इस इमारत में अभी भी कुछ मंत्रालयों के कार्यालय हैं.

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अफगानिस्तान : काबुल के सदारत चौक पर हुए आत्मघाती हमले में अब तक 102 की मौत, एबुंलेस में भरा था विस्फोटक

फाइल फोटो

खास बातें

  1. काबुल में आत्मघाती हमला
  2. अब तक हो चुकी है 102 की मौत
  3. एंबुलेंस में छिपाया गया था विस्फोटक
नई दिल्ली:

अफगानिस्तान की राजधानी काबुल   के मध्य सदारत चौक के निकट तालिबान के एक आत्मघाती हमलावर ने विस्फोटकों से भरे एक एंबुलेंस का उड़ा दिया, जिसमें 102 लोगों की मौत हो गई और लगभग 200 लोग घायल हो गए हैं. स्वास्थ्य एवं आंतरिक मंत्रालय के सूत्रों ने स्थानीय मीडिया को बताया कि कम से कम 102 लोगों की मौत हो गई है और 196 अन्य घायल हुए हैं. अपराह्न् लगभग 12.50 बजे एक पुरानी इमारत के निकट यह हमला हुआ. इस इमारत में अभी भी कुछ मंत्रालयों के कार्यालय हैं.

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समाचार एजेंसी एफे के अनुसार, काबुल पुलिस के प्रवक्ता बशीर मुजाहिद ने पुष्टि की कि एक आत्मघाती हमलावर ने विस्फोटकों से भरी एक कार में बैठकर मंत्रालय परिसर में प्रवेश करने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस द्वारा पहचाने जाने पर उसने वाहन को जांच चौकी पर ही उड़ा दिया. तालिबान ने सोशल नेटवर्किं ग साइट ट्विटर पर हमले की जिम्मेदारी लेते हुए लिखा, "एक कार बम में सवार एक शहीद आंतरिक मंत्रालय के नजदीक पहली जांच चौकी पर पहुंच गया". तालिबान के प्रवक्ता जबीहुल्ला मुजाहिद ने कहा कि विस्फोट के समय उस क्षेत्र में भारी संख्या में पुलिस अधिकारी मौजूद थे.


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उस क्षेत्र में जम्हूरियत अस्पताल, कुछ गैर सरकारी संगठनों के कार्यालय और भीड़ भरा बाजार है. पिछले सप्ताहांत में काबुल में एक अंतर्राष्ट्रीय होटल पर हमलावरों ने हमला कर दिया था। इस हमले में 20 लोगों की मौत हो गई थी. पिछले बुधवार को इस्लामिक स्टेट ने स्वयंसेवी संस्था 'सेव द चिल्ड्रन्स' के मुख्यालय पर हमला कर दिया था. जिसमें चार संस्था कर्मी, एक राहगीर एक सुरक्षाकर्मी के अलावा पांच आतंकवादी मारे गए थे. संयुक्त राष्ट्र की एक रपट के मुताबिक, 2012 के बाद पहली बार नागरिकों की मौत की संख्या में 2017 के प्रथम पांच महीनों में हालांकि छह प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई थी. इस दौरान 2,640 लोगों की मौत हुई और 5,379 लोग घायल हुए थे.


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