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नाइजीरिया के आतंकी संगठन बोको हराम के बारे में 10 बातें

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नाइजीरिया के आतंकी संगठन बोको हराम के बारे में 10 बातें
नई दिल्ली: नाइजीरिया के आतंकी संगठन बोको हराम पर दो हज़ार लोगों के नरसंहार का आरोप है। मीडिया रिपोर्ट्स में कहा जा रहा है कि बोको हराम के आतंकियों ने 16 गांवों और कस्बों को पूरी तरह से तबाह कर दिया है। इस संगठन के बारे में दस बातें-
 
1. बोको हराम नाइजीरिया का सबसे खतरनाक आतंकी संगठन बनकर उभरा है। इस संगठन का मुख्यालय नाइजीरिया के उत्तरी पूर्वी शहर मैडुगुरी में है। संगठन का पूरा नाम है जमाते एहली सुन्ना लिदावति वल जिहाद है।

2. नाइजीरिया की स्थानीय होसा भाषा के मुताबिक, बोको हराम का शाब्दिक मतलब है, 'पश्चिमी शिक्षा वर्जित है' बोको हराम उस संगठन के लोगों को कहा जाता है, जो पश्चिमी शिक्षा का विरोध कर रहे हैं और पैगंबर मोहम्मद की शिक्षा को विश्वभर में फैलाने को प्रतिबद्ध हैं।
 
3. इसकी स्थापना 2002 में मुस्लिम धर्मगुरु मोहम्मद यूसुफ ने कही थी। उन्होंने मैडुगुरी में एक स्कूल और मस्जिद की स्थापना की। उसके शिक्षण केंद्र में ईसाइयों द्वारा भेदभाव के शिकार हुए मुस्लिम इस केंद्र की ओर तेजी से आकर्षित हुए।
 
4. बोको हराम मुस्लिम समुदाय को पश्चिमी समाज के हर चलन का विरोध करता है। चाहे वो चुनाव में वोट डालना हो या फिर शर्ट पैंट पहनना हो या फिर धर्मनिरपेक्ष शिक्षा हासिल करना हो।
 
5. बोको हराम का उद्देश्य नाइजीरिया की सरकार को उखाड़ फेंक इस्लामिक राज्य स्थापित करना है। करीब 18 करोड़ की आबादी वाले नाइजीरिया में बोको हराम को मुस्लिम बहुल इलाकों में समर्थन भी मिलता रहा है।

6. 2009 में सरकारी सैन्य कार्रवाई में बोको हराम के सैकड़ों समर्थक मारे गए थे। नाइजीरियाई सेना ने बोको हराम के मुखिया यूसुफ को भी मार डाला था, उसके शव को राष्ट्रीय टेलीविजन पर भी दिखाया गया। सरकार ने घोषणा की देश में बोको हराम का सफाया हो गया।

7. यूसुफ की मौत के एक साल के बाद ही बोको हराम ने जोरदार वापसी की। यूसुफ के डिप्टी रहे आबू बाकेर शेखू के नेतृत्व में (इस नेता के बारे में बाहर की दुनिया को बेहद कम मालूम है) संगठन ने देश में बड़े पैमाने पर नरसंहार का काम शुरू किया।

8. नाइजीरिया में बोको हराम की हिंसा के पीछे एक बड़ी वजह यह भी है कि नाइजीरिया सेना के पास अत्याधुनिक हथियारों की कमी है। उनके पास बुनियादी प्रशिक्षण का भी अभाव है जबकि बोको हराम के आतंकवादियों के पास कहीं बेहतर हथियार और प्रशिक्षण हासिल है।

9. बोको हराम आतंकी संगठन ने 2002 से 2013 के बीच करीब दस हजार लोगों की हत्याएं की हैं। अमूमन ये संगठन खास अंदाज में नरसंहार को अंजाम देता है। इसके लड़ाके मोटरबाइक पर आकर संगठन का विरोध करने वाले पुलिस अधिकारियों और राजनेताओं की हत्या करते हैं। संगठन की आलोचना करने वालों के अलावा ये मुस्लिम धर्मगुरुओं को भी निशाना बनाने लगे हैं।
 
10. बोको हराम को पैसे कहां से मिलते हैं, संगठन कितना बड़ा है और कितने प्रशिक्षित आतंकवादी संगठन से जुड़े हैं, इसको लेकर ज्यादा जानकारी उपलब्ध नहीं है, हालांकि अमेरिकी सरकार ने नवंबर 2013 में बोको हराम को आतंकवादी संगठन घोषित करते हुए शेखू पर 70 लाख डॉलर की इनामी रकम घोषित की थी। अमेरिका के मुताबिक, बोको हराम का पश्चिमी अफ्रीका में अल-कायदा से भी जुड़ाव है।


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