NDTV Khabar

Joseph Antoine Ferdinand Plateau 218th Birthday: कौन थे जोसेफ एंटोइन फर्डिनेंड प्‍लेट्यू? जानिए 5 खास बातें

Joseph Antoine Ferdinand Plateau: दुनिया को चलती तस्वीरों का तोहफा देने वाले थे महान भौतिकशास्त्री जोसेफ एंटोइन फर्डिनेंड प्‍लेट्यू (Joseph Antoine Ferdinand Plateau). आज उनकी 218वीं जयंती है.

 Share
ईमेल करें
टिप्पणियां
Joseph Antoine Ferdinand Plateau 218th Birthday: कौन थे जोसेफ एंटोइन फर्डिनेंड प्‍लेट्यू? जानिए 5 खास बातें

Google Doodle: दुनिया को सिनेमा देने वाले जोसेफ प्‍लेट्यू को गूगल ने डूडल पर किया याद

Joseph Antoine Ferdinand Plateau's 218th Birth Anniversary: सिनेमा और वीडियो हमारी जिंदगी का अभिन्न अंग बन चुके हैं. इसकी शुरुआत इतनी आसान नहीं थी. काफी मेहनत और संघर्ष के बाद दुनिया को सिनेमा और वीडियो मिला. दुनिया को चलती तस्वीरों का तोहफा देने वाले थे महान भौतिकशास्त्री जोसेफ एंटोइन फर्डिनेंड प्‍लेट्यू (Joseph Antoine Ferdinand Plateau). आज उनकी 218वीं जयंती (Joseph Plateau's 218th Birth Anniversary) है. गूगल आज डूडल (Google Doodle) बनाकर उनका बर्थडे सेलीब्रेट कर रहा है. गूगल ने भी इसी आविष्कार के आधार पर डूडल बनाया है. डूडल में आप देखा सकते हैं कि एक डिस्क घूम रही है. जोसेफ प्लेट्यू (Joseph Plateau) पहले शख्स थे, जिन्होंने दुनिया के सामने पहली बार चलचित्र पेश किया था. आइए जानते हैं जोसेफ एंटोइन फर्डिनेंड प्‍लेट्यू के बारे में खास बातें...

जोसेफ एंटोइन फर्डिनेंड प्‍लेट्यू के बारे में खास बातें: (Who Is Joseph Antoine Ferdinand Plateau)

j9jm25sg

1. जोसेफ प्लेट्यू (Joseph Antoine Ferdinand Plateau) का जन्म 1801 को बेल्जियम के ब्रसेल्स में हुआ. 1829 में उन्होंने भौतिक और गणितीय विज्ञान से स्नातक की उपाधि ली. 1827 में ब्रसेल्स में बच्चों को गणित पढ़ाया और 1835 में गेंट यूनिवर्सिटी में फिजिक्स के प्रोफेसर बन गए.

2. शुरुआत में जोसेफ प्लेट्यू ने कानून की पढ़ाई की थी, लेकिन बाद में उन्होंने फिजियोलॉजिकल ऑप्टिक्स का अध्ययन किया. 1832 में उन्होंने फोनकिस्टी स्कोप का आविष्कार किया. फोनकिस्टी स्कोप वो चीज है जिससे चलती हुई तस्वीरों का भ्रम होता है. आगे चलकर इसी से आधुनिक सिनेमा का जन्म हुआ.

3. उन्होंने अपने शोध में बताया कि हमारी आंखों के रेटिना पर तस्वीर कैसे बनती हैं. कितनी देर तक रेटिना पर टिकी रहती हैं और आंखे कैसे रंग और गहराई समझ पाती हैं.

टिप्पणियां

4. गूगल ने भी इसी आविष्कार के आधार पर डूडल बनाया है. डूडल में आप देखा सकते हैं कि एक डिस्क घूम रही है.

5. गूगल के मुताबिक, जोसेफ प्‍लेट्यू के आंखों की रोशनी चली गई थी. देख न पाने के बाद भी उन्होंने विज्ञान का काम जारी रखा. आंखें जाने के बाद उन्होंने अपने बेटे और दामाद की मदद ली थी.



Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक पर लाइक और ट्विटर पर फॉलो करें.


Advertisement