NDTV Khabar

अंतरराष्ट्रीय समुदाय को आतंकवाद रोधी कोशिशों पर पाक का समर्थन करना चाहिए : चीन

विदेश मंत्री सुषमा स्वराज की यात्रा से एक दिन पहले चीन ने आज अपने मित्र देश पाकिस्तान का समर्थन किया और इसकी आतंकवाद रोधी कोशिशों में अंतरराष्ट्रीय समुदाय से सहयोग की अपील की है.

 Share
ईमेल करें
टिप्पणियां
अंतरराष्ट्रीय समुदाय को आतंकवाद रोधी कोशिशों पर पाक का समर्थन करना चाहिए : चीन

फाइल फोटो

खास बातें

  1. चीन ने किया पाक का समर्थन
  2. आतंकवाद रोधी कोशिशों पर किया समर्थन
  3. विदेश मंत्री सुषमा स्वराज के दौरे से पहले आया बयान
बीजिंग: विदेश मंत्री सुषमा स्वराज की यात्रा से एक दिन पहले चीन ने आज अपने मित्र देश पाकिस्तान का समर्थन किया और इसकी आतंकवाद रोधी कोशिशों में अंतरराष्ट्रीय समुदाय से सहयोग की अपील की है. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा पाकिस्तान को ‘आतंक निर्यात फैक्टरी’ बताए जाने के बाद चीन ने यह कहा है. विदेश मंत्री सुषमा स्वराज 24 अप्रैल को होने वाली बैठक में भाग लेने के लिए कल यहां पहुंच रही हैं. वह अपने चीनी समकक्ष् वांग यी से रविवार को मिलने वाली हैं. चीनी विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता हुआ चुनयिंग ने यहां मीडिया ब्रीफिंग में कहा कि आतंकवाद रूपी दुश्मन का सब सामना कर रहे हैं. अंतरराष्ट्रीय समुदाय को इसके खिलाफ लड़ने के लिए काम करना चाहिए. लंदन में एक भाषण के दौरन मोदी द्वारा पाकिस्तान को ‘आतंक निर्यात फैक्टरी’ कहे जाने के बाद चीन की यह प्रतिक्रिया आई है. 

यह भी पढ़ें:  चीन ने दिया भारत-नेपाल-चीन आर्थिक गलियारा बनाने का प्रस्ताव

हुआ ने कहा, ‘‘हमें आशा है कि अंतरराष्ट्रीय समुदाय आतंकवाद का मुकाबला करने में पाकिस्तान की कोशिशों का समर्थन करेगा और इस बारे में उसके साथ प्रभावी सहयोग कर सकता है.’’ गौरतलब है कि मोदी ने बुधवार को लंदन में ‘भारत की बात, सबके साथ’ कार्यक्रम में कहा था कि भारत आतंकवाद का निर्यात करने वालों को बर्दाश्त नहीं करेगा और उन्हें उस भाषा में जवाब देगा जो वह समझते हैं. उन्होंने नियंत्रण रेखा (एलओसी) पार 2016 में किए गए ‘सर्जिकल स्ट्राइक’ का जिक्र करते हुए यह कहा था. शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) के विदेश मंत्रियों की बैठक से पहले हुआ की यह टिप्पणी आई है. यह बैठक अगले हफ्ते की शुरूआत में होने वाली है. 

टिप्पणियां
यह भी पढ़ें: 2018 और 2019 में चीन से ज्यादा होगी भारत की विकास दर: IMF

वहीं, अलग से रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण उसी दिन एससीओ रक्षा मंत्रियों की बैठक में शरीक होंगी. आठ सदस्यीय संगठन में भारत और पाकिस्तान को शामिल किए जाने के बाद यह इसकी प्रथम बैठक है. इस संगठन में चीन और रूस अहम भूमिका निभाते हैं. इस साल जून में चीन में होने वाले एससीओ के सम्मेलन में भी मोदी शरीक होने वाले हैं. हुआ ने कहा कि आतंकवाद से जुड़े मुद्दों पर एससीओ के विदेश मंत्रियों की बैठक में चर्चा होगी.


Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक और गूगल प्लस पर ज्वॉइन करें, ट्विटर पर फॉलो करे...

Advertisement