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Ayodhya issue


'Ayodhya issue' - 57 न्यूज़ रिजल्ट्स

  • अयोध्या विवाद: मध्यस्थता कमेटी आज से शुरू करेगी सुनवाई, सुरक्षा के कड़े इंतजाम

    अयोध्या विवाद: मध्यस्थता कमेटी आज से शुरू करेगी सुनवाई, सुरक्षा के कड़े इंतजाम

    मध्यस्थता के जरिए अयोध्या मामले को सुलझाने के लिए सुप्रीम कोर्ट द्वारा गठित तीन सदस्यीय कमेटी मंगलवार को अयोध्या पहुंची. आज से इस मामले पर सुनवाई शुरू हो रही है. मध्यस्थता की मदद से कई सालों से अटके इस विवाद को निपटाने की कवायद की जा रही है. बुधवार को बातचीत के लिए 25 लोगों को बुलाया गया है. अवध यूनिवर्सिटी के इंजिनियरिंग कैंपस स्थित गेस्ट हाउस में कमेटी के ठहरने का इंतजाम किया गया हैं

  • अयोध्या विवाद का पूरा इतिहास, जानें अब तक क्या-क्या हुआ, 25 बड़ी बातें

    अयोध्या विवाद का पूरा इतिहास, जानें अब तक क्या-क्या हुआ, 25 बड़ी बातें

    अयोध्या में मंदिर मस्जिद के लिए मुकदमा लड़ते सवा सौ साल हो गया है. इस एक मुद्दे ने बड़े बड़े नेता बना दिए. सरकारें बना दीं और सरकारें गिरा दीं. सुप्रीम कोर्ट ने राजनीतिक दृष्टि से संवेदनशील राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद भूमि विवाद का सर्वमान्य समाधान खोजने के लिये शुक्रवार को शीर्ष अदालत के पूर्व न्यायाधीश एफएमआई कलीफुल्ला की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय मध्यस्थता समिति गठित कर दी. इस समिति को आठ सप्ताह के भीतर मध्यस्थता की कार्यवाही पूरी करनी है. प्रधान न्यायाधीश रंजन गोगोई की अध्यक्षता वाली पांच सदस्यीय संविधान पीठ ने अपने आदेश में कहा कि मध्यस्थता के लिये गठित समिति के अन्य सदस्यों में आध्यात्मिक गुरू श्री श्री रविशंकर और वरिष्ठ अधिवक्ता श्रीराम पांचू शामिल हैं. पीठ ने कहा कि समिति, आवश्यकता हो तो, इसमें और सदस्य शामिल कर सकती है. संविधान पीठ के अन्य सदस्यों में न्यायमूर्ति एस ए बोबडे, न्यायमूर्ति धनन्जय वाई चन्द्रचूड़, न्यायमूर्ति अशोक भूषण और न्यायमूर्ति एस अब्दुल नजीर शामिल हैं.

  • अयोध्या : मंदिर-मस्जिद विवाद पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले की 5 बड़ी बातें

    अयोध्या : मंदिर-मस्जिद विवाद पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले की 5 बड़ी बातें

    सुप्रीम कोर्ट ने राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद विवाद मामले में महत्वपूर्ण फैसला सुनाते हुए मध्यस्थता के जरिए इस मसले को सुलझाने का आदेश दिया है. माना जा रहा है कि बातचीत से सालों से चले रहे इस विवाद का निपटारा किया जा सकता है. हालांकि कोर्ट से इतर भी कई बार बातचीत की कोशिश हो चुकी है. लेकिन इस मुद्दे को लेकर सभी पक्षों को मनाना आसान नहीं काम नहीं था. हालांकि इस फैसले के पहले भी सुप्रीम कोर्ट ने मध्यस्थता की बात कई बार कह चुका है. आज आया फैसला कई मायनों में अहम है क्योंकि इस बातचीत कोर्ट की निगरानी में होगी. बातचीत के लिए एक समिति का गठन किया गया है. जिससे अध्यक्ष मोहम्मद इब्राहिम खलीफुल्ला हैं. वह 22 जुलाई को 2016 को सुप्रीम कोर्ट के जज के तौर पर रिटायर हुए थे. इसके अलावा धार्मिक गुरु श्री श्री रविशंकर और वरिष्ठ वकील श्रीराम पंचू मध्यस्थता समिति में शामिल हैं.

  • जो बाबर ने किया, वह अब बदल नहीं सकते: पढ़ें अयोध्या मामले पर सुप्रीम कोर्ट ने क्या-क्या कहा

    जो बाबर ने किया, वह अब बदल नहीं सकते: पढ़ें अयोध्या मामले पर सुप्रीम कोर्ट ने क्या-क्या कहा

    अयोध्या मामले (Ayodhya Case) में मध्यस्थता पर सुप्रीम कोर्ट ने अपना फैसला सुरक्षित रख लिया है. चीफ जस्टिस रंजन गोगोई (CJI Ranjan Gogoi) की अगुवाई में पांच जजों की संविधान पीठ ने इस मामले की बुधवार को सुनवाई की. हालांकि, अभी सुप्रीम कोर्ट ने यह नहीं बताया कि वह इस पर फैसला कब सुनाएगी. सुनवाई के दौरान जहां मुस्लिम पक्ष मध्यस्थता के लिए तैयार दिखा, वहीं हिंदू महासभा और रामलला पक्ष ने इस पर सवाल उठाए. हिंदू महासभा ने कहा कि जनता मध्यस्थता के फैसले को नहीं मानेगी. सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) ने पिछली सुनवाई के दौरान सुझाव दिया था कि दोनों पक्षकार बातचीत का रास्ता निकालने पर विचार करें. अगर एक फीसदी भी बातचीत की संभावना हो तो उसके लिए कोशिश होनी चाहिए.

  • राम जन्मभूमि विवाद पर बोले CM योगी: 24 घंटे में फैसला आ जाना चाहिए, 25वां घंटा लगना ही नहीं चाहिए

    राम जन्मभूमि विवाद पर बोले CM योगी: 24 घंटे में फैसला आ जाना चाहिए, 25वां घंटा लगना ही नहीं चाहिए

    उत्तर प्रदेश विधानसभा में राज्यपाल के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव के चर्चा के जवाब देते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि राम जन्मभूमि एक आस्था से जुड़ा विषय है और न्यायालय को भी जन आस्था का सम्मान करते हुए 24 घंटे के भीतर इसपर अपना फैसला सुना देना चाहिए.

  • अयोध्या विवाद : मोदी सरकार ने सुप्रीम कोर्ट से मांगी 67 एकड़ जमीन, अर्जी की 5 बड़ी बातें

    अयोध्या विवाद : मोदी सरकार ने सुप्रीम कोर्ट से मांगी 67 एकड़ जमीन, अर्जी की 5 बड़ी बातें

    केंद्र ने अयोध्या में विवादास्पद राम जन्मभूमि बाबरी मस्जिद स्थल के पास अधिग्रहण की गई 67 एकड़ जमीन को उसके मूल मालिकों को लौटाने की अनुमति मांगने के लिये न्यायालय का दरवाजा खटखटाया है. लोकसभा चुनाव से पहले मोदी सरकार की यह कोशिश एक चुनावी दांव के तौर पर देखा जा रहा है. बीजेपी महासचिव राम माधव ने मोदी सरकार के इस कदम को 'बहुप्रतीक्षित' बताया है. वहीं विश्व हिंदू परिषद (विहिप) ने सरकार के इस कदम का स्वागत किया है. विहिप ने कहा कि यह सही दिशा में उठाया गया कदम है.  वहीं सुप्रीम कोर्ट में बार-बार सुनवाई टलने के मुद्दे पर केंद्रीय कानून मंत्री रवि शंकर प्रसाद ने सोमवार को कहा था कि अयोध्या ममाला जो करीब 70 सालों से लंबित है, उसकी जल्द सुनवाई होनी चाहिए क्योंकि देश के लोग वहां एक भव्य राम मंदिर का निर्माण होने की उम्मीद कर रहे हैं, जहां कभी बाबरी मस्जिद हुआ करती थी.  प्रसाद ने कहा, "अयोध्या मामला पिछले 70 सालों से लंबित है. (2010 में) इलाहाबाद उच्च न्यायालय का आदेश मंदिर के पक्ष में था, लेकिन अब यह मामला सर्वोच्च न्यायालय में विचाराधीन है. इस मामले का जल्द निपटारा होना चाहिए." फिलहाल अब देखने वाली बात यह कोर्ट सरकार की ओर से दायर इस याचिका पर क्या कहता है.

  • अयोध्या मामले में मोदी सरकार भी पहुंची सुप्रीम कोर्ट, कहा- विवाद सिर्फ 0.313 एकड़ का, बाकी जमीन वापस हो

    अयोध्या मामले में मोदी सरकार भी पहुंची सुप्रीम कोर्ट,  कहा- विवाद सिर्फ 0.313 एकड़ का, बाकी जमीन वापस हो

    लोकसभा चुनाव से पहले अयोध्या मुद्दे पर अब मोदी सरकार भी कोर्ट पहुंच गई है. केंद्र सरकार की ओर से दाखिल की गई अर्जी में मांग की गई है कि  67 एकड़ जमीन का सरकार ने अधिग्रहण किया था जिसपर सुप्रीम कोर्ट ने यथास्थिति बरकरार रखने का आदेश दिया था.

  • अयोध्या मामले पर बोले सीएम योगी आदित्यनाथ: मसला हमें सौंप दें, समाधान 24 घंटे के भीतर कर देंगे 25 नहीं होने देंगे

    अयोध्या मामले पर बोले सीएम योगी आदित्यनाथ: मसला हमें सौंप दें, समाधान 24 घंटे के भीतर कर देंगे 25 नहीं होने देंगे

    उत्तर पदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 24 घंटे के भीतर अयोध्या विवाद का निपटारा करने का दावा किया है. उन्होंने कहा कि राम मंदिर मसले पर लोगों का धैर्य समाप्त हो रहा है और सुप्रीम कोर्ट इस विवाद पर जल्द आदेश देने में असमर्थ है.

  • 'राम का मंदिर अयोध्या में नहीं बनेगा तो कहां बनेगा': कांग्रेस

    'राम का मंदिर अयोध्या में नहीं बनेगा तो कहां बनेगा': कांग्रेस

    अयोध्या में राम मंदिर निर्माण को लेकर कांग्रेस की ओर से बड़ा बयान आया है. अयोध्या में राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद भूमि विवाद मामला सुप्रीम कोर्ट द्वारा नई बेंच के पास भेजने बाद यूपी कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष राज बब्बर ने कहा कि रा मंदिर अयोध्या में नहीं बनेगा तो कहां बनेगा.

  • राम मंदिर पर बोले फारूक अब्दुल्ला: ...तो मैं भी एक पत्थर लगाने जाऊंगा अयोध्या

    राम मंदिर पर बोले फारूक अब्दुल्ला: ...तो मैं भी एक पत्थर लगाने जाऊंगा अयोध्या

    अयोध्या में जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद भूमि विवाद मामला सुप्रीम कोर्ट द्वारा नई बेंच के पास भेजने के फैसले के बाद जम्मू एवं कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री डॉ फारुक अब्दुल्ला ने कहा कि अयोध्या मुद्दे पर बैठकर हल निकाला जाना चाहिए. उन्होंने कहा कि भगवान राम सारी दुनिया के हैं, सिर्फ हिंदुओं के नहीं. इसे कोर्ट में क्यों घसीटा जा रहा है. बता दें कि सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को कहा कि उसके द्वारा गठित एक 3 जजों की नई बेंच यानी उपयुक्त पीठ राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद भूमि मालिकाना विवाद मामले की सुनवाई की तारीख तय करने के लिए 10 जनवरी को आदेश देगी. 

  • आधा मिनट हुई अयोध्या मामले की सुनवाई, अब नई बेंच में जाएगा मामला, 10 बड़ी बातें

    आधा मिनट हुई अयोध्या मामले की सुनवाई, अब नई बेंच में जाएगा मामला, 10 बड़ी बातें

    अयोध्या मामले की सुनवाई अब 10 जनवरी को नई बेंच करेगी और तीन जजों की इस पीठ का गठन 10 जनवरी से पहले कर दिया जाएगा. सुप्रीम कोर्ट के प्रधान न्यायाधीश रंजन गोगोई की बेंच ने मुश्किल से आधा मिनट की सुनवाई में कहा कि मई बेंच अब इस मामले में अब आगे की आदेश जारी करेगी. इसके साथ ही यह भी साफ हो गया है कि नई बेंच ही तय करेगी कि मामले की सुनवाई कब से की जाए और यह भी फैसला करेगी मामले की सुनवाई नियमित की जाएगी या नहीं. आपको बता दें कि वकील हरी नाथ राम ने याचिका में कहा है कि इस मामले की अनिश्चितकाल के लिए टाला नहीं जा सकता और सुप्रीम कोर्ट को इस पर जल्द सुनवाई करे.

  • कपिल सिब्बल का PM मोदी पर पलटवार- जनवरी से नवंबर के बीच मैं अयोध्या पर हुई सुनवाई में पेश नहीं हुआ

    कपिल सिब्बल का PM मोदी पर पलटवार- जनवरी से नवंबर के बीच मैं अयोध्या पर हुई सुनवाई में पेश नहीं हुआ

    कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और वकील कपिल सिब्बल ने कहा है कि अयोध्या मामले में वह कांग्रेस की ओर से नहीं इस मामले के पक्षकार की ओर से पेश हुए थे. उन्होंने कहा पीएम को इस बात की जानकारी भी नहीं है.

  • धर्म संसद से पहले मोदी सरकार पर बरसे उद्धव ठाकरे, कहा- मंदिर नहीं बनाया तो यह सरकार दोबारा नहीं बनेगी

    धर्म संसद से पहले मोदी सरकार पर बरसे उद्धव ठाकरे, कहा- मंदिर नहीं बनाया तो यह सरकार दोबारा नहीं बनेगी

    उन्होंने इस दौरान केंद्र सरकार पर हमला करते हुए कहा कि बीते चार साल में सरकार ने एक बार भी ऐसी कोशिश नहीं की कि वह राम मंदिर का निर्माण हो. अब जब चुनाव नजदीक है तो वह हिन्दुओं की भावनाओं से खेल रही है. उन्होंने इस दौरान पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को भी याद किया. उद्धव ने कहा कि अटल जी ने कहा था कि हिंदू मात नहीं खाएगा. मैं मानता हूं कि उस समय अटल जी की मिली जुली सरकार थी इसलिए चाह कर भी राम मंदिर के लिए कुछ नहीं कर पाए लेकिन अब तो केंद्र में पूर्ण बहुमत की सरकार है.

  • अयोध्या में आज VHP की धर्म संसद में राम मंदिर को लेकर हो सकता है बड़ा ऐलान, 10 बड़ी बातें...

    अयोध्या में आज VHP की धर्म संसद में राम मंदिर को लेकर हो सकता है बड़ा ऐलान, 10 बड़ी बातें...

    अयोध्या में रविवार को विश्व हिंदू परिषद की धर्म संसद आयोजित होनी है. इसके लिए अयोध्या छावनी में तब्दील हो गई है. चप्पे-चप्पे पर सुरक्षाबलों के तैनाती की गई है. धर्मसभा के आयोजकों की ओर से आज तीन लाख राम भक्तों की भीड़ जुटने का दावा किया जा रहा है. निगरानी के लिए ड्रोन कैमरे लगाए गए हैं. उत्तर प्रदेश पुलिस के एक अफसर के मुताबिक, सुरक्षा के लिए एक अपर पुलिस महानिदेशक, एक पुलिस उप-महानिरीक्षक, तीन वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, 10 अपर पुलिस अधीक्षक, 21 पुलिस उपाधीक्षक, 160 इंस्पेक्टर, 700 कांस्टेबल, 42 कंपनी पीएसी, पांच कंपनी आरएएफ, एटीएस कमांडो और ड्रोन तैनात किए गए हैं. अयोध्या के मेयर ऋषिकेश उपाध्याय ने  बताया कि पुलिस और जिला प्रशासन ने सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम किए हैं. उन्होंने बताया कि धर्मसभा के मद्देनजर 13 जगहों पर पार्किंग की व्यवस्था की गयी है. वहीं शनिवार को शिवसेना का यहां कार्यक्रम हुआ था. शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे ने अयोध्या में सभा को संबोधित करते हुए कहा था है कि वो सोए हुए कुंभकर्ण को जगाने आए हैं. उन्होंने कहा था कि सबको मिलकर राम मंदिर बनाना है...

  • अयोध्या में सुरक्षा व्यवस्था पर मुस्लिम पक्षकार इकबाल अंसारी ने की योगी की तारीफ, लेकिन मंशा पर उठाए सवाल

    अयोध्या में सुरक्षा व्यवस्था पर मुस्लिम पक्षकार इकबाल अंसारी ने की योगी की तारीफ, लेकिन मंशा पर उठाए सवाल

    राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद मामले में पक्षकार इकबाल अंसारी ने शनिवार को अयोध्या में विश्व हिन्दू परिषद (विहिप) की धर्मसभा के मद्देनजर किये गये सुरक्षा प्रबन्धों पर संतोष जाहिर किया, मगर निषेधाज्ञा लागू होने के बावजूद इतनी बड़ी भीड़ जमा करने की मंशा पर सवाल भी उठाये. अयोध्या में राम मंदिर निर्माण की मांग तेज करने के लिये शिवसेना और विहिप ने अलग-अलग कार्यक्रम आयोजित किये हैं.

  • 5 बड़ी खबरें : ठाकरे के पहुंचने से पहले अयोध्या किले में तब्दील, जामा मस्जिद पर साक्षी महाराज का चौंकाने वाला दावा

    5 बड़ी खबरें : ठाकरे के पहुंचने से पहले अयोध्या किले में तब्दील, जामा मस्जिद पर साक्षी महाराज का चौंकाने वाला दावा

    ध्यप्रदेश विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण ने एक रिपोर्टर द्वारा सर्जिकल स्ट्राइक को लेकर पूछे गए सवाल पर कुछ ऐसा जवाब दिया जिसे सुनकर वहां मौजूद सभी लोग हक्के बक्के रह गए.

  • अयोध्या में धर्म सभा से BJP विधायक के बोल: जरूरत पड़ी तो संविधान ताक पर रखकर दोहराएंगे 1992 का इतिहास

    अयोध्या में धर्म सभा से BJP विधायक के बोल: जरूरत पड़ी तो संविधान ताक पर रखकर दोहराएंगे 1992 का इतिहास

    लोकसभा चुनाव 2019 से पहले अयोध्या में राम मंदिर निर्माण को लेकर हलचल तेज हो गई है. राम जन्मभूमि और बाबरी मस्जिद का मामला भले ही अभी सुप्रीम कोर्ट में विचाराधीन हो, मगर नेताओं के जुबान लगातार चल रहे हैं. दरअसल, अयोध्या में राम मंदिर निर्माण को लेकर विश्व हिंदू परिषद द्वारा 25 नवंबर को धर्म सभा के आयोजन से पहले भाजपा विधायक सुरेन्द्र सिंह ने गुरुवार को कहा कि जरूरत पड़ने पर उस दिन संविधान ताक पर रखकर 1992 का इतिहास दोहराया जाएगा. 

  • धर्म सभा से पहले किले में तब्दील अयोध्या, जय श्रीराम का नारा लगा पहुंच रहे शिवसैनिक, PAC की 42 कंपनियां तैनात

    धर्म सभा से पहले किले में तब्दील अयोध्या, जय श्रीराम का नारा लगा पहुंच रहे शिवसैनिक, PAC की 42 कंपनियां तैनात

    इसके अलावा बड़ी संख्या में शिवसेना के कार्यकर्ता भी ट्रेन अयोध्या पहुंचने लगे हैं. विश्व हिंदू परिषद ने भी सभी लोगों से अयोध्या पहुंचने की अपील की है. अयोध्या मुद्दा गरमाने के बाद यहां फिर से 1992 जैसे हालात बनते दिखने रहे हैं. अयोध्या में भारी संख्या में लोगों की उपस्थिति को देखते हुए भारी संख्या में सुरक्षाकर्मियों की तैनाती की गई है.