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इस बीजेपी प्रत्याशी के गले में मालाओं के साथ डाल दिया गया जूते-चप्पलों का हार!

मध्यप्रदेश के धार जिले के धामनोद कस्बे के नगर परिषद चुनाव में अध्यक्ष पद के उम्मीदवार दिनेश शर्मा को करना पड़ा एक बुजुर्ग की नाराजगी का सामना

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इस बीजेपी प्रत्याशी के गले में मालाओं के साथ डाल दिया गया जूते-चप्पलों का हार!

मध्यप्रदेश के धामनोद में निकाय चुनाव में अध्यक्ष पद के बीजेपी प्रत्याशी दिनेश शर्मा को जूते-चप्पलों का हार पहनाया गया.

खास बातें

  1. बीजेपी उम्मीदवार जूते-चप्पलों की माला पहनकर हक्के-बक्के रह गए
  2. वार्ड में पानी की समस्या का समाधान न होने से नाराज था बुजुर्ग
  3. बीजेपी ने वृद्ध की हरकत का ठीकरा कांग्रेस पर फोड़ा
भोपाल:

जनता की नाराजगी कई बार नेताओं पर बड़ी भारी पड़ती है. मध्यप्रदेश के धामनोद कस्बे में रविवार को बीजेपी के एक नेता को एक बुजुर्ग की नाराजगी का सामना ऐसे करना पड़ा जैसा शायद उन्होंने कभी सोचा भी नहीं होगा. नगर परिषद के चुनाव में अध्यक्ष पद के उम्मीदवार यह नेता जब चुनाव प्रचार के लिए निकले तो कई लोगों ने उन्हें फूलों की मालाएं पहनाईं, लेकिन इसी बीच एक बुजुर्ग ने उन्हें जूते-चप्पलों की माला पहना दी.  

धार जिले के धामनौद में नगरीय निकाय के चुनाव हो रहे हैं. इसमें अध्यक्ष पद के लिए भारतीय जनता पार्टी के दिनेश शर्मा उम्मीदवार हैं. शर्मा को रविवार को प्रचार के दौरान अचानक अजीब स्थिति का सामना करना पड़ा. एक वृद्ध व्यक्ति ने उन्हें जूते-चप्पलों की माला पहना दी. बताया जाता है कि यह वृद्ध किसी बात से नाराज था और उसने अपनी नाराजगी जाहिर करने के लिए दिनेश शर्मा को चरण पादुकाओं की माला पहना डाली.

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इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है. बताया जाता है कि धामनोद में दिनेश शर्मा वार्ड क्रमांक एक के गुलझरा इलाके में जनसंपर्क कर रहे थे. इस दौरान उन्हें लोग फूल-मालाएं पहना रहे थे. इसी बीच एक बुजुर्ग ने उनके गले में जूते-चप्पलों की माला डाल दी. वह अपने वार्ड की पानी संबंधी समस्या का निदान न होने से नाराज था. बुजुर्ग के इस कदम से शर्मा हक्के-बक्के रह गए.

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दिनेश शर्मा को जूते-चप्पलों की माला पहनाने वाले परशुराम का दावा है कि वह वर्ष 1955 से भाजपा की विचारधारा से जुड़े हुए हैं. उन्होंने कहा कि पिछली परिषद बीजेपी की थी, तब वार्ड की महिलाएं पानी की समस्या को लेकर अध्यक्ष के निवास पर गई थीं तो उन महिलाओं के खिलाफ मामला दर्ज हो गया था. इन महिलाओं में परशुराम की पत्नी भी थीं. उन्हें रात 11 बजे धरमपुरी थाने जाना पड़ा था. इससे वे नाराज थे.

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बीजेपी के प्रदेश के मुख्य प्रवक्ता दीपक विजयवर्गीय ने बुजुर्ग की इस हरकत का ठीकरा कांग्रेस पर फोड़ते हुए कहा कि "जब कांग्रेस में हताशा व निराशा होती है, तो उसके लोग ऐसी ही साजिश रचते हैं."
(इनपुट आईएएनएस से भी)



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