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Cases against mp mla


'Cases against mp mla' - 3 न्यूज़ रिजल्ट्स

  • MP/MLA का आपराधिक मामला: सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र से कहा- 11 स्पेशल फास्ट ट्रैक काफी नहीं

    MP/MLA का आपराधिक मामला: सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र से कहा- 11 स्पेशल फास्ट ट्रैक काफी नहीं

    MP/MLA के आपराधिक मामलों के लिए स्पेशल फास्ट ट्रैक कोर्ट का मामले में सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार से कहा कि 11 स्पेशल फास्ट ट्रैक काफी नहीं हैं. कोर्ट ने केंद्र को कहा कि वो तमाम राज्य सरकारों को और फंड मुहैया कराए ताकि अन्य राज्यों में भी फास्ट ट्रैक कोर्ट की संख्या और बढाई जा सके. सुप्रीम कोर्ट ने वकील विजय हंसारिया को केस में एमिक्स क्यूरी नियुक्त किया. वो तमाम राज्यों द्वारा दाखिल हलफनामों से एक चार्ज बनाकर कोर्ट को देंगे. इसमें राज्यों में लंबित मामलों और निपटाए गए मामलों की जानकारी होगी. 

  • लोकतंत्र के 'मंदिर' में बैठे हैं 30 फीसदी दागी सांसद, सबसे ज्यादा BJP नेताओं के दामन हैं दागदार

    लोकतंत्र के 'मंदिर' में बैठे हैं 30 फीसदी दागी सांसद, सबसे ज्यादा BJP नेताओं के दामन हैं दागदार

    देश की सियासत में राजनेताओं और अपराध का 'चोली-दामन' का साथ रहा है. देश में ऐसी कोई भी राजनीतिक पार्टियां नहीं, जो पूरी तरह से अपराध मुक्त छवि की हो. यानी उनके किसी भी एक नेता पर अपराध के मामले दर्ज नहीं हों. यही वजह है कि राजनीति में अपराधीकरण के मामले पर अपने फैसले में भले ही सुप्रीम कोर्ट ने दागी सांसदों, विधायकों को अयोग्य ठहराने से इनकार कर दिया, मगर कोर्ट ने स्पष्ट रूप से कहा कि अब संसद के भीतर कानून बनाना इसकी जरूरत है. दरअसल, राजनीति में अपराधीकरण को लेकर सुप्रीम कोर्ट की पांच जजों की संविधान पीठ ने मंगलवार को अयोग्य ठहराने से इनकार कर दिया. इस मामले पर फैसला देते हुए सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि वक्त आ गया है कि संसद ये कानून लाए ताकि अपराधी राजनीति से दूर रहें. राष्ट्र तत्परता से संसद द्वारा कानून का इंतजार कर रहा है. कोई ने कहा है कि सिर्फ़ आरोप तय होने से किसी को अयोग्य करार नहीं दिया जा सकता है और बिना सज़ा के चुनाव लड़ने पर रोक नहीं लगाई जा सकती है. साथ ही कोर्ट ने सभी राजनीतिक दलों को चुनाव लड़ रहे उनके जिन उम्मीदवारों पर आपराधिक मामले दर्ज हैं, उनकी जानकारी वेबसाइटों और इलेक्ट्रॉनिक व प्रिंट, दोनों मीडिया में सार्वजनिक करने के निर्देश दिए. 

  • बिहार में सांसद-विधायकों के खिलाफ सबसे ज्यादा आपराधिक मामले, केंद्र ने SC को दी जानकारी

    बिहार में सांसद-विधायकों के खिलाफ सबसे ज्यादा आपराधिक मामले, केंद्र ने SC को दी जानकारी

    MP और MLA के खिलाफ फ़ास्ट ट्रैक कोर्ट बनाने के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि यूपी और तमिलनाडु समेत जिन राज्यों ने स्पेशल कोर्ट गठन और केसों को लेकर जानकारी नही दी है उन राज्यों के मुख्य सचिव और हाई कोर्ट के रजिस्ट्रार हलफ़नामा दायर कर जानकारी दें. हलफनामे में केंद्र ने कोर्ट को बताया कि अभी तक दिल्ली समेत 11 राज्यों से मिले आंकडों के मुताबिक फिलहाल MP-MLA के खिलाफ 1233 केस इन 12 स्पेशल फास्ट ट्रैक कोर्ट में ट्रांसफर किए गए हैं.