NDTV Khabar

नोबेल शांति पुरस्कार


'नोबेल शांति पुरस्कार' - 66 न्यूज़ रिजल्ट्स

  • अमेरिका ने चीन पर डाला दबाव, 'लापता' पंचेन लामा को रिहा करो

    अमेरिका ने चीन पर डाला दबाव, 'लापता' पंचेन लामा को रिहा करो

    14 मई, 1995 को नोबेल शांति पुरस्कार विजेता तथा निर्वासित तिब्बती धर्मगुरु दलाई लामा ने छह-वर्षीय गेधुन चोएक्यी नीमा को पंचेन लामा का पुनर्जन्म करार दिया था.

  • JNU Attack: जेएनयू हिंसा के बाद नोबेल विजेता कैलाश सत्‍यार्थी ने पीएम मोदी से की यह अपील...

    JNU Attack: जेएनयू हिंसा के बाद नोबेल विजेता कैलाश सत्‍यार्थी ने पीएम मोदी से की यह अपील...

    JNU Attack: नोबेल शांति पुरस्कार से सम्मानित बाल अधिकार कार्यकर्ता कैलाश सत्यार्थी (Kailash Satyarthi) ने जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) में हिंसा पर दुख जताते हुए सोमवार को कहा कि विश्वविद्यालयों में भय के माहौल के मद्देनजर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) को देश के छात्र संगठनों के साथ सीधा संवाद करना चाहिए.

  • C V Raman: सीवी रमन को 'रमन प्रभाव' के लिए मिला था नोबेल पुरस्कार, जानिए 5 बातें

    C V Raman: सीवी रमन को 'रमन प्रभाव' के लिए मिला था नोबेल पुरस्कार, जानिए 5 बातें

    वैज्ञानिक सीवी रमन की आज पुण्यतिथि (C.V. Raman Death Anniversary) है. भौतिक-शास्त्री सीवी रमन (C.V. Raman) को प्रकाश के क्षेत्र में अपने उत्कृष्ट कार्य के लिए नोबेल पुरस्कार दिया गया था. वह एक मात्र भारतीय हैं जिन्हें विज्ञान का नोबेल पुरस्कार प्राप्त है. विज्ञान के क्षेत्र में भारत को ऊंचाइयों तक ले जाने में उनका काफी बड़ा योगदान रहा है. अपनी खोज 'रमन प्रभाव' के लिए सीवी रमन (CV Raman) को दुनिया भर में जाना जाता है. इस खोज के लिए उन्हें विश्व प्रतिष्ठित नोबेल पुरस्कार से सम्मानित किया गया था. आज रमन प्रभाव के सहारे वैज्ञानिक कई तरह के प्रयोग कर रहे हैं. सीवी रमन को कई पुरस्कारों से सम्मानित किया गया था. उन्हें वर्ष 1929 में नाइटहुड, वर्ष 1954 में भारत रत्न और वर्ष 1957 में लेनिन शांति पुरस्कार से सम्मानित किया गया था. आइये जानते हैं सीवी रमन से जुड़ी 5 बातें...

  • Jawaharlal Nehru: नोबेल पुरस्कार के लिए इन वजहों से 13 बार नॉमिनेट हुए थे पंडित जवाहरलाल नेहरू

    Jawaharlal Nehru: नोबेल पुरस्कार के लिए इन वजहों से 13 बार नॉमिनेट हुए थे पंडित जवाहरलाल नेहरू

    आधुनिक भारत के निर्माता कहे जाने वाले जवाहरलाल नेहरू (Jawaharlal Nehru) ने देश के लिए जो किया उसे कभी भुलाया नहीं जा सकता है. पंडित नेहरू वैश्विक राजनीति महानायकों में से एक हैं. नेहरू की विदेश नीति आज भी कायम हैं. उनका पंचशील का सिद्धांत जिसमें राष्ट्रीय संप्रभुता बनाए रखना और दूसरे राष्ट्र के मामलों में दखल न देने जैसे पांच महत्वपूर्ण शांति-सिद्धांत शामिल थे. पंडित नेहरू (Jawaharlal Nehru) ने शांति बनाए रखने के लिए अनेक प्रयास किए थे. Jawaharlal Nehru nominated 11 times for nobel prize

  • TOP 5 NEWS: दो दिनों के भारत दौरे पर चीन के राष्ट्रपति शी चिनफिंग, इथोपिया के प्रधानमंत्री को मिला नोबल शांति पुरस्कार

    TOP 5 NEWS: दो दिनों के भारत दौरे पर चीन के राष्ट्रपति शी चिनफिंग, इथोपिया के प्रधानमंत्री को मिला नोबल शांति पुरस्कार

    TOP 5 NEWS: नोबेल शांति पुरस्कार (Nobel Peace Prize) की घोषणा कर दी गई है. इथियोपिया के प्रधानमंत्री अबी अहमद अली (Abiy Ahmed ) को नोबेल शांति पुरस्कार मिला है. यह पुरस्कार उनके देश के चिर शत्रु इरिट्रिया के साथ संघर्ष को सुलझाने के लिए दिया गया है.

  • इथियोपिया के प्रधानमंत्री अबी अहमद अली को मिला Nobel Peace Prize 

    इथियोपिया के प्रधानमंत्री अबी अहमद अली को मिला Nobel Peace Prize 

    नोबेल शांति पुरस्कार (Nobel Peace Prize ) की घोषणा कर दी गई है. इथियोपिया के प्रधानमंत्री अबी अहमद अली (Abiy Ahmed ) को नोबेल शांति पुरस्कार मिला है. 

  • Nobel Prize: क्यों दिया जाता है नोबेल पुरस्कार, जानिए इसके बारे में सबकुछ

    Nobel Prize: क्यों दिया जाता है नोबेल पुरस्कार, जानिए इसके बारे में सबकुछ

    नोबेल पुरस्कार (Nobel Prize) अद्वितीय कार्य करने वाले लोगों और संस्थाओं को हर साल दिया जाता है. यह पुरस्कार (Nobel Prize) शांति, साहित्य, भौतिकी, केमिस्ट्री, मेडिसिन और अर्थशास्त्र के क्षेत्र में दिया जाता है. नोबेल पुरस्कारों की स्थापना अल्फ्रेड नोबेल (Alfred Nobel) के वसीयतनामे के अनुसार 1895 में हुई. अल्फ्रेड ने अपनी वसीयत में लिखा कि उनका सारा पैसा नोबेल फाउंडेशन (Nobel Foundation) के नाम कर दिया जाए और इन पैसों से नोबेल पुरस्कार दिया जाए. नोबेल पुरस्कारों का प्रशासकीय कार्य नोबेल फाउंडेशन देखता है.

  • Gandhi Jayanti: आखिर महात्‍मा गांधी को क्‍यों कभी नहीं मिला शांति का नोबेल पुरस्‍कार

    Gandhi Jayanti: आखिर महात्‍मा गांधी को क्‍यों कभी नहीं मिला शांति का नोबेल पुरस्‍कार

    Gandhi Jayanti 2019: राष्ट्रपिता महात्मा गांधी (Mahatma Gandhi) पूरी दुनिया में सत्य और अहिंसा के पुजारी के रूप में जाने जाते हैं. अहिंसा के बल पर देश को अंग्रेजों के शासन से आजाद कराने वाले बापू ने देश में शांति बनाए रखने के लिए क्या कुछ नहीं किया. गांधी जी (Mahatma Gandhi) 20वीं सदी में अहिंसा के सबसे बड़े प्रतीक बने और यही कारण रहा है कि उन्हें कई बार शांति का नोबेल पुरस्कार के लिए नॉमिनेट किया गया. गांधी जी सन 1937, 1938, 1939, 1947 और 1948 में शांति का नोबेल पुरस्कार (Nobel Prize) के लिए नॉमिनेट हुए. लेकिन हैरानी की बात तो यह है कि उन्हें एक बार भी नोबेल शांति पुरस्कार नहीं मिला. Nobelprize.org पर दी गई जानकारी के मुताबिक 1937 में पहली बार नॉर्वे की संसद “स्टॉर्टिंग” के लेबर पार्टी सदस्य ओले कोल्बजोर्नसन ने गांधी (Gandhi) का नाम सुझाया था.

  • मलाला यूसुफजई को हो रही है कश्मीर की फिक्र, 2 पन्नों की चिट्ठी में लिखीं ये बातें

    मलाला यूसुफजई को हो रही है कश्मीर की फिक्र, 2 पन्नों की चिट्ठी में लिखीं ये बातें

    जम्मू-कश्मीर से धारा 370 हटने के बाद नोबेल शांति पुरस्कार से सम्मानित एवं पाकिस्तानी शिक्षा अधिकार कार्यकर्ता मलाला यूसुफजई (Malala Yousafzai) को कश्मीर (Kashmir) की फिक्र हो रही है.

  • कैलाश सत्यार्थी ने कहा- गोडसे ने गांधी के शरीर की हत्या की लेकिन प्रज्ञा ठाकुर ने तो उनकी आत्मा की हत्या कर दी

    कैलाश सत्यार्थी ने कहा- गोडसे ने गांधी के शरीर की हत्या की लेकिन प्रज्ञा ठाकुर ने तो उनकी आत्मा की हत्या कर दी

    नाथूराम गोडसे पर बीजेपी नेता साध्वी प्रज्ञा ठाकुर के दिए बयान के बाद यह मामला तूल पकड़ता जा रहा है. अब इस मामले में नोबेल पुरस्कार विजेता कैलाश सत्यार्थी का बयान सामने आया है. उन्होंने ट्विटर पर लिखा, गोडसे ने गांधी के शरीर की हत्या की थी, लेकिन प्रज्ञा जैसे लोग उनकी आत्मा की हत्या के साथ, अहिंसा, शांति, सहिष्णुता और भारत की आत्मा की हत्या कर रहे हैं.

  • 'नोबेल शांति पुरस्कार' के बहाने इमरान खान ने अलापा कश्मीर राग, बोले- मैं लायक नहीं लेकिन जो...

    'नोबेल शांति पुरस्कार' के बहाने इमरान खान ने अलापा कश्मीर राग, बोले- मैं लायक नहीं लेकिन जो...

    पाकिस्तानी संसद में इमरान खान (Imran Khan) को नोबेल शांति पुरस्कार देने की मांग उठने के बाद अब खुद इमरान खान ने इसपर बयान दिया है.

  • इमरान खान को नोबेल शांति पुरस्कार के प्रस्ताव पर कुमार विश्वास की चुटकी, बोले- फिर ऑस्कर...

    इमरान खान को नोबेल शांति पुरस्कार के प्रस्ताव पर कुमार विश्वास की चुटकी, बोले- फिर ऑस्कर...

    पाकिस्तान की संसद में प्रधानमंत्री इमरान खान (Imran Khan) को नोबेल शांति पुरस्कार देने की मांग उठने के बाद डॉ. कुमार विश्वास (Dr Kumar Vishvas) ने इस पर चुटकी ली है. कुमार विश्वास ने अपने ट्विटर अकाउंट पर तंज कसते हुए लिखा, ''ऑस्कर क्यों नहीं दे देते''.

  • इमरान खान को मिले नोबेल शांति पुरस्कार- पाकिस्तान की संसद में पेश हुआ प्रस्ताव

    इमरान खान को मिले नोबेल शांति पुरस्कार- पाकिस्तान की संसद में पेश हुआ प्रस्ताव

    Imran Khan : पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान को नोबल शांति पुरस्कार देने की मांग उठी है. इस बाबत एक प्रस्ताव पाकिस्तान की संसद में पेश हुआ है.

  • इन कारणों से महात्मा गांधी को 5 बार नामित होने के बाद भी नहीं मिला था शांति का नोबेल पुरस्कार

    इन कारणों से महात्मा गांधी को 5 बार नामित होने के बाद भी नहीं मिला था शांति का नोबेल पुरस्कार

    महात्मा गांधी (Mahatma Gandhi) को पूरी दुनिया में अहिंसा के सबसे बड़े पुजारी के रूप में जाना जाता है. अहिंसा के बल पर देश को आजादी दिलाने वाले गांधी जी (Gandhi ji) को 5 बार शांति के नोबेल पुरस्कार (Nobel Prize) के लिए नामित किया गया था. लेकिन बापू को 1 बार भी शांति पुरस्कार नहीं दिया गया. महात्मा गांधी  को शांति के नोबेल पुरस्कार के लिए पहली बार 1937 में नामिक किया गया था. Nobelprize.org पर दी गई जानकारी के मुताबिक 1937 में पहली बार नॉर्वे की संसद “स्टॉर्टिंग” के लेबर पार्टी सदस्य ओले कोल्बजोर्नसन ने एमके गांधी का नाम सुझाया था.

  • 'राम मंदिर पर कानून लाए मोदी सरकार': पढ़ें सबरीमाला और अर्बन नक्सल पर मोहन भागवत की 7 बातें

    'राम मंदिर पर कानून लाए मोदी सरकार': पढ़ें सबरीमाला और अर्बन नक्सल पर मोहन भागवत की 7 बातें

    राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के विजयादशमी कार्यक्रम के मौके पर प्रमुख मोहन भागवत ने गुरूवार को सबरीमाला, एससी-एसटी समुदाय, शहरी माओवाद, पाकिस्तान और रक्षा मुद्दे से लेकर राम मंदिर पर अपनी बेबाक राय रखी. संघ प्रमुख मोहन भागवत ने कहा कि देश के रक्षा बलों को सशक्त बनाने और पड़ोसियों के साथ शांति स्थापित करने के बीच संतुलन बनाए रखने की आवश्यकता है. उन्होंने पाकिस्तान का नाम लिए बगैर यह भी कहा कि वहां नई सरकार आ जाने के बावजूद सीमा पर हमले बंद नहीं हुए हैं. वहीं संघ प्रमुख मोहन भागवत ने राम मंदिर को लेकर कहा कि राम मंदिर का बनना गौरव की दृष्टि से आवश्यक है, मंदिर बनने से देश में सद्भावना व एकात्मता का वातावरण बनेगा. गौरतलब है कि आज आरएसएस का स्थापना दिवस कार्यक्रम है, जिसमें नोबेल पुरस्कार विजेता कैलाश सत्यार्थी भी शामिल हुए. तो चलिए पढ़ते हैं कि किन-किन बड़े मुद्दों पर संघ प्रमुख मोहन भागवत ने अपनी बेबाक राय रखी है.

  • October 17: Mother Teresa को आज ही के दिन मिला था शांति का नोबेल पुरस्कार

    October 17: Mother Teresa को आज ही के दिन मिला था शांति का नोबेल पुरस्कार

    मदर टेरेसा (Mother Teresa) को कौन नहीं जानता. मदर टेरेसा कैथोलिक नन थी. उन्होंने गरीबों और बीमारी से पीड़ित रोगियों के लिए अपना पूरा जीवन समर्पित कर दिया था. मदर टेरेसा दुनिया के लिए शांति की दूत थीं. उन्हें साल 1979 में 17 अक्टूबर (October 17) को नोबेल शांति पुरस्कार (Nobel Prize) मिला था. मदर टेरेसा के विचारों ने समाज में शांति और प्रेम बनाए रखने का काम किया है. 

  • कांगो के डॉ मुकवेगे और यजीदी दुष्कर्म पीड़िता नादिया मुराद को शांति का नोबेल पुरस्कार

    कांगो के डॉ मुकवेगे और यजीदी दुष्कर्म पीड़िता नादिया मुराद  को शांति का नोबेल पुरस्कार

    विश्व के सर्वोच्च नोबल शांति पुरस्कार(Nobel Peace Prize for 2018) के विजेताओं के नाम की घोषणा हो गई है. वर्ष 2018 के नोबल शांति पुरस्कार के लिए कांगो के डॉ मुकवेगे और यजीदी दुष्कर्म पीड़िता नादिया मुराद को चुना गया है.

  • क्या सच में डोनाल्ड ट्रंप को मिलेगा नोबेल शांति पुरस्कार? रिपब्लिकन सांसदों ने किया नामांकित

    क्या सच में डोनाल्ड ट्रंप को मिलेगा नोबेल शांति पुरस्कार? रिपब्लिकन सांसदों ने किया नामांकित

    रिपब्लिकन सांसदों के एक समूह ने इस वर्ष के नोबेल शांति पुरस्कार के लिए कोरियाई युद्ध को समाप्त करने के वास्ते किये गये कार्यों के लिए राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को नामांकित किया है. ट्रंप ने उत्तर कोरियाई नेता किम जोंग उन से मुलाकात करने का आमंत्रण स्वीकार कर लिया है. अमेरिका और उत्तर कोरिया के नेताओं के बीच इस तरह की यह पहली बैठक होगी. 

Advertisement

 
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com