NDTV Khabar

रेप के आरोपी संदीप कुमार BJP के लिए मांगने निकले वोट तो, Twitter पर ली गई चुटकी

6.2K Shares
ईमेल करें
टिप्पणियां
रेप के आरोपी संदीप कुमार BJP के लिए मांगने निकले वोट तो, Twitter पर ली गई चुटकी

रेप के आरोपी पूर्व आप नेता संदीप कुमार घर-घर जाकर बीजेपी के लिए वोट मांग रहे हैं.

खास बातें

  1. एमसीडी चुनाव में बीजेपी के लिए वोट मांगते दिखे पूर्व मंत्री संदीप कुमार
  2. दिल्ली सरकार में मंत्री रहते हुए लगे थे रेप के आरोप
  3. सीएम केजरीवाल ने पार्टी और सरकार से किया था बर्खास्त
नई दिल्ली: रेप के आरोप में जेल जा चुके दिल्ली के बर्खास्त मंत्री संदीप कुमार एमसीडी चुनावों में बीजेपी के लिए प्रचार करते देखे जा रहे हैं. संदीप कुमार घर-घर जाकर बीजेपी के लिए वोट मांग रहे हैं. संदीप कुमार की कथित सेक्स सीडी सार्वजनिक होने के बाद आम आदमी पार्टी ने उन्हें पार्टी से निकाल दिया था. अब बीजेपी के लिए उनके प्रचार करने पर ट्विटर पर लोग #राशन_कार्ड_भाजपा_के_साथ का हैशटैग पर जमकर कमेंट कर रहे हैं. ज्यादातर ट्वीट में लोग संदीप कुमार के राशन कार्ड के बदले महिला से रेप की बात को जोर शोर से उठा रहे हैं. लोग पूर्व आप नेता शाजिया इल्मी के बीजेपी में शामिल होने की बात को भी फिर से याद दिला रहे हैं. आइए कुछ मजेदार ट्वीट पर नजर डालें. मालूम हो कि संदीप कुमार की कथित सेक्स की सीडी सामने आने के बाद बीजेपी ने इस मुद्दे को जोर शोर से उठाया था. तब संदीप कुमार दिल्‍ली की सरकार में एससी/एसटी कल्‍याण और महिला एवं बाल कल्‍याण मंत्री थे। मामला तूल पकड़ने पर मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने उन्हें पद से हटा दिया था।

संदीप कुमार को पिछले साल नंवबर में एक लाख रुपये के निजी मुचलके और उतनी ही रकम की जमानत राशि पर जमानत मिली थी. कोर्ट  ने कुमार को निर्देश दिया था कि वह अपना पासपोर्ट जमा करें और गवाहों को प्रभावित नहीं करें. उन्हें तीन सितंबर को गिरफ्तार किया गया था और तब से वह हिरासत में थे.

कुमार ने इस आधार पर जमानत की मांग की थी कि मामले में जांच पूरी हो चुकी है और उनसे हिरासत में पूछताछ करने की और आवश्यकता नहीं है. पुलिस ने उनकी जमानत याचिका का विरोध किया था. उन्होंने कहा था कि वह प्रभावशाली व्यक्ति हैं और जांच को प्रभावित कर सकते हैं.

पुलिस ने दावा किया था कि पीड़िता उसी इलाके में रहती है जिसका कुमार प्रतिनिधित्व करते हैं और अगर उन्हें जेल से रिहा किया जाता है तो वह सबूतों के साथ छेड़छाड़ कर सकते हैं.

कुमार ने राहत की मांग की. उन्होंने कहा कि वह पिछले दो महीने से हिरासत में हैं और प्राथमिकी दर्ज किए जाने के समय से उनका आचरण सही रहा है और उन्होंने खुद पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण किया था.


Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक और गूगल प्लस पर ज्वॉइन करें, ट्विटर पर फॉलो करे...

Advertisement